Indore में 103.55 ग्राम एमडी ड्रग्स के साथ आरोपी गिरफ्तार, अंतरराज्यीय सप्लाई नेटवर्क की जांच तेज
Indore में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ क्राइम ब्रांच ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 103.55 ग्राम एमडी ड्रग्स के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार जब्त ड्रग्स की अनुमानित कीमत करीब 10 लाख 30 हजार रुपए है। आरोपी की पहचान इंदौर निवासी अयाज हुसैन के रूप में हुई है। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर सोमवार सुबह शाहनवाज नाम के एक अन्य आरोपी को भी गिरफ्तार किया है।
पूछताछ में ड्रग्स की सप्लाई से जुड़े कई महत्वपूर्ण सुराग सामने आए हैं। पुलिस को आशंका है कि आरोपी बड़े स्तर पर एमडी ड्रग्स इंदौर लाकर छोटे पेडलरों तक पहुंचाता था। अब क्राइम ब्रांच इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि ड्रग्स की खेप किन राज्यों या शहरों से इंदौर पहुंचाई जाती थी।
सुपर कॉरिडोर पर पुलिस ने की घेराबंदी
क्राइम ब्रांच को रविवार को मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक युवक बाइक से सुपर कॉरिडोर क्षेत्र में 100 ग्राम से अधिक एमडी ड्रग्स की खेप लेकर पहुंचने वाला है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम ने इलाके में घेराबंदी की और संदिग्ध युवक पर नजर रखी।
कुछ समय बाद एक युवक बाइक से वहां पहुंचा। पुलिस टीम को देखकर उसने मौके से भागने की कोशिश की, लेकिन इसी दौरान उसकी बाइक फिसल गई और वह सड़क पर गिर गया। पुलिस ने तत्काल उसे पकड़ लिया। तलाशी लेने पर उसके पास से 103.55 ग्राम एमडी ड्रग्स बरामद हुई।
पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर उससे पूछताछ शुरू की। शुरुआती जांच में उसकी पहचान अयाज हुसैन के रूप में हुई। सोमवार को डीसीपी क्राइम ब्रांच राजेश कुमार त्रिपाठी ने मामले का खुलासा किया।
10 लाख 30 हजार रुपए की ड्रग्स जब्त
क्राइम ब्रांच के अनुसार आरोपी के पास से बरामद 103.55 ग्राम एमडी ड्रग्स की अनुमानित कीमत करीब 10 लाख 30 हजार रुपए है। जिस बाइक से आरोपी ड्रग्स लेकर पहुंचा था, उसकी कीमत भी करीब 1 लाख 50 हजार रुपए बताई गई है।
पुलिस अब जब्त ड्रग्स के स्रोत और उसकी संभावित सप्लाई चेन का पता लगाने में जुटी है। जांच अधिकारियों का मानना है कि इतनी बड़ी मात्रा में ड्रग्स की बरामदगी केवल स्थानीय स्तर की गतिविधि तक सीमित नहीं हो सकती। इसी वजह से आरोपी से लगातार पूछताछ की जा रही है।
अयाज की निशानदेही पर शाहनवाज गिरफ्तार
पूछताछ के दौरान पुलिस को मिली जानकारी के आधार पर अयाज हुसैन की निशानदेही पर सोमवार सुबह शाहनवाज को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस अब शाहनवाज से ड्रग्स नेटवर्क और उसकी भूमिका को लेकर पूछताछ कर रही है।
पुलिस के अनुसार शाहनवाज चूड़ियां बनाने का काम करता है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि वह ड्रग्स सप्लाई नेटवर्क से किस तरह जुड़ा था और क्या वह ड्रग्स की खरीद, बिक्री या वितरण में किसी भूमिका में था।
अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ के आधार पर इस मामले में और लोगों के नाम सामने आ सकते हैं।
लग्जरी लाइफ के शौक ने आरोपी को पहुंचाया ड्रग्स कारोबार तक
डीसीपी क्राइम ब्रांच राजेश कुमार त्रिपाठी के मुताबिक, अयाज हुसैन को लग्जरी लाइफ जीने और पब पार्टियों में जाने का शौक था। वह जल्द बड़ा आदमी बनना चाहता था। अपनी इच्छाओं और शौक को पूरा करने के लिए उसने ड्रग्स की सप्लाई का रास्ता अपनाया।
पुलिस के अनुसार अयाज आठवीं कक्षा तक पढ़ा है और मजदूरी का काम करता है। उसके खिलाफ पहले से भी आपराधिक रिकॉर्ड होने की जानकारी सामने आई है। पुलिस अब उसके पुराने रिकॉर्ड और ड्रग्स कारोबार से जुड़े संभावित संपर्कों की भी जांच कर रही है।
जांच में यह भी पता लगाया जा रहा है कि आरोपी कितने समय से ड्रग्स की सप्लाई में सक्रिय था और इस दौरान उसने किन-किन लोगों से संपर्क किया।
Indore में छोटे पेडलरों तक पहुंचाता था ड्रग्स
पूछताछ में पुलिस के सामने यह बात आई है कि अयाज बड़ी मात्रा में एमडी ड्रग्स इंदौर लाता था। इसके बाद वह इसे छोटे पेडलरों तक पहुंचाता था। पुलिस को यह जानकारी भी मिली है कि पार्टियों में ड्रग्स की सप्लाई किए जाने की संभावना है।
हालांकि पुलिस इस जानकारी की स्वतंत्र रूप से पुष्टि कर रही है। जांच का मुख्य उद्देश्य ड्रग्स की पूरी सप्लाई चेन का पता लगाना है, ताकि केवल स्थानीय स्तर के आरोपियों तक कार्रवाई सीमित न रहे।
क्राइम ब्रांच अब यह पता लगाने में जुटी है कि अयाज को ड्रग्स की खेप कौन उपलब्ध कराता था, वह इसे किस माध्यम से इंदौर तक लाता था और शहर में किन लोगों को इसकी सप्लाई करता था।
राजस्थान से कनेक्शन की भी जांच
क्राइम ब्रांच को पूछताछ के दौरान ड्रग्स की अंतरराज्यीय सप्लाई से जुड़े संकेत मिले हैं। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपी राजस्थान या उसके आसपास के इलाकों से एमडी ड्रग्स की खेप इंदौर लाता था या नहीं।
जांच टीम संभावित सप्लायरों, संपर्कों और ड्रग्स की आवाजाही से जुड़े रास्तों की जानकारी जुटा रही है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपी अकेले इस नेटवर्क को संचालित कर रहा था या उसके साथ अन्य लोग भी जुड़े हुए थे।
अंतरराज्यीय कनेक्शन की पुष्टि होने पर जांच का दायरा और बढ़ सकता है।
तीन दिन के पुलिस रिमांड पर अयाज
क्राइम ब्रांच ने अयाज हुसैन को न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहां से उसे तीन दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। रिमांड के दौरान पुलिस उससे ड्रग्स सप्लाई नेटवर्क से जुड़े कई पहलुओं पर पूछताछ करेगी।
जांच में मुख्य रूप से ड्रग्स के स्रोत, सप्लायर, डिलीवरी चैनल, छोटे पेडलरों और संभावित ग्राहकों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। इसके अलावा पुलिस आरोपी के मोबाइल फोन, संपर्कों और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की भी जांच कर सकती है।
अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ से सामने आने वाली जानकारी के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
आरोपियों की संख्या बढ़ने की संभावना
एडिशनल डीसीपी क्राइम ब्रांच राजेश दंडोतिया के अनुसार, अयाज से ड्रग्स की सप्लाई करने वालों और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के बारे में पूछताछ की जा रही है। जांच में सामने आने वाली कड़ियों के आधार पर मामले में आरोपियों की संख्या बढ़ सकती है।
पुलिस की प्राथमिकता ड्रग्स के पूरे नेटवर्क तक पहुंचना है। इसके लिए स्थानीय सप्लायरों से लेकर संभावित अंतरराज्यीय कनेक्शन तक की जांच की जा रही है।
क्राइम ब्रांच यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि जब्त की गई ड्रग्स की खेप कितने समय से इंदौर में सक्रिय नेटवर्क का हिस्सा थी और इसके पीछे कौन-कौन से लोग काम कर रहे थे।
नशे के नेटवर्क पर पुलिस की नजर
इंदौर में एमडी ड्रग्स की बरामदगी के बाद एक बार फिर शहर में सक्रिय नशे के नेटवर्क पर पुलिस की निगाहें तेज हो गई हैं। क्राइम ब्रांच अब ड्रग्स की सप्लाई और वितरण से जुड़े संभावित ठिकानों की जानकारी जुटा रही है।
पुलिस के सामने चुनौती केवल आरोपियों को पकड़ना नहीं, बल्कि ड्रग्स की पूरी सप्लाई चेन को उजागर करना है। इसी दिशा में गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों की जांच की जा रही है।
फिलहाल अयाज हुसैन और शाहनवाज से पूछताछ जारी है। पुलिस को उम्मीद है कि जांच आगे बढ़ने के साथ ड्रग्स नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और सप्लाई के स्रोतों का पता चल सकेगा। मामले में आगे होने वाली गिरफ्तारियों और बरामदगी पर भी पुलिस की नजर बनी हुई है।
