Joint Account Debit Card Eligibility: ज्वाइंट अकाउंट में किसे मिलेगा ATM और डेबिट कार्ड? जानें नियम — दैनिक स्वराज वाणी
ज्वाइंट बैंक अकाउंट दो या दो से अधिक लोगों के नाम पर खोला जाता है। पति-पत्नी, माता-पिता और बच्चे या अन्य संयुक्त खाताधारक इस तरह का खाता खुलवा सकते हैं। ऐसे खाते में जमा रकम और लेन-देन से जुड़े अधिकार खाते के संचालन निर्देशों और बैंक की शर्तों पर निर्भर करते हैं। इसी वजह से यह जरूरी नहीं कि हर ज्वाइंट खाते में सभी खाताधारकों को अपने-आप अलग डेबिट कार्ड मिल जाए। कार्ड किसे मिलेगा, यह खाता खोलते समय चुने गए ऑपरेशन मोड और संबंधित बैंक की नीति से तय होता है।
खाते का ऑपरेशन मोड क्यों है जरूरी?
खाता खुलवाते समय बैंक में यह निर्देश दर्ज किया जाता है कि खाते का संचालन किस तरह होगा। आम तौर पर इसमें “Either or Survivor” यानी दोनों में से कोई भी खाताधारक खाते का संचालन कर सकता है, “Anyone or Survivor” यानी खाताधारकों में से कोई एक खाते को चला सकता है, या “Former or Survivor” यानी पहले नाम वाले खाताधारक के संचालन का निर्देश शामिल हो सकता है। कुछ खातों में लेन-देन के लिए सभी खाताधारकों के हस्ताक्षर या सहमति की जरूरत भी हो सकती है।
डेबिट कार्ड जारी करने की पात्रता इन निर्देशों से जुड़ी होती है। भारतीय स्टेट बैंक की जानकारी के अनुसार, उसके कुछ एकल और संयुक्त बचत या चालू खाते, जिनका संचालन “Either or Survivor” और कुछ अन्य निर्धारित तरीकों से होता है, ATM-सह-डेबिट कार्ड के लिए आवेदन कर सकते हैं। इसलिए खाता खुलवाने के समय ऑपरेशन मोड चुनने से पहले बैंक से कार्ड की पात्रता पूछ लेना उपयोगी है।
Either or Survivor खाते में मिल सकते हैं अलग कार्ड
कुछ बैंकों में “Either or Survivor” या “Anyone or Survivor” मोड के तहत प्राथमिक और दूसरे खाताधारक, दोनों को अलग-अलग डेबिट कार्ड जारी किए जा सकते हैं। उदाहरण के तौर पर, ICICI बैंक की जानकारी में इन ऑपरेशन मोड वाले ज्वाइंट सेविंग्स अकाउंट के प्राथमिक और द्वितीयक खाताधारकों को कार्ड जारी करने की बात कही गई है। हालांकि कार्ड जारी होना बैंक की शर्तों, आवेदन और खाते की पात्रता पर निर्भर करेगा।
हर बैंक का नियम एक जैसा नहीं होता। इसलिए केवल यह मानकर न चलें कि ज्वाइंट खाते में नाम दर्ज होने से सभी खाताधारकों को कार्ड मिल जाएगा। आवेदन करते समय बैंक से पूछें कि प्रत्येक खाताधारक के लिए अलग कार्ड मिलेगा या नहीं, क्या अलग आवेदन देना होगा और कार्ड पर कौन-सा नाम छपेगा।
Former or Survivor खाते में क्या नियम हो सकता है?
“Former or Survivor” खाते में पहले नाम वाले खाताधारक को खाते के संचालन का अधिकार दिया जाता है; दूसरे खाताधारक को विशेष स्थिति में, जैसे पहले खाताधारक की मृत्यु के बाद, अधिकार मिल सकते हैं। ICICI बैंक के प्रकाशित नियमों के अनुसार, इस ऑपरेशन मोड में डेबिट कार्ड केवल प्राथमिक खाताधारक को जारी किया जाता है। यह उदाहरण दिखाता है कि कार्ड की पात्रता खाते के मोड के अनुसार बदल सकती है। दूसरे बैंक की नीति अलग हो सकती है, इसलिए अपने बैंक से लिखित जानकारी लेना बेहतर है।
कार्ड मिलने पर लेन-देन और सुरक्षा का ध्यान रखें
डेबिट कार्ड किसी एक खाताधारक के नाम पर जारी किया जाता है और उसका PIN गोपनीय रखना चाहिए। कार्ड और PIN किसी दूसरे व्यक्ति के साथ साझा न करें। यदि ज्वाइंट खाते के दोनों खाताधारकों को अलग-अलग कार्ड मिले हैं, तब भी खाते से होने वाले लेन-देन साझा खाते के बैलेंस को प्रभावित करेंगे। कार्ड की दैनिक निकासी सीमा और लेन-देन की शर्तें बैंक और कार्ड के प्रकार के अनुसार अलग हो सकती हैं। ICICI बैंक के नियमों में कुछ संयुक्त खातों के कार्डधारकों के लिए निकासी की कुल सीमा को एक कार्ड वाले खाते की अनुमत सीमा के भीतर रखा गया है।
आवेदन से पहले बैंक से ये बातें पूछें
ज्वाइंट अकाउंट खोलते या डेबिट कार्ड के लिए आवेदन करते समय बैंक से पुष्टि करें कि चुने गए ऑपरेशन मोड में कौन-कौन कार्ड के पात्र हैं। यह भी पूछें कि प्रत्येक खाताधारक को अलग कार्ड मिलेगा या नहीं, कार्ड जारी करने और सालाना रखरखाव का शुल्क कितना है, PIN कैसे मिलेगा और कार्ड खोने पर उसे तुरंत ब्लॉक कैसे कराया जा सकता है।
संक्षेप में, ज्वाइंट अकाउंट में ATM या डेबिट कार्ड किसे मिलेगा, इसका कोई एक नियम सभी बैंकों पर लागू नहीं होता। कार्ड की पात्रता खाते के संचालन मोड, खाताधारक की स्थिति और बैंक की नीति पर निर्भर करती है। खाता खोलने के फॉर्म में दिए गए निर्देशों को ध्यान से पढ़ें और जरूरत हो तो शाखा से इसकी पुष्टि कर लें।
