दमोह आबकारी अधिकारी विरोध रैली में हजारों लोगों ने जटाशंकर से कलेक्ट्रेट तक विशाल रैली निकालकर अवैध शराब कारोबार पर कार्रवाई और आबकारी अधिकारी रविन्द्र खरे को हटाने की मांग की। पढ़ें पूरी रिपोर्ट।
दमोह आबकारी अधिकारी विरोध रैली: हजारों लोगों का प्रदर्शन
दमोह आबकारी अधिकारी विरोध रैली सोमवार को जिले में चर्चा का विषय बन गई। भगवती मानव कल्याण संगठन के नेतृत्व में हजारों लोगों ने जटाशंकर से कलेक्ट्रेट तक विशाल पैदल मार्च निकालकर कथित अवैध शराब कारोबार के खिलाफ प्रदर्शन किया।रैली में जिले के अनेक ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में महिलाएं, युवा एवं बुजुर्ग शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने “आबकारी अधिकारी रविन्द्र खरे हटाओ, दमोह बचाओ” जैसे नारे लगाए और प्रशासन को ज्ञापन सौंपा।
आबकारी अधिकारी के खिलाफ उठी आवाज
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि जिले में अवैध शराब का कारोबार लगातार बढ़ रहा है जबकि संबंधित विभाग द्वारा प्रभावी कार्रवाई नहीं की जा रही।लोगों का कहना है कि
- कई गांवों में खुलेआम अवैध शराब बिक रही है।
- नशा मुक्ति अभियान केवल औपचारिक बनकर रह गया है।
- शराब माफिया बिना किसी डर के सक्रिय हैं।
- विभागीय कार्रवाई पर्याप्त नहीं दिखाई दे रही।
इन्हीं आरोपों के आधार पर प्रदर्शनकारियों ने आबकारी अधिकारी रविन्द्र खरे को हटाने की मांग की।
अवैध शराब परिवहन पर लगाए आरोप
रैली के दौरान प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि
- चार पहिया वाहनों में काली फिल्म लगाकर शराब की सप्लाई की जा रही है।
- कई स्थानों पर लगातार अवैध शराब का कारोबार जारी है।
- संबंधित विभाग और पुलिस द्वारा अपेक्षित कार्रवाई नहीं हो रही।
हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांगें
ज्ञापन में मुख्य रूप से निम्न मांगें रखी गईं—
- जिले में अवैध शराब कारोबार पर तत्काल कार्रवाई
- आबकारी अधिकारी रविन्द्र खरे को हटाया जाए
- शराब माफिया के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई
- गांव-गांव अभियान चलाकर अवैध शराब बिक्री रोकी जाए
- नशा मुक्ति अभियान को प्रभावी बनाया जाए
पुलिस अधीक्षक का बयान
इस मामले में पुलिस अधीक्षक ने कहा कि यदि किसी के पास अवैध शराब परिवहन अथवा कारोबार से जुड़े ठोस साक्ष्य, फोटो या वीडियो उपलब्ध हैं तो पुलिस निष्पक्ष जांच करेगी और कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन ने दिया आश्वासन
कलेक्ट्रेट पहुंचने के बाद प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन को ज्ञापन सौंपा।प्रशासन की ओर से प्रदर्शनकारियों को आश्वस्त किया गया कि ज्ञापन में उठाए गए सभी बिंदुओं पर नियमानुसार विचार किया जाएगा।पूरे कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात रहा।
शांतिपूर्ण रही रैली
रैली पूरी तरह शांतिपूर्ण रही। हजारों लोगों ने अनुशासन के साथ मार्च किया और प्रशासन को अपनी मांगों से अवगत कराया।प्रदर्शन के दौरान किसी प्रकार की अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली।
जिले में बढ़ती चिंता
दमोह जिले में अवैध शराब को लेकर समय-समय पर शिकायतें सामने आती रही हैं। सामाजिक संगठनों का कहना है कि यदि प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई तो भविष्य में जनआंदोलन और तेज हो सकता है।
दूसरी ओर प्रशासन का कहना है कि किसी भी शिकायत पर कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
निष्कर्ष
दमोह आबकारी अधिकारी विरोध रैली ने जिले में अवैध शराब के मुद्दे को एक बार फिर प्रमुखता से सामने ला दिया है। प्रदर्शनकारियों ने आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कार्रवाई की मांग की है, जबकि पुलिस और प्रशासन ने उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया है।
संवाददाता: सोनू अठया
स्वराज वाणी, दमोह (मध्य प्रदेश)

