भारतीय जनता पार्टी की जिला स्तरीय प्रशिक्षण कार्यशाला संपन्न,
इंदौर: भारतीय जनता पार्टी BJP द्वारा ‘पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान 2026’ के अंतर्गत जिला स्तरीय प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यशाला इंदौर स्थित पार्टी कार्यालय में जिला अध्यक्ष श्रवण सिंह चावड़ा की अध्यक्षता में संपन्न हुई। कार्यक्रम में संभाग संगठन प्रभारी दिलीप पटोंदिया, जिला संगठन प्रभारी शैलेन्द्र डागा तथा अनंत पंवार विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
जिला मीडिया प्रभारी विनोद चंदानी और जेपी नागर ने जानकारी देते हुए बताया कि कार्यशाला सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे तक दो सत्रों में आयोजित की गई। कार्यक्रम से पहले सभी कार्यकर्ताओं का विधिवत पंजीयन किया गया। इसके बाद अतिथियों ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर पार्टी ध्वज फहराया।
कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत भारत माता, पंडित दीनदयाल उपाध्याय और डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के चित्रों का पूजन एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुई। इस दौरान उपस्थित कार्यकर्ताओं ने संगठन के प्रति समर्पण और अनुशासन का संकल्प दोहराया।
उद्घाटन सत्र: संगठन की विचारधारा और प्रशिक्षण का महत्व
उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि अनंत पंवार ने पार्टी की विचारधारा, संगठनात्मक संरचना और कार्यकर्ता निर्माण की प्रक्रिया पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि भाजपा एक ऐसी राजनीतिक पार्टी है जो समय-समय पर प्रशिक्षण शिविरों के माध्यम से अपने कार्यकर्ताओं को वैचारिक रूप से मजबूत और अनुशासित बनाती है।
उन्होंने कहा कि संगठन की मजबूती का आधार उसका प्रशिक्षित कार्यकर्ता होता है। प्रशिक्षण केवल जानकारी देने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह व्यक्तित्व निर्माण और संगठन के प्रति समर्पण की भावना विकसित करने की प्रक्रिया है। पंवार ने केंद्र और राज्य सरकार की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा कि कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी है कि वे इन उपलब्धियों को समाज के हर वर्ग तक पहुंचाएं।

मंडल और बूथ स्तर तक पहुंचेगा अभियान
जिला अध्यक्ष श्रवण सिंह चावड़ा ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में बताया कि यह प्रशिक्षण महाभियान केवल जिला स्तर तक सीमित नहीं रहेगा। इसे मंडल और बूथ स्तर तक ले जाया जाएगा ताकि संगठन की जड़ें और मजबूत हो सकें।
उन्होंने जानकारी दी कि मंडल स्तर पर 24 घंटे के प्रशिक्षण शिविर आयोजित किए जाएंगे, जबकि बूथ स्तर पर 4 घंटे का प्रशिक्षण सत्र रखा जाएगा। उनका कहना था कि बूथ स्तर पर प्रशिक्षित कार्यकर्ता ही चुनावी सफलता और संगठन विस्तार की कुंजी होते हैं।
चावड़ा ने ‘आजीवन सहयोग निधि’ अभियान और नरेंद्र मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि ‘मन की बात’ केवल एक रेडियो कार्यक्रम नहीं, बल्कि समाज के विभिन्न वर्गों से संवाद का प्रभावी माध्यम है, जिससे संगठन को प्रेरणा मिलती है।
दूसरे सत्र में ‘पंच परिवर्तन’ पर विशेष चर्चा
कार्यशाला के दूसरे सत्र में जिला संगठन प्रभारी दिलीप पटोंदिया ने ‘पंच परिवर्तन’ विषय पर विस्तार से मार्गदर्शन दिया। उन्होंने कहा कि पंच परिवर्तन का उद्देश्य समाज में सकारात्मक और स्थायी बदलाव लाना है।
उन्होंने पंच परिवर्तन के पांच प्रमुख आयामों को इस प्रकार स्पष्ट किया:
- सामाजिक समरसता – समाज के सभी वर्गों के बीच समानता और सद्भाव की भावना को बढ़ावा देना।
- कुटुंब प्रबोधन – परिवार को संस्कार और मूल्यों की पहली पाठशाला मानते हुए पारिवारिक एकता को मजबूत करना।
- पर्यावरण संरक्षण – प्रकृति के संरक्षण और स्वच्छता के प्रति जागरूकता फैलाना।
- स्वदेशी को प्रोत्साहन – स्थानीय उत्पादों और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना।
- नागरिक कर्तव्य – प्रत्येक नागरिक को अपने अधिकारों के साथ-साथ कर्तव्यों के प्रति भी सजग बनाना।
पटोंदिया ने कहा कि इन पांच संकल्पों के माध्यम से भारत को एक मजबूत, समृद्ध और आत्मनिर्भर राष्ट्र बनाने का लक्ष्य रखा गया है।

संगठनात्मक मजबूती की दिशा में कदम
कार्यशाला में वरिष्ठ नेता राधेश्याम यादव, पूर्व जिलाध्यक्ष घनश्याम नारोलिया, जिला महामंत्री अंतर दयाल, रामस्वरूप गहलोत, पूंजालाल निनामा, रामविलास पटेल सहित जिले के सभी पदाधिकारी और मंडल अध्यक्ष उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान संगठन की आगामी योजनाओं, सदस्यता विस्तार, जनसंपर्क अभियान और सामाजिक गतिविधियों पर भी चर्चा की गई। वक्ताओं ने कहा कि प्रशिक्षण महाभियान का उद्देश्य केवल राजनीतिक शिक्षा नहीं, बल्कि समाज सेवा और राष्ट्र निर्माण की भावना को मजबूत करना है।
निष्कर्ष
इंदौर में आयोजित यह जिला स्तरीय प्रशिक्षण कार्यशाला भाजपा के संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है। दो सत्रों में आयोजित इस कार्यक्रम के माध्यम से कार्यकर्ताओं को पार्टी की विचारधारा, नीतियों और सामाजिक दायित्वों की विस्तृत जानकारी दी गई।
पार्टी पदाधिकारियों का मानना है कि प्रशिक्षित और अनुशासित कार्यकर्ता ही संगठन की वास्तविक शक्ति होते हैं। मंडल और बूथ स्तर तक प्रशिक्षण अभियान के विस्तार से संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूती मिलेगी और आगामी राजनीतिक गतिविधियों में कार्यकर्ताओं की सक्रिय भूमिका सुनिश्चित होगी।
