बदनावर में निःशुल्क नेत्र परीक्षण एवं मोतियाबिंद निवारण शिविर, 50 मरीजों की जांच; 12 ऑपरेशन के लिए चयनित
गीता वेलफेयर एंड हेल्थ फाउंडेशन की पहल, शंकरा आई सेंटर और जिला अंधत्व निवारण समिति के सहयोग से हुआ आयोजन; चयनित मरीजों को जांच से लेकर ऑपरेशन तक की सुविधाएं निःशुल्क
संवाददाता: महेश कुमार वर्मा
सरदारपुर तहसील संवाददाता
बदनावर। जरूरतमंद मरीजों को बेहतर नेत्र स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से गीता वेलफेयर एंड हेल्थ फाउंडेशन, धार द्वारा शासकीय अस्पताल बदनावर में निःशुल्क नेत्र परीक्षण एवं मोतियाबिंद निवारण शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में कुल 50 मरीजों का पंजीयन कर उनकी आंखों की जांच की गई, जिनमें से 12 मरीजों को मोतियाबिंद के ऑपरेशन के लिए चयनित किया गया।
शिविर का आयोजन जिला अंधत्व निवारण समिति धार एवं शंकरा आई सेंटर इंदौर के सहयोग से किया गया। शिविर में पहुंचे मरीजों का नेत्र परीक्षण करने के साथ उन्हें आंखों की देखभाल और आवश्यक उपचार के संबंध में जानकारी दी गई।
भगवान गणेश के पूजन के साथ शिविर का शुभारंभ
शिविर का शुभारंभ भगवान गणेश के पूजन के साथ किया गया। खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. शांतीलाल मुजाल्दा ने शिविर की शुरुआत की। इस अवसर पर गीता वेलफेयर एंड हेल्थ फाउंडेशन की ओर से महेश कुमार वर्मा ने डॉ. मुजाल्दा का स्वागत किया।
शिविर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अनिता सिंगारे, जिला चिकित्सालय धार के नेत्र रोग विशेषज्ञ एवं डीपीएम डॉ. सौरभ बौरासी तथा खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. शांतीलाल मुजाल्दा के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया।
50 मरीजों का हुआ नेत्र परीक्षण
शिविर में बदनावर और आसपास के क्षेत्रों से आए कुल 50 मरीजों ने पंजीयन कराया। इसके बाद स्वास्थ्य टीम द्वारा उनकी आंखों की जांच की गई।
नेत्र चिकित्सा सहायक रजनीश पाटीदार ने मरीजों का नेत्र परीक्षण किया। जांच के दौरान मरीजों की दृष्टि संबंधी समस्याओं के साथ मोतियाबिंद की स्थिति की भी जांच की गई।
12 मरीज मोतियाबिंद ऑपरेशन के लिए चयनित
जांच के बाद 12 मरीजों को मोतियाबिंद ऑपरेशन के लिए चयनित किया गया। आयोजकों के अनुसार चयनित मरीजों को उपचार से संबंधित आवश्यक सुविधाएं निःशुल्क उपलब्ध कराई जाएंगी।
इन मरीजों के लिए आवश्यक जांच, उपचार, मोतियाबिंद ऑपरेशन, लेंस और दवाइयों की व्यवस्था निःशुल्क रखी गई है। इसके अलावा भोजन और परिवहन की सुविधा भी बिना किसी शुल्क के उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है।
जरूरतमंद मरीजों को मिलेगी निःशुल्क सुविधा

शिविर का प्रमुख उद्देश्य आर्थिक अथवा अन्य कारणों से समय पर आंखों की जांच और मोतियाबिंद का उपचार नहीं करा पाने वाले मरीजों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना रहा।
आयोजकों ने बताया कि मोतियाबिंद के कारण दृष्टि प्रभावित होने की समस्या का समय रहते उपचार जरूरी है। नियमित नेत्र परीक्षण के माध्यम से आंखों से संबंधित कई समस्याओं की समय पर पहचान की जा सकती है।
संस्था के सदस्यों ने संभाली व्यवस्थाएं
शिविर के आयोजन में गीता वेलफेयर एंड हेल्थ फाउंडेशन की ओर से महेश कुमार वर्मा, योगेन्द्र तिवारी, पवन सोनी, दशरथ पाटीदार और अंकित गेहलोत ने सहयोग किया।
वहीं शंकरा आई फाउंडेशन की ओर से जिला संयोजक लोकेश करोड़ीवाल एवं संध्या राठौड़ भी मौजूद रहे। संस्था के सदस्यों और स्वास्थ्यकर्मियों ने मरीजों के पंजीयन, परीक्षण एवं अन्य व्यवस्थाओं में सहयोग किया।
स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े संयुक्त प्रयास
गीता वेलफेयर एंड हेल्थ फाउंडेशन, जिला अंधत्व निवारण समिति और शंकरा आई सेंटर के संयुक्त प्रयास से आयोजित शिविर के माध्यम से मरीजों को एक ही स्थान पर नेत्र परीक्षण से लेकर मोतियाबिंद ऑपरेशन के लिए चयन तक की सुविधा उपलब्ध कराई गई।
शिविर में 50 मरीजों की जांच और 12 मरीजों का मोतियाबिंद ऑपरेशन के लिए चयन किया गया। चयनित मरीजों को जांच, उपचार, ऑपरेशन, लेंस, दवाइयां, भोजन और परिवहन जैसी सुविधाएं निःशुल्क उपलब्ध कराई जाएंगी।
