मोक्ष रथ शुभारंभ इंदौर में महावीर ट्रस्ट द्वारा गणतंत्र दिवस पर मानव सेवा की एक सशक्त और प्रेरणादायक पहल का शुभारंभ।
राजेश जैन दद्दू
इंदौर*
मोक्ष रथ शुभारंभ इंदौर: सेवा की नई शुरुआत
मोक्ष रथ शुभारंभ इंदौर में गणतंत्र दिवस के पावन अवसर पर मानव सेवा की दिशा में एक अत्यंत सराहनीय और संवेदनशील पहल के रूप में किया जा रहा है।
महावीर ट्रस्ट, मध्यप्रदेश दिगंबर जैन सोशल ग्रुप फेडरेशन एवं दिगंबर जैन समाज सामाजिक संसद के संयुक्त तत्वावधान में यह सेवा समाज एवं आमजन के लिए समर्पित की जा रही है।
गणतंत्र दिवस पर मानव सेवा का संदेश
26 जनवरी का दिन केवल राष्ट्रीय पर्व ही नहीं, बल्कि सेवा, समर्पण और संवैधानिक मूल्यों को जीने का अवसर भी है।
मोक्ष रथ शुभारंभ इंदौर इसी भावना को साकार करता है—जहाँ अंतिम यात्रा को सम्मान, गरिमा और निःशुल्क सुविधा के साथ पूर्ण करने का संकल्प लिया गया है।
कार्यक्रम का विवरण: स्थान, समय और अतिथि
स्थान
महावीर कीर्ति स्तंभ,
महावीर ट्रस्ट कार्यालय, इंदौर
समय
सुबह 9:30 बजे
मुख्य अतिथि
समाज श्रेष्ठी श्री गोलू भाई बदलिया, कोलकाता
विशिष्ट अतिथि
युवा समाजसेवी एवं समाज गौरव
श्री स्वप्निल जैन कोठारी
धर्म समाज प्रचारक राजेश जैन दद्दू एवं
महावीर ट्रस्ट के अध्यक्ष अमित कासलीवाल की गरिमामयी उपस्थिति में यह आयोजन संपन्न होगा।
महावीर ट्रस्ट की सामाजिक सेवाएँ
महावीर ट्रस्ट वर्षों से सेवा के क्षेत्र में सक्रिय है।
मोक्ष रथ शुभारंभ इंदौर उसी सेवा श्रृंखला की एक महत्वपूर्ण कड़ी है।
प्रमुख सेवाएँ:
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विकलांग सहायता केंद्र
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महावीर फिजियोथैरेपी केंद्र
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महावीर डेंटल क्लिनिक
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महावीर गर्ल्स हॉस्टल
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महावीर चेस सेंटर
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महावीर शिक्षा योजना
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महावीर मेडिकल इक्विपमेंट सेवा
मोक्ष रथ: समाज के लिए क्यों आवश्यक
सम्मानजनक अंतिम यात्रा
मोक्ष रथ (शव वाहन) समाज के हर वर्ग के लिए निःशुल्क एवं सुलभ रहेगा।
मानवता का सच्चा रूप
मोक्ष रथ शुभारंभ इंदौर यह दर्शाता है कि सेवा केवल जीवन तक सीमित नहीं—अंतिम क्षणों में भी करुणा आवश्यक है।
समाजजनों से सहभागिता का आह्वान
अमित कासलीवाल ने बताया कि समाज से प्राप्त निरंतर सहयोग ही ट्रस्ट की सबसे बड़ी शक्ति है।
उन्होंने सभी समाजजनों से आग्रह किया कि वे इस पुण्य कार्य में उपस्थित होकर अपनी सहभागिता दर्ज कराएँ।
निष्कर्ष: पुण्य और सेवा का अवसर
मोक्ष रथ शुभारंभ इंदौर केवल एक सेवा नहीं—यह संवेदना, संस्कार और समाजिक उत्तरदायित्व का प्रतीक है।
गणतंत्र दिवस पर यह पहल मानवता के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है।
