ईशा कोप्पिकर का ‘अंधभक्त’ बयान: ‘मेरी निष्ठा भारत के प्रति, किसी राजनीतिक पार्टी के लिए नहीं’; कंगना रनौत ने किया समर्थन
एक्ट्रेस Isha Koppikar इन दिनों अपने एक बयान को लेकर चर्चा में हैं। सोशल मीडिया पर साझा किए गए एक वीडियो में ईशा ने खुद को ‘अंधभक्त’ कहे जाने पर अपनी बात रखी। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी भक्ति किसी राजनीतिक दल या नेता के प्रति नहीं, बल्कि अपने देश भारत के प्रति है। ईशा ने कहा कि अगर देश से प्यार करने और उसे तरक्की करते देखने को ‘भक्ति’ कहा जाता है, तो उन्हें ‘भक्त’ कहलाने में कोई आपत्ति नहीं है।
‘देश से प्यार करना है तो भक्त कहलाने में गर्व’
ईशा कोप्पिकर ने अपने वीडियो में कहा कि उन्हें लोग अक्सर ‘अंधभक्त’ कहकर तंज कसते हैं। उन्होंने इस शब्द को लेकर अपना पक्ष रखते हुए कहा कि यदि अपने देश से प्यार करना और उसे आगे बढ़ते देखना भक्ति है, तो वह खुद को भक्त कहे जाने पर गर्व महसूस करती हैं।
हालांकि, ईशा ने यह भी साफ किया कि उनकी ‘अंधी भक्ति’ किसी राजनीतिक पार्टी के लिए नहीं है। उनके मुताबिक, उनकी प्राथमिकता देश है और वह सरकार की नीतियों पर सवाल उठा सकती हैं या किसी फैसले से असहमत हो सकती हैं। इसके बावजूद देश के प्रति उनका प्यार और सम्मान कम नहीं होगा।
‘मेरी वफादारी किसी राजनीतिक पार्टी के लिए नहीं’
ईशा ने अपने बयान में देश और राजनीति के बीच अंतर को स्पष्ट करने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि किसी सरकार या राजनीतिक दल का समर्थन करना और देश से प्यार करना दो अलग-अलग बातें हैं।
एक्ट्रेस के मुताबिक, वह सरकार की किसी नीति से असहमत होने का अधिकार रखती हैं। उनका मानना है कि देश के हित में सवाल उठाना भी नागरिक जिम्मेदारी का हिस्सा है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि देश सबसे पहले आता है।
भारत को अपना घर मानती हैं ईशा
ईशा ने भारत के प्रति अपने जुड़ाव की वजह भी बताई। उन्होंने कहा कि यही वह देश है जहां उन्होंने काम किया, कमाया और उन्हें आगे बढ़ने के अवसर मिले। इसलिए उन्हें अपने देश पर गर्व करने में कोई झिझक नहीं है।
उन्होंने लोगों से उस जगह का सम्मान करने की अपील की जिसे वे अपना घर मानते हैं। साथ ही उन्होंने कहा कि केवल देश से प्यार करने की बात कहना पर्याप्त नहीं है, बल्कि देश को बेहतर बनाने में अपना योगदान देना भी जरूरी है।
कंगना रनौत ने किया Isha Koppikar का समर्थन
ईशा कोप्पिकर के वीडियो पर बीजेपी सांसद और एक्ट्रेस कंगना रनौत ने भी प्रतिक्रिया दी। कंगना ने ईशा की बातों का समर्थन करते हुए उनका वीडियो अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर शेयर किया।
कंगना ने ईशा की बात को अच्छी तरह समझाया गया विचार बताया और अपने अनुभव भी साझा किए। उन्होंने कहा कि उन्होंने अपने जीवन में कई मौकों पर उन चीजों के खिलाफ आवाज उठाई है जिनसे वह सहमत नहीं थीं।
कंगना ने गिनाए विरोध के पुराने उदाहरण
कंगना रनौत ने अपनी प्रतिक्रिया में अपने पुराने अनुभवों का जिक्र किया। उन्होंने स्कूल के दौरान बच्चों के साथ मारपीट करने वाले एक शिक्षक के खिलाफ विरोध करने से लेकर 26/11 मुंबई आतंकी हमले और निर्भया मामले के खिलाफ प्रदर्शन का उल्लेख किया।
कंगना का कहना था कि किसी व्यक्ति का देश से प्रेम करने का अर्थ यह नहीं है कि वह हर व्यक्ति, संस्था या सरकार के हर फैसले से सहमत हो। उन्होंने अपने परिवार और निजी जीवन से जुड़े उदाहरण भी साझा किए और बताया कि मुश्किल परिस्थितियों में उन्होंने अपने परिवार को बेहतर स्थिति में पहुंचाने के लिए काम करने पर जोर दिया।
‘मुझे अपने देश और लोगों से प्यार है’
कंगना ने ईशा के बयान का समर्थन करते हुए कहा कि वह भी अपने देश और अपने लोगों से प्यार करती हैं। उनकी प्रतिक्रिया का मुख्य संदेश यही रहा कि देशभक्ति को किसी एक राजनीतिक विचारधारा या दल तक सीमित नहीं किया जाना चाहिए।
ईशा और कंगना की यह बातचीत सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गई है। दोनों अभिनेत्रियों ने अपने-अपने अंदाज में यह बात रखी कि सरकार या राजनीतिक दल की आलोचना और देश के प्रति प्रेम एक-दूसरे के विरोधी नहीं हैं।
सोशल मीडिया पर चर्चा में आया बयान
ईशा कोप्पिकर का वीडियो सामने आने के बाद ‘अंधभक्त’, देशभक्ति और राजनीतिक समर्थन को लेकर सोशल मीडिया पर बहस शुरू हो गई। उनके बयान का केंद्र राजनीतिक दल के बजाय देश के प्रति निष्ठा रहा।
वहीं, कंगना रनौत के समर्थन ने इस मुद्दे को और चर्चा में ला दिया। दोनों अभिनेत्रियों के बयानों में यह बात प्रमुखता से सामने आई कि किसी व्यक्ति को अपने देश से प्यार करने के लिए किसी राजनीतिक पार्टी का समर्थक होना जरूरी नहीं है।
