प्रेमबाई हत्याकांड में बेटा गिरफ्तार, पुलिस का दावा—फावड़े से सिर पर किए थे वार
शहडोल के दरैन बाहा टोला में खेत के बीच बने मकान में अकेली रहती थीं प्रेमबाई; पुलिस ने पांच दिन की जांच के बाद किया खुलासा
संभागीय ब्यूरो प्रमुख: सुनील रैदास, दैनिक स्वराज वाणी
शहडोल। जिले के सीधी थाना क्षेत्र के ग्राम दरैन बाहा टोला में 55 वर्षीय प्रेमबाई अहिरवार की हत्या के मामले में पुलिस ने उनके बेटे कौशल अहिरवार को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, जांच में सामने आया है कि कौशल ने फावड़े से अपनी मां के सिर पर कई वार किए थे। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल फावड़ा जब्त करने की भी जानकारी दी है। हत्या के पीछे संपत्ति, नकदी और जेवरात के लालच की बात पुलिस ने कही है।
प्रेमबाई अहिरवार के पति स्वर्गीय राम नारायण अहिरवार शिक्षक थे। पति की मृत्यु के बाद प्रेमबाई खेत के बीच बने मकान में अकेली रहती थीं। पुलिस को मिली जानकारी के अनुसार, 18 सितंबर की रात उनकी हत्या हुई थी। अगले दिन एक पड़ोसी महिला ने उन्हें मृत अवस्था में देखा। इसके बाद डायल-112 के माध्यम से पुलिस को सूचना दी गई।
सूचना मिलते ही शुरू हुई जांच
घटना की जानकारी मिलने के बाद सीधी थाना पुलिस ने जांच शुरू की। जयसिंहनगर थाना पुलिस, एसडीओपी, एफएसएल और डॉग स्क्वायड की टीम ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। खेत के बीच बने मकान में हुई इस वारदात की जांच के लिए पुलिस ने मौके पर उपलब्ध साक्ष्यों को देखा और परिवार के सदस्यों तथा आसपास रहने वाले लोगों से पूछताछ की।
शुरुआत में हत्या करने वाले व्यक्ति की पहचान सामने नहीं आई थी। पुलिस ने मृतका के परिवार, उनके रहन-सहन और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की पड़ताल की। करीब पांच दिन की जांच के बाद पुलिस का संदेह प्रेमबाई के बेटे कौशल अहिरवार पर गया। पुलिस के मुताबिक, पूछताछ और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर उसे गिरफ्तार किया गया।
फावड़े को लेकर पुलिस ने क्या बताया
पुलिस का कहना है कि कौशल अहिरवार ने फावड़े से प्रेमबाई के सिर पर कई वार किए, जिससे उनकी मृत्यु हो गई। वारदात में इस्तेमाल बताया जा रहा फावड़ा पुलिस ने जब्त कर लिया है। पुलिस अब घटना से जुड़े अन्य तथ्यों और साक्ष्यों की जांच कर रही है।
हत्या के कथित कारण को लेकर पुलिस ने संपत्ति, नकदी और जेवरात के लालच का उल्लेख किया है। हालांकि, मामले में आरोप और घटना के कारणों का अंतिम निर्धारण आगे की जांच तथा न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगा। पुलिस ने गिरफ्तारी के बाद आरोपी के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
पिता की मृत्यु के बाद मिली थी अनुकंपा नियुक्ति
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, कौशल के पिता राम नारायण अहिरवार शिक्षक थे। उनकी मृत्यु के बाद कौशल को अनुकंपा नियुक्ति मिली थी और वह एक स्कूल में भृत्य के पद पर कार्यरत था। प्रेमबाई का बड़ा बेटा उमरिया जिले के पाली में डाक विभाग में कार्यरत बताया गया है।
इस मामले में पुलिस के सामने सबसे पहले यह पता लगाने की चुनौती थी कि खेत में बने मकान में अकेली रह रही प्रेमबाई की हत्या किसने और किन परिस्थितियों में की। घटनास्थल के निरीक्षण, पूछताछ और उपलब्ध साक्ष्यों की जांच के बाद पुलिस आरोपी तक पहुंचने का दावा कर रही है। फिलहाल कौशल अहिरवार को गिरफ्तार कर लिया गया है और हत्याकांड से जुड़े शेष पहलुओं की जांच जारी है।
