गौवंश की बदहाल व्यवस्था पर नगर पालिका में बैठक, सुधार के लिए बनी कार्ययोजना
मृत गौवंश का कराया निस्तारण, पांच दिन में गौशाला की सफाई और पेयजल व्यवस्था सुधारने के निर्देश; रेस्क्यू टीम गठित
गौ-हद धाम। नगर में बेसहारा एवं बीमार गौवंश की बदहाल स्थिति को लेकर लगातार उठ रही आवाज के बाद नगर पालिका में पांच सदस्यीय टीम की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में सड़कों पर घूम रहे बेसहारा गौवंश, मृत पशुओं के निस्तारण, गौशाला की सफाई, पेयजल की उपलब्धता, बीमार गौवंश के उपचार और सुरक्षित परिवहन जैसे विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। व्यवस्थाओं में सुधार के लिए कई निर्णय लेते हुए संबंधित कर्मचारियों और अधिकारियों को जिम्मेदारियां सौंपी गईं।
बैठक में कहा गया कि नगर में मिलने वाले बीमार, घायल अथवा बेसहारा गौवंश को समय पर गौशाला पहुंचाने के लिए ठोस व्यवस्था आवश्यक है। इसके लिए चार सदस्यीय रेस्क्यू टीम के साथ एक अधिकारी की नियुक्ति करने का निर्णय लिया गया है। यह टीम सूचना मिलने पर संबंधित स्थान पर पहुंचकर गौवंश को सुरक्षित तरीके से गौशाला तक पहुंचाएगी।
जेसीबी से दफनाया गया मृत गौवंश
बैठक में लिए गए निर्णयों के बाद पहाड़ क्षेत्र में मृत पड़े गौवंश का नगर पालिका की ओर से निस्तारण कराया गया। जेसीबी मशीन की सहायता से गड्ढा खोदकर मृत गौवंश को दफनाया गया। मृत गौवंश के उचित निस्तारण को लेकर स्थानीय स्तर पर लंबे समय से सवाल उठाए जा रहे थे।
समिति ने मांग की कि भविष्य में भी मृत पशु की सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई की जाए, ताकि गंदगी, दुर्गंध और संक्रमण फैलने की आशंका को रोका जा सके। इसके लिए नगर पालिका स्तर पर जवाबदेही तय करने की आवश्यकता भी बताई गई।
पांच दिन में सुधरेगी गौशाला की व्यवस्था
बैठक में गौशाला की वर्तमान स्थिति की समीक्षा करते हुए पांच दिनों के भीतर सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने का निर्णय लिया गया। गौशाला परिसर से गंदगी हटाने, नियमित सफाई कराने और गौवंश को स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
इसके साथ ही गौवंश के लिए पर्याप्त एवं स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था करने की बात कही गई। गर्मी और बदलते मौसम को देखते हुए पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया। गौशाला की व्यवस्थाओं को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए 50 हजार रुपये की राशि स्वीकृत किए जाने की जानकारी भी दी गई।
लम्पी पीड़ित गौवंश के लिए आएगा काऊ कैचर
ब्रज क्षेत्र गौ-हद धाम में लम्पी वायरस से प्रभावित और अन्य बीमारियों से पीड़ित गौवंश को नगर से सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने के लिए जल्द ही काऊ कैचर वाहन उपलब्ध कराने का निर्णय लिया गया है। वाहन मिलने के बाद घायल, बीमार और चलने में असमर्थ पशुओं का रेस्क्यू आसान हो सकेगा।
बैठक में पुराने कर्मचारियों को नोटिस जारी करने का निर्णय भी लिया गया। संबंधित कर्मचारियों की जिम्मेदारी और पूर्व में किए गए कार्यों की समीक्षा की जाएगी। नई व्यवस्था के तहत गठित टीम को नगर में मिलने वाले बेसहारा एवं जरूरतमंद गौवंश के रेस्क्यू की जिम्मेदारी दी गई है।
सूचना देने के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी
गौवंश से संबंधित सूचनाओं के लिए नगरवासियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए हेल्पलाइन नंबर 8602619094 जारी किया गया है। नागरिक इस नंबर पर बीमार, घायल, बेसहारा अथवा लम्पी वायरस से पीड़ित गौवंश की जानकारी दे सकते हैं।
समिति ने नागरिकों से अपील की है कि सड़क या सार्वजनिक स्थान पर संकटग्रस्त गौवंश दिखाई देने पर उसकी सही लोकेशन और स्थिति की जानकारी हेल्पलाइन नंबर पर दें। इससे रेस्क्यू टीम को संबंधित स्थान पर शीघ्र पहुंचने में सहायता मिलेगी।
निर्णयों के क्रियान्वयन पर रहेगी निगाह
बैठक में गौवंश संरक्षण और गौशाला की व्यवस्था सुधारने के लिए कई अहम निर्णय लिए गए हैं। अब इन निर्णयों को निर्धारित समय-सीमा में धरातल पर लागू करना प्रशासन के सामने प्रमुख चुनौती होगी। विशेष रूप से पांच दिनों में सफाई और पानी की व्यवस्था, काऊ कैचर वाहन की उपलब्धता तथा रेस्क्यू टीम की सक्रियता पर स्थानीय लोगों की निगाह रहेगी।
ब्रज क्षेत्र गौ-हद धाम श्रीजी गौ सेवा समिति ने मांग की है कि गौवंश की सुरक्षा, समय पर रेस्क्यू, स्वच्छ गौशाला, पर्याप्त पानी और जिम्मेदार व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। समिति ने कहा कि गौ सेवा केवल नारा नहीं, बल्कि समाज और जिम्मेदार संस्थाओं का साझा दायित्व है।
