—Advertisement—

MP से UP का सफर होगा आसान, ग्वालियर-भिंड-इटावा मार्ग को फोरलेन बनाने की तैयारी

Author Picture
Published On: 11 September 2026

—Advertisement—

MP से UP का सफर होगा आसान, ग्वालियर-भिंड-इटावा मार्ग को फोरलेन बनाने की तैयारी

करीब ₹1,826 करोड़ की परियोजना में 116 किलोमीटर सड़क का होगा चौड़ीकरण; NHAI ने 13 अक्टूबर निर्धारित की टेंडर खोलने की तारीख

ग्वालियर। मध्य प्रदेश के ग्वालियर-चंबल अंचल को उत्तर प्रदेश से जोड़ने वाले ग्वालियर-भिंड-इटावा मार्ग के चौड़ीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। ग्वालियर के अटल द्वार से भिंड होते हुए इटावा तक लगभग 116 किलोमीटर लंबे मार्ग को फोरलेन बनाने की तैयारी की जा रही है। इस परियोजना पर भू-अर्जन सहित करीब 1,826 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण यानी NHAI ने परियोजना के लिए टेंडर खोलने की तारीख 13 अक्टूबर निर्धारित की है। सड़क की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट यानी DPR और तकनीकी प्रस्ताव तैयार कर मुख्यालय भेजे जा चुके हैं। टेंडर प्रक्रिया पूरी होने और आवश्यक स्वीकृतियां मिलने के बाद निर्माण कार्य की दिशा में आगे की कार्रवाई की जाएगी।

ग्वालियर से भिंड होते हुए इटावा तक बनेगा फोरलेन

प्रस्तावित परियोजना के अंतर्गत ग्वालियर के अटल द्वार से भिंड और वहां से उत्तर प्रदेश के इटावा तक मौजूदा सड़क का चौड़ीकरण किया जाएगा। यह मार्ग राष्ट्रीय राजमार्ग-719 का हिस्सा है और ग्वालियर तथा इटावा को भिंड के रास्ते जोड़ता है।

वर्तमान में कई हिस्सों में सड़क की चौड़ाई सीमित होने के कारण वाहनों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। भारी वाहनों की आवाजाही, स्थानीय यातायात और लंबी दूरी के वाहनों का दबाव एक ही मार्ग पर रहने से कुछ स्थानों पर जाम तथा दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है।

सड़क को फोरलेन बनाए जाने के बाद दोनों दिशाओं के यातायात के लिए अलग-अलग लेन उपलब्ध होंगी। इससे वाहनों की गति में सुधार होने के साथ यातायात अधिक व्यवस्थित होने की उम्मीद है।

परियोजना पर खर्च होंगे करीब ₹1,826 करोड़

इस महत्वपूर्ण सड़क परियोजना की अनुमानित लागत करीब 1,826 करोड़ रुपये बताई गई है। इस राशि में सड़क निर्माण के साथ भू-अर्जन और परियोजना से संबंधित अन्य आवश्यक प्रक्रियाओं का खर्च शामिल है।

फोरलेन निर्माण के लिए कुछ क्षेत्रों में अतिरिक्त जमीन की आवश्यकता पड़ सकती है। इसके लिए राजस्व रिकॉर्ड का परीक्षण, प्रभावित जमीन का सर्वेक्षण, अधिग्रहण और मुआवजा वितरण जैसी प्रक्रियाएं पूरी करनी होंगी। इन औपचारिकताओं को पूरा करने के बाद ही संबंधित हिस्सों में निर्बाध रूप से निर्माण शुरू किया जा सकेगा।

परियोजना की वास्तविक लागत टेंडर प्रक्रिया और निर्माण के दौरान आवश्यक कार्यों के आधार पर बदल सकती है। फिलहाल ₹1,826 करोड़ की राशि परियोजना की अनुमानित लागत के रूप में सामने आई है।

13 अक्टूबर को खुलेंगे टेंडर

NHAI ने परियोजना से संबंधित टेंडर खोलने के लिए 13 अक्टूबर की तारीख निर्धारित की है। निविदा प्रक्रिया में पात्र निर्माण कंपनियों के तकनीकी और वित्तीय प्रस्तावों का परीक्षण किया जाएगा। निर्धारित नियमों के अनुसार सफल एजेंसी का चयन होने के बाद कार्यादेश जारी करने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।

हालांकि, टेंडर खुलना निर्माण शुरू होने की अंतिम तारीख नहीं है। टेंडर मूल्यांकन, निर्माण एजेंसी के चयन, अनुबंध, भूमि उपलब्धता और दूसरी वैधानिक स्वीकृतियों के बाद ही मौके पर काम शुरू किया जाएगा।

इसलिए फिलहाल परियोजना को निर्माणाधीन बताने के बजाय टेंडर और स्वीकृति के चरण में माना जाना अधिक उचित है। निर्माण शुरू होने तथा पूरा होने की समयसीमा चयनित एजेंसी को कार्यादेश जारी होने के बाद स्पष्ट हो सकेगी।

DPR और तकनीकी प्रस्ताव मुख्यालय भेजे गए

परियोजना की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट तैयार कर NHAI मुख्यालय भेजी जा चुकी है। DPR में मार्ग की मौजूदा स्थिति, प्रस्तावित चौड़ाई, यातायात का दबाव, भूमि की जरूरत, संभावित लागत और आवश्यक संरचनाओं से जुड़ी जानकारी शामिल होती है।

तकनीकी प्रस्ताव में सड़क की डिजाइन, सुरक्षा उपाय, प्रमुख जंक्शन और अन्य निर्माण संबंधी आवश्यकताओं का विवरण रहता है। मुख्यालय स्तर पर इन प्रस्तावों की समीक्षा और स्वीकृति परियोजना को आगे बढ़ाने के लिए महत्वपूर्ण होगी।

ग्वालियर-चंबल अंचल को मिलेगा बड़ा लाभ

ग्वालियर-भिंड-इटावा मार्ग का चौड़ीकरण ग्वालियर-चंबल क्षेत्र की उत्तर प्रदेश से कनेक्टिविटी मजबूत करेगा। ग्वालियर और भिंड के लोगों को इटावा तथा उत्तर प्रदेश के दूसरे शहरों तक पहुंचने के लिए बेहतर सड़क सुविधा मिल सकेगी।

इटावा राष्ट्रीय राजमार्गों और उत्तर प्रदेश की प्रमुख सड़क परियोजनाओं से जुड़ा महत्वपूर्ण केंद्र है। इसलिए इस मार्ग के फोरलेन बनने से यात्रियों को आगे आगरा, कानपुर, लखनऊ और अन्य क्षेत्रों की ओर जाने में भी सुविधा मिलने की उम्मीद है।

इस कॉरिडोर को आधिकारिक रूप से राष्ट्रीय राजमार्ग-719 के रूप में जाना जाता है, जो ग्वालियर, भिंड और इटावा को जोड़ता है।

व्यापार और उद्योग को मिलेगी गति

बेहतर सड़क संपर्क से केवल यात्रियों को ही नहीं, बल्कि व्यापार और उद्योग को भी लाभ मिलेगा। ग्वालियर, मालनपुर और भिंड के औद्योगिक क्षेत्रों से उत्तर प्रदेश की ओर माल परिवहन अधिक सुगम हो सकता है। कृषि उपज, दैनिक उपयोग की वस्तुओं और औद्योगिक उत्पादों को एक राज्य से दूसरे राज्य तक पहुंचाने में लगने वाला समय कम होने की संभावना है।

फोरलेन सड़क बनने से परिवहन लागत में कमी, मालवाहक वाहनों की गति में सुधार और स्थानीय बाजारों तक बेहतर पहुंच की उम्मीद है। मार्ग के आसपास होटल, ढाबे, वाहन मरम्मत, लॉजिस्टिक्स और दूसरी व्यावसायिक गतिविधियों के अवसर भी बढ़ सकते हैं।

सड़क सुरक्षा में सुधार की उम्मीद

मौजूदा सड़क पर अलग-अलग गति से चलने वाले स्थानीय, यात्री और भारी वाहनों के कारण दुर्घटनाओं का जोखिम रहता है। फोरलेन निर्माण के दौरान सुरक्षित जंक्शन, संकेतक, रोड मार्किंग और आवश्यक स्थानों पर अन्य सुरक्षा उपाय किए जाने की अपेक्षा है।

आबादी वाले क्षेत्रों में पैदल यात्रियों और स्थानीय वाहनों की सुरक्षा पर विशेष ध्यान देना आवश्यक होगा। सड़क बनने के बाद तेज गति से चलने वाले वाहनों के कारण दुर्घटना का नया जोखिम पैदा न हो, इसके लिए डिजाइन के स्तर पर ही पर्याप्त सुरक्षा प्रबंध जरूरी होंगे।

निर्माण शुरू होने से पहले कई प्रक्रियाएं बाकी

परियोजना को लेकर टेंडर की तारीख सामने आना महत्वपूर्ण प्रगति है, लेकिन निर्माण शुरू होने से पहले अभी कई प्रशासनिक और तकनीकी प्रक्रियाएं पूरी होनी हैं। इनमें निविदा का मूल्यांकन, एजेंसी का चयन, भूमि अधिग्रहण और आवश्यक स्वीकृतियां शामिल हैं।

इन प्रक्रियाओं के समय पर पूरा होने पर ग्वालियर-भिंड-इटावा फोरलेन परियोजना मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के बीच आवागमन को नई गति दे सकती है। क्षेत्र के लोगों को अब 13 अक्टूबर को टेंडर खुलने और परियोजना की आगे की समयसीमा घोषित होने का इंतजार है।

Related News
Breaking News हमेशा आपके पास

SwarajVani App Install करें

Latest India News & Breaking Updates — सीधे Home Screen पर

Offline पढ़ें Breaking Alerts बिल्कुल Free
SwarajVani को iPhone पर install करें:
📤 Share बटन दबाएं → "Add to Home Screen" select करें
Home
Web Stories
Instagram
WhatsApp