इंदौर में प्रधानमंत्री आवास योजना PMAY में बड़ा बदलाव: 3 और 4 BHK फ्लैट अब लग्जरी श्रेणी में,
प्रस्तावना
थ्री और फोर बीएचके फ्लैट अब लग्जरी श्रेणी में
नगर निगम के नए नियमों के अनुसार, प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बने बड़े फ्लैट अब सामान्य आवास श्रेणी में नहीं रहेंगे। इन्हें अब लग्जरी श्रेणी में रखा गया है।
इसके तहत:
- थ्री बीएचके और फोर बीएचके फ्लैटों की सीधी बुकिंग बंद
- बिक्री केवल टेंडर प्रक्रिया के जरिए होगी
- इच्छुक खरीदारों को बोली प्रक्रिया में भाग लेना होगा
यह बदलाव पीएमएवाय-2.0 के तहत बनने वाले फ्लैटों पर भी लागू रहेगा।
वन और टू बीएचके की बुकिंग पहले जैसी
नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि छोटे फ्लैटों की व्यवस्था में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
- वन बीएचके और टू बीएचके फ्लैट
- ऑनलाइन 311 ऐप के माध्यम से बुकिंग जारी रहेगी
- पात्र हितग्राहियों को पहले की तरह लाभ मिलता रहेगा
इससे आम और मध्यम वर्ग के लोगों को अपने घर का सपना पूरा करने में सुविधा मिलती रहेगी।
18606 फ्लैट बनाए गए, अधिकांश बिक चुके
प्रधानमंत्री आवास योजना के पहले चरण में इंदौर शहर और आसपास की सरकारी खाली जमीनों पर नगर निगम द्वारा बहुमंजिला आवासीय इकाइयों का निर्माण किया गया।
- कुल फ्लैट: 18,606
- बिक चुके फ्लैट: 17,086
- शेष फ्लैट: लगभग 1,520 (रेरा रजिस्ट्रेशन में अटके)
- कुल 14 साइटों पर निर्माण कार्य हुआ
इन फ्लैटों को बाजार दर से कम कीमत पर उपलब्ध कराया गया ताकि गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों को राहत मिल सके।
बड़े फ्लैटों की बिक्री अब टेंडर से
नगर निगम ने निर्णय लिया है कि थ्री और फोर बीएचके फ्लैटों की बिक्री अब टेंडर प्रक्रिया के माध्यम से की जाएगी।
जल्द ही:
- भूरी टेकरी के 72 फ्लैट
- बड़ा बांगड़दा के 75 थ्री बीएचके फ्लैट
इनकी बिक्री के लिए टेंडर जारी किए जाएंगे।
नगर निगम का मानना है कि इससे पारदर्शिता बढ़ेगी और निर्धारित कीमत से अधिक राजस्व प्राप्त किया जा सकेगा।

फ्लैटों की कीमतें
अपर आयुक्त अर्थ जैन के अनुसार अलग-अलग लोकेशन पर फ्लैटों की कीमत भी अलग रखी गई है:
- भूरी टेकरी थ्री बीएचके: लगभग ₹50 लाख
- बड़ा बांगड़दा थ्री बीएचके: लगभग ₹31.50 लाख
लोकेशन और सुविधाओं के आधार पर कीमतों में अंतर रखा गया है।
PMAY योजना में किए गए अन्य बदलाव
केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री आवास योजना में हाल ही में कई महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं, जिनका असर लाभार्थियों पर पड़ा है।
सब्सिडी में बदलाव
- पहले: CLSS स्कीम के तहत ₹2.67 लाख तक सब्सिडी
- अब: ISS (Interest Subsidy Scheme) के तहत ₹1.80 लाख तक सब्सिडी
इस बदलाव के बाद सब्सिडी की राशि में कमी आई है, लेकिन योजना को अधिक लक्षित और नियंत्रित बनाने पर जोर दिया गया है।
ईडब्ल्यूएस, एलआईजी और एमआईजी वर्ग को लाभ
नई व्यवस्था के तहत:
- ईडब्ल्यूएस (Economically Weaker Section)
- एलआईजी (Low Income Group)
- एमआईजी (Middle Income Group)
श्रेणी के पात्र लाभार्थियों को बैंक लोन पर ब्याज सब्सिडी दी जाएगी, जिससे उनके लिए घर खरीदना आसान हो सके।
पारदर्शिता और राजस्व बढ़ाने का उद्देश्य
नगर निगम का कहना है कि इस नए सिस्टम का मुख्य उद्देश्य:
- आवंटन प्रक्रिया में पारदर्शिता लाना
- भ्रष्टाचार की संभावना को कम करना
- फ्लैटों से अधिक राजस्व प्राप्त करना
- सही खरीदारों तक संपत्ति पहुंचाना
निष्कर्ष
इंदौर में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बड़े फ्लैटों की बिक्री नीति में यह बदलाव एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। जहां एक ओर वन और टू बीएचके फ्लैट आम जनता के लिए सुलभ बने रहेंगे, वहीं थ्री और फोर बीएचके फ्लैट अब लग्जरी श्रेणी में टेंडर के जरिए बेचे जाएंगे।
यह नई व्यवस्था न केवल पारदर्शिता बढ़ाएगी, बल्कि नगर निगम की आय में भी वृद्धि कर सकती है। साथ ही, योजना का उद्देश्य—हर व्यक्ति को आवास उपलब्ध कराना—पहले की तरह जारी रहेगा।
