Gold-Silver के बाजार में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। गुरुवार, 29 जनवरी 2026 को सोने के दामों में अचानक तेजी आई है, जिससे निवेशक और खरीदार दोनों की नजरें ताजा रेट पर टिकी हुई हैं। अगर आप सोना या चांदी खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो पहले अपने शहर और कैरेट के अनुसार लेटेस्ट भाव जानना बेहद जरूरी है।
Gold के दामों में तेजी का कारण
अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतों में मजबूती और डॉलर में उतार-चढ़ाव के कारण Gold-Silver के दाम प्रभावित हो रहे हैं। निवेशकों का रुझान सोने की ओर बढ़ा है क्योंकि वैश्विक स्तर पर आर्थिक अनिश्चितता बनी हुई है। गुरुवार सुबह 29 जनवरी को Gold की कीमतों में प्रति दस ग्राम ₹11,770 की बढ़त दर्ज की गई। इसके साथ ही, Silver के भाव में ₹30,000 प्रति किलोग्राम का उछाल आया है। पिछले दिन, बुधवार 28 जनवरी 2026 को 24 कैरेट Gold का भाव ₹1,67,230 प्रति दस ग्राम और चांदी का भाव ₹3,80,000 प्रति किलोग्राम पर बंद हुआ था। इस तरह की तेजी ने बाजार में निवेशकों और सराफा व्यापारियों के बीच हलचल बढ़ा दी है।
प्रमुख शहरों में Gold-Silver के लेटेस्ट रेट
भारतीय सराफा बाजार और प्रमुख शहरों के आंकड़ों के अनुसार गुरुवार, 29 जनवरी 2026 को Gold-Silver के दाम इस प्रकार दर्ज किए गए हैं:
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22 कैरेट Gold: ₹1,64,100 प्रति दस ग्राम
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24 कैरेट Gold: ₹1,79,000 प्रति दस ग्राम
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18 कैरेट Gold: ₹1,34,290 प्रति दस ग्राम
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Silver: ₹4,10,000 प्रति किलोग्राम
इन रेट्स में स्थानीय बाजार की मांग, सराफा ट्रेडिंग और अंतरराष्ट्रीय सोने के भाव की स्थिति का भी असर देखा जा सकता है।
कैरेट के अनुसार Gold का महत्व
Gold की कीमत कैरेट के अनुसार अलग-अलग होती है।
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24 कैरेट Gold: शुद्ध सोना माना जाता है और इसका रेट सबसे अधिक होता है।
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22 कैरेट Gold: आमतौर पर जेवरात में इस्तेमाल किया जाता है।
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18 कैरेट Gold: मिश्र धातुओं के साथ मिलाकर बनाया जाता है, रेट कम होता है।
इसलिए निवेशक और खरीदार अपने बजट और उद्देश्य के अनुसार कैरेट चुनते हैं।
Gold-Silver में निवेश के टिप्स
Gold-Silver में निवेश करने से पहले कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है:
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बाजार का रुझान देखें: अंतरराष्ट्रीय सोना और डॉलर के भाव को देखें।
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कैरेट के हिसाब से निर्णय लें: निवेश का उद्देश्य बचत है या जेवरात के लिए।
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स्थानीय सराफा रेट चेक करें: शहर के अनुसार भाव में हल्की भिन्नता हो सकती है।
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सुरक्षित स्टोरेज: सोने और चांदी को सुरक्षित स्थान पर रखें।
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लॉन्ग टर्म या शॉर्ट टर्म: यदि निवेश का उद्देश्य लंबे समय के लिए है तो बाजार में उतार-चढ़ाव से परेशान न हों।
चांदी का उछाल और निवेशकों की दिलचस्पी
चांदी के भाव में ₹30,000 प्रति किलोग्राम का उछाल निवेशकों का ध्यान खींच रहा है। इसे एक सुरक्षित संपत्ति माना जाता है, खासकर आर्थिक अनिश्चितता के समय। सराफा बाजार के अनुसार, चांदी की मांग लगातार बढ़ रही है, जिससे निवेशक अधिक मात्रा में चांदी खरीद रहे हैं। यह रुझान दर्शाता है कि निवेशक सुरक्षित और दीर्घकालिक विकल्प की तलाश में चांदी को प्राथमिकता दे रहे हैं।
Gold-Silver के भावों का भविष्य
विशेषज्ञों का कहना है कि सोने और चांदी के भाव आने वाले दिनों में अंतरराष्ट्रीय बाजार और डॉलर के उतार-चढ़ाव के अनुसार बदल सकते हैं।
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अगर डॉलर मजबूत होता है, तो सोने का भाव बढ़ सकता है।
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वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता और क्रूड ऑयल की कीमतें भी सोने और चांदी के दामों को प्रभावित करती हैं।
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भारत में मांग, त्योहार और शादी जैसे अवसरों पर सोने की खपत बढ़ जाती है, जिससे रेट ऊपर जाते हैं।
