सेवा संकल्प अभियान के तहत गुनौर महाविद्यालय में वृक्षारोपण, पौधों की देखभाल पर दिया जोर
गुनौर, पन्ना। मध्यप्रदेश शासन के सेवा संकल्प अभियान–2026 के अंतर्गत “सेवा मेरा योगदान” कार्यक्रम के तहत शासकीय महाविद्यालय गुनौर में वृक्षारोपण किया गया। कार्यक्रम मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद के तत्वावधान में नवांकुर संस्था संकल्प जन सेवा फाउंडेशन और महाविद्यालय प्रशासन के संयुक्त सहयोग से संपन्न हुआ। इसमें अनुविभागीय दंडाधिकारी गुनौर तथा तहसीलदार गुनौर उपस्थित रहे। अधिकारियों, महाविद्यालय की प्राचार्य, प्राध्यापकों, विद्यार्थियों और संस्था के सदस्यों ने पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस अवसर पर पौधे लगाने के साथ उनकी नियमित देखभाल और संरक्षण को सामूहिक जिम्मेदारी बताया गया।
“सेवा मेरा योगदान” के तहत आयोजन
वृक्षारोपण कार्यक्रम को सेवा संकल्प अभियान के “सेवा मेरा योगदान” कार्यक्रम से जोड़ा गया। आयोजन में प्रशासन, महाविद्यालय और सामाजिक संस्था की सहभागिता रही। सभी ने पौधारोपण के माध्यम से हरियाली बढ़ाने और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी निभाने का संदेश दिया।
मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद के तत्वावधान में हुए इस कार्यक्रम में संकल्प जन सेवा फाउंडेशन तथा महाविद्यालय प्रशासन ने संयुक्त सहयोग किया। कार्यक्रम का प्रमुख संदेश यह रहा कि पर्यावरण संरक्षण में प्रत्येक व्यक्ति अपनी भूमिका निभा सकता है। पौधारोपण के साथ पौधों की देखभाल को भी इसी योगदान का आवश्यक हिस्सा बताया गया।
जगदीश सिंह बोले—वृक्ष हमारे जीवन का आधार
मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद के विकासखंड समन्वयक जगदीश सिंह ने कहा कि वृक्ष हमारे जीवन का आधार हैं। पेड़-पौधे शुद्ध वायु प्रदान करने के साथ पर्यावरण का संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण के लिए व्यक्तिगत सहभागिता की आवश्यकता बताई।
जगदीश सिंह ने कहा कि वर्तमान समय में प्रत्येक व्यक्ति को आगे आकर पौधे लगाने चाहिए। इसके साथ उनकी नियमित देखभाल करना भी जरूरी है। उनके संदेश में पौधारोपण को केवल एक अवसर की गतिविधि तक सीमित रखने के बजाय निरंतर जिम्मेदारी के रूप में अपनाने पर जोर रहा।
प्रभा पटेल ने संरक्षण को बताया सामूहिक जिम्मेदारी


संकल्प जन सेवा फाउंडेशन की अध्यक्ष प्रभा पटेल ने कहा कि केवल पौधे लगाना पर्याप्त नहीं है। उनकी नियमित देखभाल और संरक्षण करना भी सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने पौधारोपण के बाद पौधों को सुरक्षित रखने की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया।
प्रभा पटेल के अनुसार, यदि प्रत्येक व्यक्ति पौधारोपण को अपने सामाजिक दायित्व के रूप में अपनाए, तो आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ, सुरक्षित और हरा-भरा पर्यावरण प्रदान किया जा सकता है। उन्होंने अपने संदेश में व्यक्तिगत प्रयास और सामूहिक जिम्मेदारी को साथ लेकर चलने की बात रखी।
प्राचार्य पानकुंवर लोधी सहित विद्यार्थियों की सहभागिता
कार्यक्रम में शासकीय महाविद्यालय गुनौर की प्राचार्य पानकुंवर लोधी, प्राध्यापकगण और छात्र-छात्राओं ने सहभागिता की। महाविद्यालय परिवार ने अधिकारियों तथा संस्था के सदस्यों के साथ पौधारोपण किया। विद्यार्थियों की उपस्थिति में पर्यावरण संरक्षण और हरियाली संवर्धन का संदेश दिया गया।
इस आयोजन में महाविद्यालय परिसर से जुड़े लोगों और सामाजिक संस्था की संयुक्त भागीदारी रही। प्राचार्य, शिक्षकों और विद्यार्थियों ने पौधे लगाने की गतिविधि में हिस्सा लिया। कार्यक्रम के माध्यम से पौधों की देखभाल करने का संकल्प लेने पर भी जोर दिया गया, ताकि पौधारोपण का उद्देश्य आगे बढ़ सके।
प्रशासन और सामाजिक संस्था का संयुक्त सहयोग
अनुविभागीय दंडाधिकारी गुनौर तथा तहसीलदार गुनौर की मौजूदगी में आयोजित कार्यक्रम में प्रशासनिक और सामाजिक सहभागिता दिखाई दी। मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद के विकासखंड समन्वयक जगदीश सिंह और संकल्प जन सेवा फाउंडेशन की अध्यक्ष प्रभा पटेल भी उपस्थित रहीं।
महाविद्यालय प्रशासन, संस्था के सदस्यों और अन्य उपस्थित जनों ने मिलकर वृक्षारोपण किया। अलग-अलग जिम्मेदारियां निभाने वाले लोगों की सहभागिता के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण को साझा दायित्व के रूप में प्रस्तुत किया गया। आयोजन में हरियाली बढ़ाने के साथ लगाए गए पौधों को संरक्षण देने की आवश्यकता दोहराई गई।
पौधारोपण के बाद देखभाल का संकल्प
कार्यक्रम का महत्वपूर्ण संदेश पौधे लगाने के बाद उनकी नियमित देखभाल करना रहा। वक्ताओं ने स्पष्ट किया कि पौधारोपण की पहल को आगे बढ़ाने के लिए संरक्षण आवश्यक है। पौधे लगाने वाले लोगों की जिम्मेदारी उनकी देखभाल के साथ जारी रहती है।
शासकीय महाविद्यालय गुनौर में हुए इस आयोजन के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण, हरियाली संवर्धन और सामाजिक सहभागिता का संदेश दिया गया। जगदीश सिंह ने प्रत्येक व्यक्ति से आगे आने का आग्रह किया, जबकि प्रभा पटेल ने आने वाली पीढ़ियों के लिए बेहतर पर्यावरण की बात कही। अधिकारियों, महाविद्यालय परिवार, विद्यार्थियों और संस्था के सदस्यों की सहभागिता के साथ पौधों की देखभाल का संकल्प लेने पर जोर दिया गया।
