गायत्री शक्तिपीठ नागदा में श्रावणी पर्व श्रद्धा के साथ मनाया गया। शिव अभिषेक, तर्पण-यज्ञ, सामूहिक रक्षा सूत्र और तीन चरणों में साधना हुई। चेतन भैया जी ने वेदमाता गायत्री के दर्शन कर यज्ञ में आहुति दी और बहनों से रक्षा सूत्र बंधवाया।
गायत्री शक्तिपीठ नागदा में भव्य श्रावणी पर्व: शिव अभिषेक, तर्पण-यज्ञ और सामूहिक रक्षा सूत्र कार्यक्रम संपन्न
नागदा से जीवनलाल जैन की रिपोर्ट।
नागदा। गायत्री शक्तिपीठ नागदा में श्रावणी पर्व श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक वातावरण के बीच मनाया गया। इस अवसर पर शिव अभिषेक, तर्पण, यज्ञ एवं सामूहिक रूप से रक्षा सूत्र बांधने का कार्यक्रम संपन्न हुआ। बड़ी संख्या में गायत्री परिवार के कार्यकर्ता, भाई-बहन एवं आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से श्रद्धालु कार्यक्रम में शामिल हुए और वेदमाता गायत्री का आशीर्वाद प्राप्त किया।
गायत्री शक्तिपीठ नागदा में श्रावणी पर्व पर विशेष आयोजन
श्रावणी पर्व के अवसर पर गायत्री शक्तिपीठ नागदा में सुबह से ही धार्मिक एवं आध्यात्मिक गतिविधियों का क्रम प्रारंभ हुआ। शिव अभिषेक और तर्पण के साथ विधि-विधान से यज्ञ का आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं ने यज्ञ भगवान को आहुतियां समर्पित कर परिवार और समाज की सुख-समृद्धि की कामना की।
इस अवसर पर आदरणीय चेतन भैया जी गायत्री शक्तिपीठ नागदा पहुंचे। उन्होंने वेदमाता गायत्री के दर्शन किए और यज्ञ भगवान को आहुति समर्पित की। इसके बाद उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित बहनों से रक्षा सूत्र बंधवाया। सामूहिक रक्षा सूत्र कार्यक्रम के दौरान भाई-बहनों में विशेष उत्साह देखने को मिला।
एक महीने तक शिव अभिषेक, 63 दिन चला अखंड जाप
गायत्री शक्तिपीठ नागदा में धार्मिक अनुष्ठानों का क्रम लगातार जारी है। शक्तिपीठ पर एक महीने तक शिव अभिषेक का आयोजन किया गया। इसके साथ ही यहां 63 दिनों तक लगातार अखंड जाप संपन्न हुआ। इस धार्मिक अनुष्ठान में गायत्री परिवार से जुड़े कार्यकर्ताओं और श्रद्धालुओं ने लगातार सहभागिता करते हुए अपना सहयोग प्रदान किया।
शिव अभिषेक, अखंड जाप और यज्ञ के माध्यम से श्रद्धालुओं ने वेदमाता गायत्री और परम पूज्य गुरुदेव से सभी परिवारों की सुख-समृद्धि, शांति और मंगल की प्रार्थना की।
तीन चरणों में समूह साधना का आयोजन
गायत्री शक्तिपीठ नागदा में श्रावणी पर्व के अवसर पर तीन चरणों में विशेष साधना का आयोजन रखा गया। प्रथम चरण की ध्यान साधना संपन्न हुई। इसके बाद दूसरे चरण की साधना दोपहर 1:30 बजे तथा तीसरे चरण की साधना शाम 6:00 बजे आयोजित की जाएगी।
आज की समूह साधना श्रीमती रुद्रा व्यास जी की ओर से रखी गई है। साधना के माध्यम से श्रद्धालु आध्यात्मिक ऊर्जा और सकारात्मक विचारों के साथ वेदमाता गायत्री की आराधना कर रहे हैं।
भाटी हुडा, उज्जैन और विभिन्न कॉलोनियों से पहुंचे श्रद्धालु
गायत्री शक्तिपीठ नागदा में श्रावणी पर्व के कार्यक्रम में नागदा सहित ग्रामीण क्षेत्र भाटी हुडा, उज्जैन एवं विभिन्न कॉलोनियों से गायत्री परिवार के कार्यकर्ता, भाई-बहन और श्रद्धालु शामिल हुए।
गायत्री शक्तिपीठ नागदा की ओर से लगातार अनुष्ठान और यज्ञ में सम्मिलित होने वाले श्रद्धालुओं, सहयोगियों तथा श्रावणी पर्व में शामिल हुए सभी भाई-बहनों के प्रति आभार व्यक्त किया गया।
शक्तिपीठ की ओर से सभी के लिए मंगलकामना करते हुए कहा गया कि वेदमाता गायत्री एवं परम पूज्य गुरुदेव का आशीर्वाद सभी परिवारों पर सदैव बना रहे।
श्रावणी पर्व के दौरान शिव अभिषेक, तर्पण, यज्ञ, रक्षा सूत्र और सामूहिक साधना के कारण गायत्री शक्तिपीठ नागदा का वातावरण पूरी तरह भक्तिमय और आध्यात्मिक बना रहा। श्रद्धालुओं ने यज्ञ में आहुतियां देकर तथा सामूहिक साधना में सहभागिता कर सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।

