आईजी अनुराग ने किया अलीराजपुर पुलिस का वार्षिक निरीक्षण, लंबित मामलों के समयबद्ध निराकरण के निर्देश
ब्यूरो रिपोर्ट : खलील मंसूरी, अलीराजपुर
अलीराजपुर। पुलिस महानिरीक्षक, ग्रामीण जोन इंदौर श्री अनुराग ने गुरुवार, 8 अक्टूबर को अलीराजपुर पुलिस का वार्षिक निरीक्षण किया। उन्होंने निरीक्षण परेड की सलामी ली और परेड, बलवा नियंत्रण ड्रिल तथा पुलिस वाहनों की व्यवस्थाएं देखीं। पुलिस लाइन में आयोजित सैनिक सम्मेलन में अधिकारियों और कर्मचारियों की समस्याएं सुनकर संबंधित अधिकारियों को निराकरण के निर्देश दिए। इसके साथ अपराध समीक्षा बैठक में लंबित प्रकरणों पर प्रभावी कार्रवाई और समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने को कहा।
पुलिस अधीक्षक रघुवंश सिंह ने बताया कि निर्धारित वार्षिक निरीक्षण रोस्टर के अनुसार आईजी अनुराग का जिले में भ्रमण 7 अक्टूबर से शुरू हुआ। निरीक्षण के दौरान पुलिस की कार्यप्रणाली, कानून-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण, रक्षित केंद्र और पुलिस अधीक्षक कार्यालय की व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई।
परेड की सलामी ली, बलवा ड्रिल का निरीक्षण
गुरुवार सुबह आईजी अनुराग परेड ग्राउंड पहुंचे और निरीक्षण परेड की सलामी ली। इसके बाद उन्होंने परेड का निरीक्षण किया। पुलिस बल द्वारा बलवा नियंत्रण ड्रिल का प्रदर्शन भी किया गया। प्रदर्शन देखने के बाद उन्होंने बलवा नियंत्रण से संबंधित आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
पुलिस वाहनों का निरीक्षण करते हुए उन्होंने उचित रखरखाव और नियमित देखरेख पर ध्यान देने के निर्देश दिए। निरीक्षण में वाहनों की व्यवस्था के साथ पुलिस बल की तैयारियों को भी देखा गया। संबंधित अधिकारियों को व्यवस्थाओं के संबंध में मार्गदर्शन प्रदान किया गया।
सैनिक सम्मेलन में सुनीं कर्मचारियों की समस्याएं
परेड के बाद आईजी पुलिस लाइन पहुंचे और सैनिक सम्मेलन में शामिल हुए। यहां पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने अपनी समस्याएं उनके समक्ष रखीं। उन्होंने समस्याओं को सुनकर संबंधित अधिकारियों को उनके निराकरण के लिए आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
सैनिक सम्मेलन के दौरान थाना उदयगढ़, आजादनगर, चांदपुर और नानपुर को आईएसओ प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। इसके साथ रक्षित केंद्र तथा पुलिस अधीक्षक कार्यालय अलीराजपुर को भी आईएसओ प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया। सम्मेलन में कर्मचारियों की समस्याओं और विभागीय व्यवस्थाओं पर चर्चा हुई।
बोरखड़ पुलिस लाइन में चिल्ड्रन पार्क का शुभारंभ
वार्षिक निरीक्षण के अंतर्गत बोरखड़ पुलिस लाइन परिसर में नवीन चिल्ड्रन पार्क का शुभारंभ किया गया। इसके बाद आईजी ने रक्षित निरीक्षक कार्यालय और रक्षित केंद्र का निरीक्षण किया। विभिन्न शाखाओं की व्यवस्थाएं देखकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
निरीक्षण में एमटी शाखा, आर्म्स शाखा, कैश शाखा और स्टोर शाखा शामिल रहीं। बोरखड़ लाइन परिसर स्थित शासकीय आवासों का भी निरीक्षण किया गया। इस दौरान रक्षित केंद्र की व्यवस्थाओं और शाखाओं के कामकाज की समीक्षा की गई।
अपराध समीक्षा बैठक में लंबित मामलों पर चर्चा


पुलिस नियंत्रण कक्ष में जिले के राजपत्रित अधिकारियों, थाना प्रभारियों और चौकी प्रभारियों के साथ अपराध समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में दर्ज अपराधों का तुलनात्मक विश्लेषण किया गया। लंबित अपराध, मर्ग, गुम इंसान और चालान के मामलों की स्थिति की समीक्षा हुई।
इसके अलावा समन एवं वारंट की तामीली तथा मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पर दर्ज शिकायतों पर हुई कार्रवाई की जानकारी ली गई। आईजी ने सभी लंबित प्रकरणों का समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने निर्देश दिए कि किसी भी प्रकरण को अनावश्यक रूप से लंबित नहीं रखा जाए।
संपत्ति संबंधी अपराधों में प्रभावी कार्रवाई के निर्देश
संपत्ति संबंधी अपराधों की समीक्षा करते हुए आईजी ने शत-प्रतिशत पतारसी और बरामदगी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। ऐसे लंबित मामलों में प्रभावी कार्रवाई करने को कहा गया। समीक्षा के दौरान प्रकरणों के निराकरण और कार्रवाई की प्रगति पर ध्यान केंद्रित किया गया।
अपराध समीक्षा बैठक के बाद पुलिस अधीक्षक कार्यालय की विभिन्न शाखाओं का निरीक्षण हुआ। आईजी ने कार्यालयीन कामकाज और प्रकरणों के त्वरित निराकरण के संबंध में अधिकारियों को आवश्यक मार्गदर्शन दिया।
नौ अक्टूबर को जन विश्वास अभियान में सहभागिता प्रस्तावित
पुलिस अधीक्षक रघुवंश सिंह के अनुसार, 9 अक्टूबर को आईजी अनुराग का आंबुआ/जोबट में आयोजित जन विश्वास अभियान कार्यक्रम में शामिल होकर आमजन से संवाद करना प्रस्तावित है। इसके बाद जिले के किसी थाने का निरीक्षण किए जाने का कार्यक्रम भी प्रस्तावित है।
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि वार्षिक निरीक्षण के दौरान आईजी ने जिले की पुलिस व्यवस्थाओं का जायजा लेकर आवश्यक मार्गदर्शन दिया है। निरीक्षण में कानून-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण और विभागीय कार्यों के समयबद्ध निराकरण पर विशेष ध्यान दिया गया।
