जैतवारा विद्युत विभाग के JE के तत्काल ट्रांसफर की मांग तेज, 21 सितम्बर को बड़ा आंदोलन
दैनिक वाणी सतना – से दीपांशु गौतम की रिपोर्ट
जैतवारा/सतना। जैतवारा क्षेत्र में लगातार हो रही अघोषित विद्युत कटौती और विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली से नाराज होकर जागरूक जैतवारा जन आवाज संगठन ने बड़ा आंदोलन करने का ऐलान किया है। संगठन की ओर से डॉ. सत्यप्रकाश त्रिपाठी के नेतृत्व में 21 सितम्बर 2026 को जैतवारा विद्युत विभाग के वर्तमान JE के ट्रांसफर को लेकर ज्ञापन सौंपा जाएगा।
क्या है पूरा मामला?
संगठन का कहना है कि जैतवारा और ग्रामीण क्षेत्रों में पिछले कई महीनों से बिना किसी पूर्व सूचना के घंटों बिजली कटौती की जा रही है। इससे किसानों की फसलें, छात्रों की पढ़ाई और आम नागरिकों का रोजमर्रा का जीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। कई बार शिकायत के बाद भी समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ है, जिससे क्षेत्र में लोगों का धैर्य अब जवाब देने लगा है।
JE की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल
नागरिकों ने वर्तमान JE श्री सुनील मिश्रा पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि उनकी कार्यप्रणाली से क्षेत्र में व्यापक असंतोष व्याप्त है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बार-बार शिकायत दर्ज कराने के बावजूद न तो बिजली कटौती की समस्या का समाधान हुआ और न ही विभाग की ओर से संतोषजनक जवाब मिला। इसी नाराजगी के चलते संगठन ने JE के तत्काल ट्रांसफर की मांग उठाई है।
जागरूक जैतवारा जन आवाज संगठन का नेतृत्व
इस पूरे आंदोलन का नेतृत्व डॉ. सत्यप्रकाश त्रिपाठी कर रहे हैं, जिनके मार्गदर्शन में संगठन ने विद्युत विभाग की खामियों को उजागर करने तथा नागरिकों की समस्याओं को प्रशासन तक पहुंचाने का बीड़ा उठाया है। संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि यह आंदोलन पूर्णतः शांतिपूर्ण तरीके से आयोजित किया जाएगा, ताकि प्रशासन तक जनता की आवाज प्रभावी ढंग से पहुंच सके।
21 सितम्बर को सौंपा जाएगा ज्ञापन
संगठन ने बताया कि 21 सितम्बर 2026 को बड़ी संख्या में ग्रामीणों एवं क्षेत्रवासियों की उपस्थिति में विद्युत विभाग के उच्च अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा जाएगा। ज्ञापन में मुख्य रूप से वर्तमान JE के तत्काल स्थानांतरण, अघोषित बिजली कटौती पर रोक तथा क्षेत्र में नियमित एवं सुचारू विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग की जाएगी।
आंदोलन को लेकर बढ़ता जन समर्थन
क्षेत्र के किसानों, छात्रों एवं आम नागरिकों में इस आंदोलन को लेकर व्यापक समर्थन देखा जा रहा है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते विभाग द्वारा उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, तो आगामी दिनों में आंदोलन को और भी बड़े स्तर पर विस्तारित किया जाएगा।
