जेएसी के गरबा-डांडिया उत्सव में बिखरे भारतीय संस्कृति के रंग — दैनिक स्वराज वाणी
रिपोर्टर: मनोज जैन नायक
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बनाया आयोजन यादगार
कार्यक्रम के दौरान श्रेयांशी जैन, दिव्या माहेश्वरी, अनेहा माहेश्वरी, सोनम जैन एवं साथी, भावना जैन, सपना बंसल, कंचन चावला और रागिनी बंसल ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं। पारंपरिक संगीत की धुनों पर महिलाओं ने गरबा-डांडिया किया। आयोजन में शामिल महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भागीदारी की और नवरात्रि के उत्सव को साझा किया।
पारंपरिक वेशभूषा और गरबा की लय ने कार्यक्रम को सांस्कृतिक स्वरूप दिया। महिलाओं ने गीत-संगीत के साथ नृत्य में हिस्सा लिया। इस तरह के सामूहिक आयोजन महिलाओं को एक साथ आने और अपनी सांस्कृतिक परंपराओं से जुड़ने का अवसर देते हैं। जेएसी मुरैना जागृति की सदस्यों ने भी आयोजन में सहयोग करते हुए कार्यक्रम को व्यवस्थित रूप से संपन्न कराया।
संस्कृति और महिला एकता पर दिया जोर
जेएसी अध्यक्ष इति माहेश्वरी ने कहा कि भारतीय संस्कृति और परंपराओं का संरक्षण कर उन्हें अगली पीढ़ी तक पहुंचाना क्लब का प्रमुख उद्देश्य है। उन्होंने बताया कि सांस्कृतिक आयोजन केवल उत्सव तक सीमित नहीं रहते, बल्कि इनके माध्यम से नई पीढ़ी को परंपराओं से जोड़ने का अवसर भी मिलता है।
उन्होंने कहा कि गरबा-डांडिया जैसे आयोजन सांस्कृतिक विरासत को सहेजने के साथ महिला एकता और सामाजिक सहभागिता को भी प्रोत्साहित करते हैं। नवरात्रि के दौरान आयोजित कार्यक्रमों के माध्यम से महिलाएं अपनी परंपराओं को समझती हैं और मिल-जुलकर उत्सव मनाती हैं। कार्यक्रम में क्लब की सदस्यों के साथ अन्य महिलाओं ने भी भाग लिया।
कार्यक्रम का संयोजन भावना जैन और सोनम जैन ने किया। आयोजन में कंचन सिंह का विशेष सहयोग रहा। सदस्यों और सहयोगियों के सामूहिक प्रयास से गरबा-डांडिया उत्सव संपन्न हुआ।
खानाबदोश बस्ती में बच्चों को बांटे उपहार
सांस्कृतिक आयोजन के साथ जेएसी मुरैना जागृति की सदस्यों ने सेवा गतिविधि भी की। संगठन की महिलाएं चंबल कॉलोनी स्थित लोहपीटा परिवारों की बस्ती में पहुंचीं। यहां उन्होंने बच्चों को आकर्षक उपहार और जरूरत की सामग्री वितरित की। जरूरतमंद परिवारों को राशन सामग्री भी उपलब्ध कराई गई।
सदस्यों ने बस्ती के लोगों से बातचीत कर उनकी समस्याओं और आवश्यकताओं की जानकारी ली। इस दौरान बच्चों को उपहार दिए गए और परिवारों को राशन सामग्री देकर सहायता की गई। संगठन की महिलाओं ने कहा कि समाज के वंचित वर्ग की चिंता करना केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक जिम्मेदार नागरिक का नैतिक दायित्व भी है।
सामाजिक सरोकारों के प्रति प्रतिबद्धता
जेएसी मुरैना जागृति की सदस्यों ने बताया कि जरूरतमंद परिवारों की सहायता और बच्चों के चेहरों पर मुस्कान लाने का प्रयास सामाजिक सरोकारों के प्रति संगठन की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। नवरात्रि के अवसर पर सांस्कृतिक कार्यक्रम के साथ सेवा गतिविधि को जोड़कर सदस्यों ने उत्सव को सामाजिक सहभागिता का रूप दिया।
कार्यक्रम में एक ओर महिलाओं ने पारंपरिक गरबा-डांडिया के माध्यम से संस्कृति और महिला एकता का संदेश दिया, वहीं दूसरी ओर बस्ती में बच्चों और जरूरतमंद परिवारों तक सहायता पहुंचाई। जेएसी मुरैना जागृति की इस पहल में क्लब की सदस्यों और अन्य महिलाओं ने सहभागिता की। कन्या पूजन, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और सेवा कार्यों के साथ नवरात्रि उत्सव संपन्न हुआ।
