158 ग्राम पंचायतों को टीबी मुक्त घोषित करने पर उठा सवाल, सरपंच ने सीएमएचओ से पूछा- ‘टीम को हमने कभी देखा तक नहीं’
जिला पंचायत सभागार में आयोजित कार्यक्रम में सामने आया सवाल, टीबी उन्मूलन अभियान की जमीनी पहुंच पर उठे सवाल
संवाददाता प्रमोद कौशल।
जिले की 158 ग्राम पंचायतों को टीबी मुक्त घोषित किए जाने के अवसर पर आयोजित सम्मान समारोह में उस समय स्थिति असहज हो गई, जब एक सरपंच ने टीबी उन्मूलन अभियान की जमीनी गतिविधियों को लेकर सीएमएचओ से सवाल कर दिया।
गुरुवार को जिला पंचायत के सभागार में टीबी मुक्त घोषित की गई 158 ग्राम पंचायतों के प्रतिनिधियों को सम्मानित करने के लिए कार्यक्रम आयोजित किया गया था। कार्यक्रम में सांसद शिवमंगल सिंह तोमर मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे।
सरपंच ने पूछा- आपकी टीम को हमने कभी देखा तक नहीं
कार्यक्रम के दौरान एक सरपंच ने टीबी उन्मूलन के लिए काम कर रही स्वास्थ्य विभाग की टीम की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाया। सरपंच ने कहा कि यदि टीबी उन्मूलन का काम करने वाली टीम के पास किसी सरपंच का मोबाइल नंबर है या टीम के सदस्य उन्हें पहचानते हैं, तो यह बताया जाए कि उन्होंने कितने सरपंचों से संपर्क किया।
सरपंच का कहना था कि गांव में टीबी उन्मूलन के लिए काम करने वाली टीम के सदस्यों को उन्होंने कभी देखा तक नहीं। ऐसे में ग्राम पंचायत को टीबी मुक्त घोषित किए जाने की प्रक्रिया और इसके लिए किए गए जमीनी प्रयासों को लेकर सवाल खड़ा होता है।
कार्यक्रम में उठे सवाल से स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर चर्चा
सरपंच के इस सवाल के बाद कार्यक्रम में मौजूद लोगों के बीच टीबी उन्मूलन अभियान की जमीनी पहुंच को लेकर चर्चा शुरू हो गई। सवाल यह भी सामने आया कि यदि पंचायत स्तर पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गतिविधियां की हैं, तो स्थानीय जनप्रतिनिधियों तक इसकी जानकारी और संपर्क कितना रहा।
सरपंच की आपत्ति के बाद सीएमएचओ से भी इस संबंध में सवाल किए गए। पूरे घटनाक्रम ने टीबी मुक्त पंचायतों के दावे के साथ-साथ टीबी उन्मूलन अभियान के मैदानी स्तर पर क्रियान्वयन और जनप्रतिनिधियों के साथ समन्वय को लेकर चर्चा छेड़ दी।
