CM Mohan Yadav का बड़ा ऐलान: हार्ट मरीजों को मिलेगा त्वरित इलाज, जिला स्तर तक सुविधा विस्तार की तैयारी
भोपाल:
मध्य प्रदेश के CM Mohan Yadav ने राज्य के हृदय रोगियों (हार्ट मरीजों) के लिए एक बड़ी स्वास्थ्य सुविधा की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि दिल के मरीजों को त्वरित और बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के लिए वर्तमान में संभाग स्तर पर संचालित सुविधा को अब जल्द ही जिला स्तर तक विस्तारित किया जाएगा। यह कदम आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं को और अधिक सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।
मुख्यमंत्री मंगलवार, 14 अप्रैल को भोपाल स्थित दीनदयाल परिसर में भारतीय जनता पार्टी चिकित्सा प्रकोष्ठ के सेवा प्रकल्प कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने कई स्वास्थ्य योजनाओं और नई पहलों की घोषणा की, जिससे प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने का लक्ष्य रखा गया है।
हेल्थ डेस्क की शुरुआत, कई वरिष्ठ नेता रहे मौजूद
इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, प्रदेश प्रभारी महेंद्र सिंह और उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल के साथ मिलकर हेल्पडेस्क का फीता काटकर शुभारंभ किया।
इस हेल्पडेस्क का उद्देश्य आम लोगों को प्राथमिक स्वास्थ्य सहायता, मार्गदर्शन और त्वरित चिकित्सा सेवाओं की जानकारी उपलब्ध कराना है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता और स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े लोग उपस्थित रहे।
‘कोविड के बाद हार्ट अटैक से बढ़ी मौतें’ पर चिंता
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि कोविड महामारी के बाद हृदय रोगों से होने वाली मौतों में वृद्धि हुई है। उन्होंने बताया कि आजकल युवा वर्ग भी अचानक हार्ट अटैक का शिकार हो रहा है, चाहे वह खेल के दौरान हो, नृत्य करते समय या वाहन चलाते हुए—यह एक गंभीर और चिंताजनक स्थिति है।
उन्होंने कहा कि इस समस्या को देखते हुए राज्य सरकार ने समय पर इलाज और आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में कदम बढ़ाए हैं।
जिला स्तर तक हार्ट उपचार सुविधा का विस्तार
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार की योजना केवल संभाग स्तर तक सीमित नहीं रहेगी। जल्द ही हृदय रोगियों के लिए त्वरित इलाज की सुविधा को जिला स्तर तक पहुंचाया जाएगा।
यह योजना फिलहाल पायलट प्रोजेक्ट के रूप में संचालित की जा रही है, जिसमें सफलता मिलने के बाद इसे पूरे राज्य में लागू किया जाएगा। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी मरीज को समय पर इलाज मिल सके और कीमती जानें बचाई जा सकें।
गांव-गांव पहुंचेगी आंखों की जांच सुविधा
स्वास्थ्य सेवाओं को और व्यापक बनाने की दिशा में मुख्यमंत्री ने एक और महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने कहा कि चिकित्सा प्रकोष्ठ के माध्यम से गांवों और मोहल्लों में नियमित नेत्र जांच शिविर लगाए जाएंगे।
इन शिविरों में जिन लोगों को चश्मे की आवश्यकता होगी, उन्हें सरकार की ओर से मुफ्त चश्मे उपलब्ध कराए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने पार्टी कार्यकर्ताओं से भी अपील की कि वे घर-घर जाकर लोगों की स्वास्थ्य जांच में सहयोग करें।
प्रदेश में मेडिकल कॉलेजों का विस्तार
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य हर जिले में मेडिकल कॉलेज स्थापित करना है। इसके लिए सरकारी और PPP मॉडल दोनों का उपयोग किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि आने वाले समय में मध्य प्रदेश में लगभग 52 मेडिकल कॉलेज स्थापित हो जाएंगे, जबकि निजी कॉलेजों को जोड़कर यह संख्या करीब 60 तक पहुंच सकती है। कई जिलों में चल रहे निर्माण कार्यों को समय पर पूरा करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
हाईवे किनारे अस्पतालों पर 30% अनुदान योजना
सड़क दुर्घटनाओं में घायलों को तुरंत इलाज उपलब्ध कराने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री ने एक नई नीति की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि हाईवे के किनारे अस्पताल स्थापित करने वालों को सरकार की ओर से 30 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा।
इस योजना का उद्देश्य दुर्घटना पीड़ितों को गोल्डन ऑवर में इलाज उपलब्ध कराना है, जिससे उनकी जान बचाने की संभावना बढ़ सके।
सड़क हादसों के घायलों के लिए ‘राहवीर योजना’
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में राहवीर योजना के तहत सड़क हादसे में घायल व्यक्ति को अस्पताल पहुंचाने वाले नागरिक को 25,000 रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाती है।
इसके साथ ही घायल व्यक्ति को डेढ़ लाख रुपये तक का निःशुल्क इलाज उपलब्ध कराया जा रहा है। आयुष्मान योजना के अंतर्गत उपचार प्रक्रिया को भी और तेज और सरल बनाने के निर्देश दिए गए हैं।
स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम
मुख्यमंत्री की यह घोषणाएं मध्य प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को नई दिशा देने वाली मानी जा रही हैं। हार्ट मरीजों के लिए जिला स्तर पर त्वरित इलाज, ग्रामीण क्षेत्रों में नेत्र शिविर, मेडिकल कॉलेजों का विस्तार और सड़क दुर्घटना सहायता योजनाएं—ये सभी पहलें राज्य की चिकित्सा सुविधाओं को मजबूत करने की व्यापक रणनीति का हिस्सा हैं।
निष्कर्ष
डॉ. मोहन यादव द्वारा की गई यह घोषणाएं न केवल स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं, बल्कि आम जनता को त्वरित और सुलभ चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की प्रतिबद्धता को भी दर्शाती हैं।
हार्ट मरीजों के लिए जिला स्तर तक सुविधा विस्तार, ग्रामीण क्षेत्रों में मुफ्त नेत्र जांच और मेडिकल कॉलेजों की बढ़ती संख्या—ये सभी प्रयास मध्य प्रदेश को बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं वाले राज्यों की श्रेणी में आगे ले जाने का संकेत देते हैं।
