मध्य प्रदेश की राजधानी से एक चुका देने वाली खबर सामने आई है , यहां की नई नगर निगम आयुक्त संस्कृति जैन के नाम से किसी अज्ञात व्यक्ति ने सोशल मीडिया पर फर्जी अकाउंट बनाकर ठगी की कोशिश की। आरोपी ने उनकी जानकारी सोशल मीडिया के जरिए जुटाई और फिर व्हाट्सएप पर उनके रिश्तेदार और सहयोगियों से संदेश भेजकर पैसे मांगने की कोशिश की।
ठगी का तरीका :
जानकारी के अनुसार, आरोपी ने पहले नागरिकों और निगम कर्मचारियों से हालचाल पूछा और फिर निजी काम का हवाला देते हुए 50,000 रुपये की मांग की। ठगी की योजना इतनी पेशेवर तरीके से बनाई गई थी कि लोग इसे असली समझ बैठे।
निगम आयुक्त के करीबी रिश्तेदार ने जल्दी ही शक जाहिर किया और सीधे आयुक्त को फोन कर इसकी जानकारी दी। इसके बाद संस्कृति जैन ने तुरंत विभागीय अधिकारियों और इंटरनेट मीडिया के माध्यम से लोगों को जागरूक किया।
अज्ञात आरोपी ने नगर निगम कमिश्नर संस्कृति जैन का मोबाइल नंबर 84562082285 और उनकी फोटो का इस्तेमाल अपने फर्जी अकाउंट में किया। आरोपी ने खुद को व्यस्त बताते हुए निगम स्टाफ के दो लोगों से पैसे की मांग की। राशि एचडीएफसी बैंक खाते (50100553727629) में ट्रांसफर करने के लिए कहा गया, जिसका खाता धारक नाम रिया इकरोया बताया गया।

निगम आयुक्त का जवाब और अपील :
मामला सामने आने के बाद संस्कृति जैन ने नागरिकों और कर्मचारियों से अपील की है कि ऐसे किसी भी संदेश या कॉल को नज़रअंदाज़ करें। अगर कोई व्यक्ति इस तरह की हरकत करता है, तो तुरंत नगर निगम प्रशासन या पुलिस को सूचित करें।
संस्कृति जैन ने कहा, “मुझे शुक्रवार शाम को इस पूरे घटनाक्रम की जानकारी मिली थी। हमारे स्टाफ से दो लोगों से पैसे की मांग की गई थी। इस मामले की जानकारी तुरंत साइबर पुलिस सेल को दे दी गई है। नागरिकों और कर्मचारियों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।”
साइबर ठगी के बढ़ते मामले :
हाल के वर्षों में सोशल मीडिया और व्हाट्सएप के जरिए ठगी के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। कई बार आरोपी सरकारी अधिकारियों या परिचित लोगों के नाम का इस्तेमाल कर पैसे की मांग करते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि लोग जागरूक न हों तो आसानी से फर्जी संदेशों का शिकार बन सकते हैं।
निगम प्रशासन ने भी सभी कर्मचारियों को चेतावनी जारी की है कि वे किसी भी संदिग्ध संदेश पर तुरंत संज्ञान लें और किसी भी बैंक ट्रांजेक्शन से पहले पुष्टि करें।
नागरिकों के लिए सलाह :
- किसी भी अज्ञात नंबर या फर्जी अकाउंट से पैसे की मांग होने पर तुरंत पुलिस या प्रशासन को सूचित करें।
- व्यक्तिगत जानकारी सोशल मीडिया पर साझा करते समय सतर्क रहें।
- किसी भी फर्जी अकाउंट को रिपोर्ट करने के लिए प्लेटफॉर्म के “Report” विकल्प का इस्तेमाल करें।
- कभी भी किसी अज्ञात खाते में धन हस्तांतरित न करें।
