पूर्व CSP नेहा पच्चीसिया की तलाश तेज, पुलिस को मिली लोकेशन फिर भी नहीं हो सकी गिरफ्तारी; SIT जांच में अहम सुरागों की तलाश
भोपाल/कटनी: कटनी की पूर्व CSP नेहा पच्चीसिया के खिलाफ मामला दर्ज होने के बाद पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार तलाश कर रही है। पुलिस के मुताबिक, उनकी आखिरी लोकेशन भोपाल में पुलिस मुख्यालय के आसपास मिली थी, लेकिन टीम के पहुंचने से पहले ही वह वहां से निकल गईं। इसके बाद से उनकी लोकेशन लगातार बदलने की जानकारी सामने आ रही है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने के लिए कई टीमें काम कर रही हैं।
नेहा पच्चीसिया के अलावा उनके दो कथित सहयोगियों क्षितिज राज बारापात्रे और मारूफ अहमद हनफी के खिलाफ भी कटनी के कुठेला थाने में मामला दर्ज किया गया है। मामला जमीन विवाद और कथित सौदेबाजी से जुड़ा बताया जा रहा है। एफआईआर दर्ज होने के बाद विभाग ने पूर्व सीएसपी को निलंबित भी कर दिया है।
पुलिस को मिली थी भोपाल में लोकेशन
जानकारी के अनुसार, कुठेला थाने में एफआईआर दर्ज होने के समय नेहा पच्चीसिया की लोकेशन भोपाल में पुलिस मुख्यालय के आसपास मिली थी। पुलिस का दावा है कि उन्हें अपने खिलाफ मामला दर्ज होने की जानकारी हो गई थी। इसके बाद वह वहां से निकल गईं और पुलिस की गिरफ्त से बाहर हो गईं।
अब पुलिस उनकी तलाश में अलग-अलग स्थानों पर दबिश दे रही है। वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, मामले में शामिल सभी आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं। पुलिस का कहना है कि जांच को आगे बढ़ाते हुए आरोपियों से जुड़े संभावित ठिकानों और संपर्कों की भी जानकारी जुटाई जा रही है।
आठ सदस्यीय SIT कर रही मामले की जांच
पूरे मामले की जांच के लिए आठ सदस्यीय विशेष जांच दल यानी एसआईटी का गठन किया गया है। एसआईटी की अगुवाई एडिशनल एसपी अंजना तिवारी कर रही हैं। टीम ने मामले से जुड़े लोगों से पूछताछ शुरू कर दी है।
जांच के दौरान झिंझरी जेल में बंद आरोपी आकाश और रमेश लोधी के बयान दर्ज किए गए। एसआईटी ने दोनों से कई घंटे तक पूछताछ की। अधिकारियों के मुताबिक, पूछताछ के दौरान सामने आई जानकारियां जांच के लिए महत्वपूर्ण हो सकती हैं। अब एसआईटी कटनी पहुंचकर मामले से जुड़े अन्य गवाहों के बयान भी दर्ज करेगी।
जांच टीम यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि जमीन से जुड़े मामले में कथित तौर पर किस तरह की सौदेबाजी हुई और इसमें कौन-कौन लोग शामिल थे। साथ ही आरोपों से जुड़े दस्तावेजों और अन्य साक्ष्यों को भी जुटाया जा रहा है।
कुठेला थाने में दर्ज हुई FIR
पूर्व CSP नेहा पच्चीसिया के खिलाफ कटनी के कुठेला थाने में एफआईआर दर्ज की गई है। उनके साथ क्षितिज राज बारापात्रे और मारूफ अहमद हनफी को भी आरोपी बनाया गया है।
मामले में भारतीय न्याय संहिता यानी BNS की विभिन्न धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है। एफआईआर दर्ज होने के बाद विभागीय स्तर पर भी कार्रवाई की गई और नेहा पच्चीसिया को निलंबित कर दिया गया।
हालांकि, मामले में लगाए गए आरोपों पर अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही सामने आएगा। पुलिस फिलहाल उपलब्ध साक्ष्यों और आरोपियों से पूछताछ के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है।
IG ने कहा- गिरफ्तारी के प्रयास जारी
जबलपुर रेंज के आईजी प्रमोद वर्मा ने बताया कि सभी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि एसआईटी मामले की जांच कर रही है और पुलिस की टीमें आरोपियों की तलाश में सक्रिय हैं।
पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती यह है कि पूर्व सीएसपी की संभावित लोकेशन बदलती रहने की जानकारी मिल रही है। ऐसे में पुलिस तकनीकी इनपुट और अन्य उपलब्ध सुरागों के आधार पर उनकी तलाश कर रही है।
अधिकारियों का कहना है कि मामले में किसी भी आरोपी को जांच से बाहर नहीं रखा गया है और सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।
सीलबंद कार्यालय भी जांच के दायरे में
मामले की जांच के दौरान नेहा पच्चीसिया के तत्कालीन कार्यालय से भी महत्वपूर्ण दस्तावेज और सुराग मिलने की संभावना जताई जा रही है। पिछले कुछ दिनों से उनका कार्यालय सीलबंद है। अब एसआईटी की जांच के बाद इसे खोलने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
कार्यालय खोलने से पहले जांच टीम मौके पर पहुंचकर आवश्यक कानूनी और प्रशासनिक प्रक्रिया पूरी करेगी। इसके बाद कार्यालय में मौजूद फाइलों, दस्तावेजों, पत्राचार और अन्य रिकॉर्ड की जांच की जाएगी।
जांच अधिकारियों की नजर इस बात पर भी रहेगी कि कथित जमीन सौदे या संबंधित प्रकरण से जुड़े कोई दस्तावेज, पत्राचार या अन्य महत्वपूर्ण सामग्री कार्यालय में मौजूद है या नहीं। यदि जांच के दौरान कोई संबंधित रिकॉर्ड मिलता है, तो उसे जब्त कर केस की विवेचना में शामिल किया जा सकता है।
गवाहों के बयान से खुल सकते हैं नए राज
एसआईटी अब कटनी में मामले से जुड़े गवाहों और अन्य लोगों के बयान दर्ज करेगी। जांच एजेंसी यह समझने की कोशिश कर रही है कि पूरे घटनाक्रम में किन लोगों की भूमिका रही और कथित सौदेबाजी किस स्तर पर हुई।
जेल में बंद आरोपियों से पूछताछ और गवाहों के बयान के बाद मामले में आगे की दिशा स्पष्ट होने की उम्मीद है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जांच को निष्पक्ष तरीके से आगे बढ़ाया जा रहा है।
फिलहाल पूर्व CSP नेहा पच्चीसिया की गिरफ्तारी इस मामले का सबसे अहम पहलू बनी हुई है। पुलिस उनकी तलाश में जुटी है और अधिकारियों ने जल्द गिरफ्तारी का दावा किया है। वहीं, एसआईटी की जांच आगे बढ़ने के साथ जमीन मामले से जुड़े अन्य तथ्यों और कथित सौदेबाजी की पूरी तस्वीर सामने आने की उम्मीद है।
