—Advertisement—

इंदौर साइबर फ्रॉड: “मोबाइल अपडेट” के नाम पर 3 लाख की ठगी, यह गलती न करें!

Author Picture
Published On: 7 April 2026
4413703 indore cyber fraud

—Advertisement—

इंदौर वालों सावधान! साइबर ठगों ने ठगी का एक नया तरीका ईजाद कर लिया है। “Mobile Update” का मैसेज आते ही सावधान हो जाइए, क्योंकि एक छोटी सी गलती आपको 3 लाख रुपये तक का नुकसान पहुंचा सकती है। इंदौर के राजेंद्र नगर थाना क्षेत्र में इसी बहाने एक व्यक्ति से करीब 3 लाख रुपये की ठगी कर ली गई। आइए जानते हैं पूरा मामला और बचने के उपाय।

क्या है पूरा मामला? (इंदौर साइबर फ्रॉड)

इंदौर साइबर फ्रॉड का यह मामला इंदौर के राजेंद्र नगर थाना क्षेत्र के केसरबाग रोड का है। यहां रहने वाले कपिल पटेल (बदला हुआ नाम) नामक व्यक्ति के साथ ऑनलाइन धोखाधड़ी की वारदात हुई। साइबर ठगों ने उन्हें “Mobile Software Update” का झांसा देकर उनके बैंक खाते से तीन लाख रुपये उड़ा लिए। यह घटना Indore Crime News में सुर्खियां बन चुकी है और लोगों के लिए एक गंभीर चेतावनी है।

कैसे हुई Indore Cyber Fraud की यह वारदात?

पीड़ित कपिल पटेल के मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर से एक मैसेज आया। इस मैसेज में दावा किया गया कि उनके फोन का सॉफ्टवेयर पुराना हो गया है और तुरंत मोबाइल अपडेट करना जरूरी है, नहीं तो फोन खराब हो सकता है। मैसेज के साथ एक लिंक भी था।

  • गलती नंबर 1: बिना सोचे-समझे, पीड़ित ने उस लिंक पर क्लिक कर दिया।

  • गलती नंबर 2: लिंक पर क्लिक करते ही एक अज्ञात एप्लीकेशन (ऐप) डाउनलोड होनी शुरू हो गई।

साइबर ठगों का नया तरीका: Mobile Update Scam

यह कोई सामान्य ठगी नहीं बल्कि एक तकनीकी रूप से प्रशिक्षित Mobile Update Scam है। पीड़ित के अनुसार, जैसे ही उसने लिंक पर क्लिक किया, एक ऐप डाउनलोड होनी शुरू हुई जो 97 प्रतिशत तक पहुंच गई। इसके बाद फोन हैंग हो गया और वह लगातार तीन दिनों तक “अपडेट होने” की स्थिति में रहा।

वास्तव में, यह ऐप एक रेमोट एक्सेस ट्रोजन (RAT) था। इस ऐप के जरिए साइबर ठगों ने पीड़ित के फोन पर पूरा कंट्रोल हासिल कर लिया। वे उनके ओटीपी (OTP), बैंकिंग ऐप्स और अन्य गोपनीय जानकारियां देख रहे थे, जबकि पीड़ित को लग रहा था कि उसका फोन अपडेट हो रहा है।

पीड़ित को कब हुआ धोखे का एहसास?

तीन दिनों तक फोन “अपडेट” होता रहा और बीच-बीच में अपने आप बंद भी होता रहा। जब फोन सामान्य हुआ, तो पीड़ित को कुछ अजीब नोटिफिकेशन दिखे। उसे तुरंत अपने बैंक खाते में शक हुआ। जब वह बैंक पहुंचा, तो उसके पैरों तले जमीन खिसक गई। उसके खाते से तीन अलग-अलग ट्रांजैक्शन के जरिए एक-एक लाख रुपये, यानि कुल 3 लाख रुपये निकाले जा चुके थे। तब तक बहुत देर हो चुकी थी।

पुलिस की कार्रवाई और जांच

पीड़ित की शिकायत पर राजेंद्र नगर थाना पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अब उन बैंक खातों की जानकारी जुटा रही है, जिनमें यह रकम ट्रांसफर हुई है। साथ ही, साइबर सेल की टीम उस लिंक और ऐप की तकनीकी जांच कर रही है ताकि आरोपियों तक पहुंचा जा सके। पुलिस का कहना है कि ठग अक्सर खाते खोलने के लिए फर्जी या गुमनाम दस्तावेजों का इस्तेमाल करते हैं, जिससे उनका पता लगाना मुश्किल हो जाता है।

इंदौर साइबर फ्रॉड
               इंदौर साइबर फ्रॉड

 सरकार और साइबर सेल की अपील

इस बढ़ती Indore Cyber Fraud की घटनाओं को देखते हुए साइबर सेल ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। उनका कहना है कि कोई भी बैंक या मोबाइल कंपनी कभी भी फोन अपडेट के लिए लिंक नहीं भेजती है। सभी अपडेट सीधे फोन की ‘सेटिंग्स’ में जाकर किए जाते हैं।

ऐसे ठगी से कैसे बचें? (बचाव के टिप्स)

इंदौर साइबर फ्रॉड से बचने के लिए निम्नलिखित बातों का ध्यान रखें:

  • कभी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें: चाहे मैसेज कितना भी जरूरी क्यों न लगे, बिना पुष्टि के लिंक पर क्लिक न करें।
  • ऐप्स सिर्फ ऑफिशियल स्टोर से डाउनलोड करें: Google Play Store या Apple App Store के बाहर से कोई भी ऐप डाउनलोड करना खतरनाक हो सकता है।
  • फोन अपडेट खुद करें: कोई भी सिस्टम अपडेट आप फोन की ‘Settings’ > ‘Software Update’ में जाकर खुद करें।
  • दो-स्तरीय प्रमाणीकरण (2FA) चालू करें: अपने बैंकिंग और सोशल मीडिया अकाउंट्स पर 2FA जरूर लगाएं।
  • बैंक स्टेटमेंट चेक करते रहें: हर 2-3 दिन में अपने बैंक अकाउंट की गतिविधियों को जरूर देखें।

8. क्या करें अगर आपके साथ हो जाए साइबर फ्रॉड?

अगर आपके साथ ऐसा कुछ होता है, तो तुरंत नीचे दिए गए स्टेप्स फॉलो करें:

  • तुरंत 1930 पर कॉल करें: यह राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर है। जल्दी कॉल करने से लेन-देन को रोका जा सकता है।
  • बैंक को सूचित करें: अपने बैंक के कस्टमर केयर नंबर पर कॉल करके कार्ड/अकाउंट को फ्रीज करवाएं।
  • शिकायत दर्ज कराएं: www.cybercrime.gov.in पर जाकर या नजदीकी साइबर सेल में जाकर शिकायत दर्ज कराएं।
  • सबूत सेव करें: मैसेज के स्क्रीनशॉट और लेन-देन की जानकारी जरूर सेव करके रखें।
Related News

1 thought on “इंदौर साइबर फ्रॉड: “मोबाइल अपडेट” के नाम पर 3 लाख की ठगी, यह गलती न करें!”

Comments are closed.

Breaking News हमेशा आपके पास

SwarajVani App Install करें

Latest India News & Breaking Updates — सीधे Home Screen पर

Offline पढ़ें Breaking Alerts बिल्कुल Free
SwarajVani को iPhone पर install करें:
📤 Share बटन दबाएं → "Add to Home Screen" select करें
Home
Web Stories
Instagram
WhatsApp