Indore मेट्रो को बड़ी राहत: सुपर कॉरिडोर पर पार्किंग निर्माण शुरू, यात्रियों की लंबे समय से चली आ रही समस्या होगी खत्म
Indore में मेट्रो यात्रियों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। लंबे समय से मेट्रो स्टेशनों पर पार्किंग की कमी से जूझ रहे यात्रियों की समस्या अब जल्द खत्म होने जा रही है। सुपर कॉरिडोर क्षेत्र में मेट्रो स्टेशनों के पास पार्किंग निर्माण का काम औपचारिक रूप से शुरू कर दिया गया है।
यह कदम Indore विकास प्राधिकरण (IDA) और नगर निगम के बीच सहमति बनने के बाद उठाया गया है, जिसके तहत मेट्रो परियोजना को आवश्यक भूमि उपलब्ध कराई गई है।
सुपर कॉरिडोर पर आठ स्टेशनों के लिए मिली जमीन
Indore मेट्रो अधिकारियों के अनुसार, सुपर कॉरिडोर पर गांधीनगर से भौंरासला चौराहा तक बन रहे आठ मेट्रो स्टेशनों के लिए जमीन इंदौर विकास प्राधिकरण (IDA) द्वारा उपलब्ध कराई गई है।
इसके अलावा चंद्रगुप्त चौराहा से मालवीय नगर तक के लगभग छह स्टेशनों के लिए नगर निगम ने सहयोग करते हुए भूमि दी है। इससे अब पूरे मेट्रो नेटवर्क के स्टेशनों पर पार्किंग सुविधा विकसित करने का रास्ता साफ हो गया है।
यात्रियों की सबसे बड़ी समस्या थी पार्किंग की कमी
अब तक मेट्रो स्टेशनों पर सबसे बड़ी समस्या पार्किंग की ही थी। कई जगहों पर केवल दोपहिया वाहनों के लिए भी सीमित जगह उपलब्ध थी। मजबूरी में लोग अपने वाहन फुटपाथ और सड़क किनारे खड़े करने को विवश थे, जिससे यातायात व्यवस्था भी प्रभावित हो रही थी।
कुछ स्टेशनों पर तो पार्किंग के लिए बिल्कुल भी जगह नहीं थी, जिसके चलते यात्रियों और स्थानीय संगठनों ने कई बार विरोध भी दर्ज कराया था।
मेट्रो प्रबंधन ने भी इस समस्या को स्वीकार किया था, लेकिन जमीन की अनुपलब्धता के कारण निर्माण कार्य आगे नहीं बढ़ पा रहा था।
शासन के हस्तक्षेप के बाद शुरू हुआ काम
लगातार उठ रहे सवालों और दबाव के बाद राज्य शासन ने मामले में हस्तक्षेप किया। इसके बाद इंदौर नगर निगम और आईडीए ने मिलकर जमीन उपलब्ध कराने का फैसला लिया।
जमीन मिलते ही मेट्रो प्रशासन ने टेंडर प्रक्रिया पूरी कर ली और कई स्थानों पर पार्किंग निर्माण का काम शुरू कर दिया गया है। खासकर सुपर कॉरिडोर-6 स्टेशन के पास निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है।
सुपर कॉरिडोर पर तेजी से विकास
सुपर कॉरिडोर क्षेत्र को मेट्रो का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है। जैसे-जैसे इस क्षेत्र में व्यावसायिक गतिविधियां और आईटी संस्थान विकसित हो रहे हैं, यात्रियों की संख्या में भी बढ़ोतरी हो रही है।
इसी को ध्यान में रखते हुए यहां पार्किंग सुविधा को प्राथमिकता दी गई है, ताकि भविष्य में किसी तरह की अव्यवस्था न हो।
मेट्रो अधिकारियों का कहना है कि आने वाले समय में यात्रियों को स्टेशन के आसपास वाहन पार्क करने के लिए भटकना नहीं पड़ेगा, बल्कि उन्हें व्यवस्थित और सुरक्षित पार्किंग सुविधा मिलेगी।
भविष्य में बढ़ेगा यात्री दबाव
विशेषज्ञों का मानना है कि सुपर कॉरिडोर क्षेत्र में मेट्रो शुरू होने के बाद यात्रियों की संख्या तेजी से बढ़ेगी। आईटी कंपनियों, ऑफिस और शैक्षणिक संस्थानों के कारण यह क्षेत्र शहर का प्रमुख ट्रांजिट हब बन सकता है।
ऐसे में पार्किंग व्यवस्था का मजबूत होना बेहद जरूरी है। इसी को ध्यान में रखते हुए निर्माण कार्य को प्राथमिकता दी जा रही है।
भोपाल मेट्रो प्रोजेक्ट भी तेजी पर
दूसरी ओर राज्य की राजधानी में भी मेट्रो परियोजना तेजी से आगे बढ़ रही है। भोपाल में ऑरेंज लाइन का करीब 15 किलोमीटर हिस्सा करोंद चौराहे को एम्स से जोड़ने की दिशा में काम चल रहा है।
सुभाष नगर से एम्स तक का एलिवेटेड सेक्शन पहले ही दिसंबर 2025 में शुरू किया जा चुका है। अब लक्ष्य है कि अगले दो वर्षों में ऑरेंज और ब्लू दोनों लाइनों का पूरा कार्य पूरा कर लिया जाए।
निष्कर्ष
Indore में मेट्रो परियोजना के तहत पार्किंग सुविधा शुरू होना यात्रियों के लिए बड़ी राहत साबित होगा। लंबे समय से चली आ रही अव्यवस्था और वाहन पार्किंग की समस्या अब धीरे-धीरे खत्म होने की ओर है। सुपर कॉरिडोर पर शुरू हुआ यह काम भविष्य में शहर की ट्रैफिक व्यवस्था को भी काफी हद तक सुधारने में मदद करेगा।
