कम उड़ानों के बावजूद Indore एयरपोर्ट पर बढ़ा यात्री ट्रैफिक, चार महीनों में 14.96 लाख यात्रियों ने किया हवाई सफर
Indore के देवी अहिल्याबाई होलकर एयरपोर्ट से हवाई यात्रा करने वाले यात्रियों की संख्या लगातार बढ़ रही है। खास बात यह है कि उड़ानों की संख्या में कमी होने के बावजूद यात्रियों की आवाजाही में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। यह रुझान दर्शाता है कि Indore देश के प्रमुख हवाई संपर्क केंद्रों में तेजी से अपनी स्थिति मजबूत कर रहा है।
वर्ष 2026 के पहले चार महीनों (जनवरी से अप्रैल) के आंकड़ों के अनुसार, कुल 14 लाख 96 हजार 886 यात्रियों ने इंदौर एयरपोर्ट से उड़ान भरी। इस दौरान कुल 10,908 उड़ानें संचालित हुईं, यानी औसतन प्रतिदिन लगभग 90 फ्लाइट्स। इसके बावजूद प्रतिदिन औसतन 12,475 यात्रियों ने हवाई यात्रा की, जो पिछले वर्ष की तुलना में अधिक है।
2025 की तुलना में बढ़ा यात्री दबाव
वर्ष 2025 में इसी अवधि के दौरान 11,133 उड़ानें संचालित हुई थीं और 14 लाख 72 हजार 144 यात्रियों ने सफर किया था। उस समय प्रतिदिन लगभग 93 उड़ानें और करीब 12,200 यात्री दर्ज किए गए थे। तुलना करने पर स्पष्ट है कि 2026 में उड़ानों की संख्या 225 कम होने के बावजूद यात्रियों की संख्या में करीब 24 हजार से अधिक की बढ़ोतरी हुई है।
यह संकेत देता है कि फ्लाइट्स की उपलब्धता सीमित होने के बावजूद यात्रियों की मांग लगातार बढ़ रही है और एयर ट्रैवल को लोग अधिक प्राथमिकता दे रहे हैं।
Indore से मजबूत हुआ एयर कनेक्टिविटी नेटवर्क
Indore एयरपोर्ट से देश के कई प्रमुख शहरों के लिए सीधी उड़ानें संचालित हो रही हैं। इनमें दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, अहमदाबाद, चेन्नई, पुणे, जयपुर, गोवा, नागपुर, लखनऊ, रायपुर, जबलपुर, चंडीगढ़, कोलकाता और हैदराबाद शामिल हैं। इसके अलावा रीवा और गोंदिया जैसे छोटे शहरों के लिए भी कनेक्टिविटी उपलब्ध है।
वर्तमान में इंदौर से लगभग 11 राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश के लिए सीधी उड़ान सेवा दी जा रही है, जिससे यात्रियों को देशभर में आसानी से यात्रा करने की सुविधा मिल रही है।
कुछ रूट बंद होने के बावजूद नहीं गिरा ट्रैफिक
मार्च-अप्रैल के बीच इंदौर से जम्मू, जोधपुर, उदयपुर, नासिक, भुवनेश्वर और शारजाह जैसे कुछ रूटों पर उड़ानें बंद कर दी गई थीं। इसके बावजूद यात्री संख्या में कोई गिरावट नहीं आई।
विशेषज्ञों के अनुसार, यह इस बात का प्रमाण है कि अन्य प्रमुख शहरों के लिए मजबूत कनेक्टिविटी और बढ़ती मांग ने यात्रियों को एयर ट्रैवल से जोड़े रखा है।
रनवे अपग्रेड और 24 घंटे संचालन का असर
Indore एयरपोर्ट पर रनवे की मरम्मत और उन्नयन कार्य पूरा होने के बाद अब 24 घंटे उड़ान संचालन संभव हो गया है। इससे आने वाले समय में उड़ानों की संख्या और यात्री यातायात दोनों में और वृद्धि की संभावना जताई जा रही है।
एयरपोर्ट प्रशासन का मानना है कि बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर और विस्तार योजनाओं से इंदौर की हवाई कनेक्टिविटी और मजबूत होगी।
यात्रा का समय बचाना बना सबसे बड़ा कारण
ट्रैवल एजेंट एसोसिएशन ऑफ इंडिया के प्रदेश अध्यक्ष हेमेंद्र सिंह जादौन के अनुसार, आज के समय में यात्री समय को सबसे अधिक महत्व दे रहे हैं। रेल और सड़क मार्ग की तुलना में हवाई यात्रा कम समय में गंतव्य तक पहुंचा देती है, जिससे लोग इसे प्राथमिकता दे रहे हैं।
उन्होंने कहा कि व्यापार, शिक्षा और पर्यटन से जुड़े यात्रियों के लिए एयर ट्रैवल सबसे सुविधाजनक विकल्प बन गया है। यही कारण है कि उड़ानों की संख्या कम होने के बावजूद यात्री संख्या में लगातार वृद्धि देखी जा रही है।
निष्कर्ष
Indore एयरपोर्ट पर यात्रियों की बढ़ती संख्या यह दर्शाती है कि शहर तेजी से देश के प्रमुख एविएशन हब के रूप में उभर रहा है। सीमित उड़ानों के बावजूद मांग में वृद्धि यह संकेत देती है कि आने वाले समय में इंदौर से एयर ट्रैफिक और अधिक बढ़ सकता है। यदि नई उड़ानों की शुरुआत होती है तो यह संख्या और ऊंचाइयों को छू सकती है।
