महंत रामेश्वर गिरी महाराज का झकनावदा में भव्य स्वागत, नई जिम्मेदारी मिलने के बाद प्रथम धाम आगमन पर उमड़ा श्रद्धा का सैलाब
श्री पंचदशनाम जूना अखाड़ा में महत्वपूर्ण दायित्व मिलने के बाद पहुंचे श्री श्रृंगेश्वर धाम, श्रद्धालुओं ने पारंपरिक रीति-रिवाजों से किया अभिनंदन
झकनावदा : प्रतिनिधि मनीष कुमट। श्री श्रृंगेश्वर धाम के गादीपति एवं पूज्य संत Mahant Rameshwar Giri जी महाराज को श्री पंचदशनाम जूना अखाड़ा में महत्वपूर्ण दायित्व प्राप्त होने के बाद प्रथम बार धाम आगमन पर श्रद्धालुओं और गुरु भक्तों द्वारा भव्य स्वागत किया गया। झकनावदा स्थित शनि मंदिर परिसर में आयोजित स्वागत कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय श्रद्धालु, सामाजिक कार्यकर्ता और क्षेत्रवासी उपस्थित रहे।
महंत रामेश्वर गिरी महाराज के आगमन के साथ ही पूरे परिसर में श्रद्धा और उत्साह का वातावरण देखने को मिला। गुरु भक्तों ने पारंपरिक परंपरा का निर्वहन करते हुए उनका साफा बंधवाकर और पुष्पमालाएं पहनाकर आत्मीय स्वागत किया। इस दौरान श्रद्धालुओं ने जयकारों के साथ अपनी प्रसन्नता व्यक्त की।
जयकारों से गूंज उठा शनि मंदिर परिसर
महंत रामेश्वर गिरी महाराज के स्वागत के दौरान शनि मंदिर परिसर “हर-हर महादेव” और “महंत रामेश्वर गिरी महाराज की जय” के उद्घोषों से गुंजायमान हो उठा। श्रद्धालुओं ने संत के प्रति अपनी आस्था और सम्मान व्यक्त करते हुए उनका अभिनंदन किया।
उपस्थित श्रद्धालुओं ने कहा कि महंत रामेश्वर गिरी महाराज को मिला यह महत्वपूर्ण दायित्व केवल श्री श्रृंगेश्वर धाम के लिए ही नहीं, बल्कि झाबुआ जिले और पूरे क्षेत्र के लिए गौरव का विषय है। उन्होंने कहा कि संत का आध्यात्मिक मार्गदर्शन, धर्म जागरण और समाज सेवा के क्षेत्र में योगदान लगातार प्रेरणादायी रहा है।
धर्म और समाजसेवा के कार्यों को मिलेगी नई दिशा
श्रद्धालुओं ने कहा कि महंत रामेश्वर गिरी महाराज को श्री पंचदशनाम जूना अखाड़ा में मिला महत्वपूर्ण दायित्व पूरे क्षेत्र के लिए गर्व और सम्मान का विषय है। उन्होंने कहा कि संत का आध्यात्मिक मार्गदर्शन, सरल स्वभाव और समाजसेवा के प्रति समर्पण लंबे समय से लोगों को प्रेरित करता रहा है।
श्रद्धालुओं का मानना है कि महंत रामेश्वर गिरी महाराज के नेतृत्व में धार्मिक गतिविधियों के साथ-साथ सामाजिक सेवा के कार्यों को भी नई दिशा और ऊर्जा मिलेगी। उनके मार्गदर्शन में धर्म जागरण, संस्कारों के संरक्षण, सामाजिक समरसता और लोककल्याण से जुड़े कार्यों को और अधिक प्रभावी तरीके से आगे बढ़ाया जा सकेगा।
उन्होंने कहा कि संतों की भूमिका समाज को सही मार्ग दिखाने और लोगों में सेवा एवं सद्भाव की भावना विकसित करने में महत्वपूर्ण होती है। महंत श्री को मिली नई जिम्मेदारी से श्री श्रृंगेश्वर धाम सहित पूरे झाबुआ क्षेत्र का गौरव बढ़ा है।
श्रद्धालुओं ने महंत रामेश्वर गिरी महाराज के सफल कार्यकाल, उत्तम स्वास्थ्य और दीर्घायु की कामना करते हुए उन्हें शुभकामनाएं प्रेषित कीं।
Mahant Rameshwar Giri महाराज ने जताया आभार
स्वागत कार्यक्रम के दौरान महंत रामेश्वर गिरी जी महाराज ने सभी गुरु भक्तों और श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि उन्हें मिला सम्मान और दायित्व गुरुजनों के आशीर्वाद, भगवान श्री श्रृंगेश्वर महादेव की कृपा और श्रद्धालुओं के प्रेम का परिणाम है।
उन्होंने कहा कि वह समाजहित, धर्म जागरण और लोककल्याण के कार्यों को और अधिक गति देने के लिए निरंतर प्रयास करेंगे। संत ने सभी श्रद्धालुओं से सेवा, संस्कार और सामाजिक समरसता के मार्ग पर आगे बढ़ने का आह्वान किया।
बड़ी संख्या में श्रद्धालु रहे उपस्थित
कार्यक्रम में क्षेत्र के कई गणमान्य नागरिक, सामाजिक कार्यकर्ता और गुरु भक्त उपस्थित रहे। सभी ने महंत रामेश्वर गिरी महाराज को नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दीं और उनके उत्तम स्वास्थ्य एवं दीर्घायु की कामना की।
इस अवसर पर वरिष्ठ समाजसेवी श्रेणिक कोठारी, हेमेंद्र कुमार जोशी, महेंद्र राठौर, गोपाल राठौड़, प्रकाश राठौड़, नारायण प्रजापत, सुरेश राठौड़, नंदलाल बर्फा, मनोहर सिंह राठौर, हरिराम पडियार, राधेश्याम देवड़ा, राजेंद्र मिस्त्री, लाला पंवार, दिलीप राठौड़, पंकज राठौड़ सहित अनेक श्रद्धालु एवं क्षेत्रवासी मौजूद रहे।
महंत रामेश्वर गिरी महाराज के स्वागत कार्यक्रम ने क्षेत्र में धार्मिक आस्था और सामाजिक एकजुटता का संदेश दिया।
