MP News: रंगपंचमी की गेर को निशाना बनाने की साजिश नाकाम, नेपाल-बिहार से आए 20 संदिग्ध गिरफ्तार
मध्यप्रदेश के Indore में आयोजित होने वाली ऐतिहासिक रंगपंचमी की गेर के दौरान बड़ी आपराधिक वारदात को पुलिस ने समय रहते नाकाम कर दिया। पुलिस की सतर्कता और मुखबिर की सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए छोटी ग्वालटोली क्षेत्र के एक होटल से नेपाल और बिहार से जुड़े 20 संदिग्ध लोगों को गिरफ्तार किया गया है। सभी आरोपियों के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करते हुए उन्हें जेल भेज दिया गया है।
पुलिस के अनुसार यह गिरोह रंगपंचमी की गेर में शामिल लोगों की सोने की चेन लूटने की योजना बनाकर इंदौर पहुंचा था। यदि समय रहते पुलिस को सूचना नहीं मिलती तो लाखों रुपये के गहनों की चोरी या लूट की बड़ी वारदात हो सकती थी।
मुखबिर की सूचना पर शुरू हुई कार्रवाई
जोन-3 के डीसीपी राजेश व्यास ने बताया कि पुलिस को एक मुखबिर से सूचना मिली थी कि छोटी ग्वालटोली क्षेत्र के एक होटल में कुछ संदिग्ध लोग ठहरे हुए हैं। उनकी गतिविधियां संदिग्ध लग रही थीं और वे किसी बड़ी वारदात की योजना बना रहे हो सकते हैं।
सूचना मिलते ही पुलिस ने संदिग्धों के मोबाइल नंबरों को सर्विलांस पर लिया। तकनीकी जांच में सामने आया कि सभी लोग दिल्ली से फ्लाइट के जरिए इंदौर पहुंचे थे। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई की योजना बनाते हुए पलासिया थाना, छोटी ग्वालटोली थाना और क्राइम ब्रांच की संयुक्त टीम बनाई।
होटल में सर्चिंग कर पकड़े गए 20 संदिग्ध
पुलिस टीम ने छोटी ग्वालटोली क्षेत्र में स्थित होटल गौरव और होटल नीलम में सर्चिंग अभियान चलाया। इस दौरान वहां से कुल 20 संदिग्ध व्यक्तियों को हिरासत में लिया गया।
पुलिस द्वारा पूछताछ किए जाने पर आरोपी अपने इंदौर आने का संतोषजनक कारण नहीं बता सके। उन्होंने पुलिस को बताया कि वे रंगपंचमी की गेर देखने के लिए इंदौर आए हैं, लेकिन उनकी गतिविधियां और आपसी बातचीत पुलिस को संदिग्ध लगी।
इसके बाद सभी के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करते हुए उन्हें गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया।
रंगपंचमी की गेर में चेन लूटने की थी योजना
पुलिस के अनुसार प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि यह गिरोह रंगपंचमी की गेर में शामिल भीड़ को निशाना बनाने की योजना बना रहा था। गेर के दौरान हजारों लोग एक साथ सड़कों पर निकलते हैं और भीड़भाड़ का फायदा उठाकर ऐसे गिरोह आसानी से चेन स्नैचिंग या चोरी की घटनाओं को अंजाम दे देते हैं।
सूत्रों के मुताबिक इस गिरोह के सदस्य खास तौर पर महंगी सोने की चेन पहनने वाले लोगों को निशाना बनाते हैं। भीड़ के बीच अचानक धक्का-मुक्की कर चेन खींचकर फरार हो जाना इनका सामान्य तरीका होता है।
दिल्ली से फ्लाइट के जरिए पहुंचे थे Indore
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी पहले दिल्ली पहुंचे और वहां से फ्लाइट के जरिए इंदौर आए थे। पुलिस का मानना है कि यह गिरोह संगठित तरीके से अलग-अलग शहरों में होने वाले बड़े आयोजनों को निशाना बनाता है।
इंदौर की रंगपंचमी गेर देशभर में प्रसिद्ध है और इसमें हजारों की संख्या में लोग शामिल होते हैं। इसी भीड़ का फायदा उठाकर यह गिरोह बड़ी चोरी या लूट की वारदात को अंजाम देने की योजना बना रहा था।
पहले भी कर चुके हैं चोरी की घटनाएं
पुलिस जांच में यह जानकारी भी सामने आई है कि इसी गैंग ने उत्तराखंड के नैनीताल में आयोजित नंदा देवी फेस्टिवल के दौरान करीब एक दर्जन लोगों की सोने की चेन चोरी की थी। इससे यह आशंका और मजबूत हो गई कि यह गिरोह पेशेवर अपराधियों का समूह है जो भीड़भाड़ वाले धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों को निशाना बनाता है।
पुलिस अब इस गिरोह के आपराधिक रिकॉर्ड की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि उन्होंने देश के अन्य शहरों में भी इसी तरह की वारदातों को अंजाम दिया है या नहीं।
नेपाल और बिहार पुलिस को भेजा गया ईमेल
छोटी ग्वालटोली थाना प्रभारी संजू कामले ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में नेपाल और बिहार के निवासी शामिल हैं। सभी लोग अलग-अलग जगहों से आए थे लेकिन इंदौर में एक साथ होटल में ठहरे हुए थे।
आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड की जानकारी जुटाने के लिए बिहार और नेपाल पुलिस को ईमेल भेजा गया है। वहां से जानकारी मिलने के बाद उनके पुराने मामलों की भी जांच की जाएगी।
पिछली गेर में भी हुई थीं कई चोरी की घटनाएं
पुलिस के अनुसार पिछली बार रंगपंचमी की गेर के दौरान करीब 60 सोने की चेन चोरी होने की घटनाएं सामने आई थीं। इन मामलों में कई एफआईआर भी दर्ज की गई थीं।
ऐसे में इस बार पुलिस पहले से ही सतर्क थी और शहर के होटलों, लॉज और संदिग्ध ठिकानों की नियमित जांच की जा रही थी। इसी सतर्कता के चलते इस बार संभावित बड़ी वारदात को होने से पहले ही रोक दिया गया।
होटल और लॉज की नियमित जांच से टली वारदात
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शहर के होटल और लॉज की नियमित जांच बेहद जरूरी होती है। कई बार बाहर से आने वाले अपराधी इन स्थानों पर ठहरकर शहर में वारदातों की योजना बनाते हैं।
यदि समय-समय पर जांच न की जाए तो ऐसे गिरोह आसानी से अपने मंसूबों को अंजाम दे सकते हैं। इस मामले में भी पुलिस की सतर्कता और समय पर मिली सूचना के कारण बड़ी वारदात टल गई।
शहर में बढ़ाई गई सुरक्षा व्यवस्था
रंगपंचमी के दौरान इंदौर में हजारों लोग गेर में शामिल होते हैं। इस आयोजन को देखते हुए शहर में पहले से ही अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया था। इसके साथ ही सादे कपड़ों में पुलिसकर्मियों को भी भीड़ के बीच तैनात किया गया था ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर नजर रखी जा सके।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शहर में बड़े आयोजनों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी की जाती है ताकि आम नागरिक सुरक्षित माहौल में त्योहारों का आनंद ले सकें।
पुलिस की सतर्कता से टली बड़ी घटना
इस पूरे मामले में पुलिस की त्वरित कार्रवाई और सतर्कता के कारण एक बड़ी आपराधिक साजिश को समय रहते नाकाम कर दिया गया। यदि आरोपी अपनी योजना में सफल हो जाते तो गेर में शामिल लोगों को भारी आर्थिक नुकसान हो सकता था।
फिलहाल पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर रही है और उनके नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश भी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि शहर में किसी भी तरह की आपराधिक गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

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