भव्य मंगल कलश शोभायात्रा एवं रथयात्रा गाजे बाजे के साथ निकाली।
इंद्रध्वज के लिए निकाली रथयात्रा, युवाओं खींचा रथ, बग्गियों में निकाले इंद्र इंद्राणी।
प्रथम बार 21 से 30 जुलाई तक इंद्रध्वज महामंडल विधान एवं वीर शासन जयंती महोत्सव होगा आयोजित।
Gwalior-: किलागेट सोड़ा का कुआं स्थित श्री वासुपूज्य जैन महिला मंडल, दिगंबर जैन मंदिर कमेटी एवं श्री समयसार विद्या निकेतन ओर युवा जैन मिलन ग्वालियर के संयुक्त तत्वाधान में प्रथम बार 21 से 30 जुलाई तक इंद्रध्वज महामंडल विधान एवं वीर शासन जयंती महोत्सव का भव्य शुभारंभ आज मंगलवार को भव्य मंगल कलश शोभायात्रा एवं रथयात्रा गाजे बाजे के साथ निकलकर किया गया।
जैन समाज के प्रवक्ता सचिन जैन ने बताया कि इंद्रध्वज विधान के पहले दिन सौधर्म इंद्र महेशचंद्र जैन के निज निवास चौक बाजार फोर्ट रोड से विशाल रथयात्रा धूमधाम से निकाली गई। यह शोभायात्रा फोर्ट रोड से शुरू होकर हजीरा चौराहे, तानसेन नगर रमटापुरा, सेवा नगर से लोह मंडी से होती हुई वापस कार्यकम स्थल सोडा का कुआं जैन मंदिर समय सार विद्या निकेतन पहुंची।
शोभायात्रा में सबसे आगे हाथी पर सौधर्म इंद्र जैन ध्वजा फहराया रहे थे। वही पांच घोड़े पर युवक ध्वजा लिए थे। बैंड के साथ मुख्य पत्र सौधर्म इंद्र, कुबेर, यज्ञ नायक इन्द्र इंद्राणी विंटेज कार में सवार होकर चल रहे थे। वही इक्कीस बग्गियों के रथ में इंद्र इंद्राणी राजाओं की वेशभूषा ड्रेस में सवार थे।

वही युवा ओर पुरुषवर्ग व्हाइट परिधानों में भगवान पार्श्वनाथ का रथ खींचा रहे थे। वही पुरुषवर्ग भक्ति नृत्य के साथ चंवर ढोरते हुए जयकारे लगाते हुए चल रहे थे। बालिकाएं हाथों में अष्ट प्रतिहार्य,पूजन की अष्ट मंगल द्रव्य और पंचमेरु, जिनवाणी शास्त्र ढोला ताशे के साथ चल रही थी। वही बैंड के साथ महिलाएं केसरिया साड़ियों में सिर पर स्वर्ण मंगल कलश ओर डीजे के भजनों पर डांडिया नृत्य करती हुई लेकर चल रही थी। शोभायात्रा का जगह जगह अभिनंदन, स्वागत, वंदन जैन समाज के लोगों अपने प्रतिष्ठान ओर निवास के आगे रंगोली सज्जाकार भगवान जिनेंद्र की आगवानी कर दीपकों से आरती उतरकर नमन किया।
विधान शुभारंभ ध्वजारोहण ओर मंगल कलश स्थापन कर किया, गूंजे जयकारे।

जैन समाज के प्रवक्ता सचिन जैन ने बताया कि विधान के मंगल प्रेरणा पंडित जतीश भाई जी के निर्देशन, पंडित महेशचंद्र जैन एवं अंकुर शास्त्री मैनपुरी ने मंत्रो के साथ ध्वजारोहण दिनेश कुमार अशोक कुमार जैन परिवार ने किया। वही विधान के सभागार उद्घाटन पवन मीनाक्षी जैन परिवार ने किया।
मंडप पर मुख्य कलश की स्थापन महेशचंद्र लक्ष्मी जैन ने की।इस मौके मंदिर कमेटी के अध्यक्ष सतीश जैन ठेकेदार, नेमीचन्द्र जैन, सुरेंद्र जैन, राजेंद्र जैन, महेश चंद जैन, मीना जैन, कविता जैन, चेतन जैन, युवा जैन मिलन फोर्ट के अध्यक्ष अभिषेक जैन, सचिव देव जैन मौजूद थे।

भगवान पार्श्वनाथ की पूजन कर चढ़ाए महा अर्ध्य
इंद्रध्वज विधान में संगीतमय भजनों के द्वारा भगवान पार्श्वनाथ को अष्ट द्रव्य से पूजन कर महाअर्ध्य समर्पित किए गए।
इंद्रध्वज विधान पूजन आज से होगी। रहेंगे कार्यकम प्रतिदिन, सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होगे
जैन समाज के प्रवक्ता सचिन जैन ने बताया कि इंद्रध्वज विधान पूजन आज बुधवार से शुरू होगी। वही 21 से 30 जुलाई तक प्रतिदिन सुबह 06 से 07 बजे तक भगवान जिनेंद्र का नित्य अभिषेक शांतिधारा, संगीतमय विधान पूजन ओर 10 बजे से विद्वानों के प्रवचन होगे। वही दोपहर में धर्म सभा एवं देशभर से पधारे विद्वान द्वारा गोष्ठी का लाभ मिलेगा। वही शाम को संगीतमय जिनेंद्र भक्ति के साथ रात्रि में विद्वानो द्वारा प्रवचन और सांस्कृतिक कार्यक्रम किया जाएगा।
