संतों के दर्शन-वंदन को निकला परिषद परिवार, झाबुआ से शुरू हुआ संयम वंदन यात्रा का दूसरा दौर
25 सितंबर से शुरू यात्रा 4 अक्टूबर को राष्ट्रीय अधिवेशन में होगी संपन्न, 10 अक्टूबर से शुरू होगा तीसरा दौर
नागदा। पुण्यसम्राट श्रीमद् विजय जयन्तसेन सूरीश्वरजी महाराजा के समुदायवर्ती श्रमण-श्रमणी भगवंतों के दर्शन-वंदन और क्षमायाचना के उद्देश्य से अखिल भारतीय श्री राजेन्द्र जैन नवयुवक परिषद परिवार द्वारा आयोजित संयम वंदन यात्रा के दूसरे दौर का शुभारंभ 25 सितंबर से मध्यप्रदेश के झाबुआ क्षेत्र से हुआ।
यात्रा के पहले दिन परिषद परिवार के सदस्यों ने झाबुआ, राजगढ़, जयन्तसेन म्यूजियम सहित विभिन्न क्षेत्रों में विराजमान साधु-साध्वी भगवंतों के दर्शन-वंदन का लाभ लिया। इसके बाद पारा में राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रकाश छाजेड़ सहित परिषद के राष्ट्रीय एवं प्रांतीय पदाधिकारियों ने सहभागिता करते हुए संतों के दर्शन-वंदन किए और क्षमायाचना की।
परिषद के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी ब्रजेश बोहरा ने बताया कि संयम वंदन यात्रा में परिषद के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष रमेशजी धरू (मुंबई), राष्ट्रीय शिक्षामंत्री भरतभाई व्होरा, राष्ट्रीय वेरावच्छमंत्री भरतभाई लाडू (अहमदाबाद) सहित अन्य पदाधिकारी और सदस्य अपनी सुविधानुसार शामिल हो रहे हैं।
इंदौर में गच्छाधिपति के दर्शन-वंदन
संयम वंदन यात्रा का दल 26 सितंबर को इंदौर पहुंचेगा। यहां गच्छाधिपति श्रीमद् विजय नित्यसेन सूरीश्वरजी महाराज साहेब आदि ठाणा के दर्शन-वंदन कर क्षमायाचना की जाएगी। इसके बाद यात्रा मध्यप्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में विराजमान श्रमण-श्रमणी भगवंतों के दर्शन-वंदन करते हुए आगे बढ़ेगी।
यात्रा के विभिन्न पड़ावों पर स्थानीय श्रीसंघ द्वारा परिषद परिवार के पदाधिकारियों और यात्रा दल का बहुमान भी किया जा रहा है। परिषद परिवार के सदस्य संतों के दर्शन-वंदन के साथ वंदना और क्षमायाचना कर रहे हैं।
4 अक्टूबर को राष्ट्रीय अधिवेशन में होगा दूसरे दौर का समापन
ब्रजेश बोहरा ने बताया कि संयम वंदन यात्रा का दूसरा दौर 25 सितंबर से शुरू होकर 4 अक्टूबर को अखिल भारतीय श्री राजेन्द्र जैन नवयुवक परिषद के राष्ट्रीय अधिवेशन के अवसर पर संपन्न होगा।
इस दौरान परिषद परिवार के पदाधिकारी और सदस्य विभिन्न क्षेत्रों में विराजमान साधु-साध्वी भगवंतों के दर्शन-वंदन, वंदना एवं क्षमायाचना का लाभ प्राप्त करेंगे। यात्रा का उद्देश्य समुदायवर्ती संतों के प्रति श्रद्धा व्यक्त करने के साथ उनके दर्शन और आशीर्वाद प्राप्त करना है।
10 अक्टूबर से शुरू होगा तीसरा दौर
परिषद के अनुसार संयम वंदन यात्रा का तीसरा दौर 10 अक्टूबर से शुरू होगा। यह यात्रा विभिन्न क्षेत्रों में विराजमान श्रमण-श्रमणी भगवंतों के दर्शन-वंदन और क्षमायाचना करते हुए आगे बढ़ेगी तथा 17 अक्टूबर को सूरत में संपन्न होगी।
इस तरह परिषद परिवार द्वारा साधु-साध्वी भगवंतों के दर्शन-वंदन, वंदना और क्षमायाचना के लिए संयम वंदन यात्रा का विशेष अभियान तीन चरणों में आयोजित किया जा रहा है। यात्रा में परिषद के विभिन्न पदाधिकारी और सदस्य अपनी सुविधानुसार सहभागिता कर रहे हैं।
