Manawar में शान-ओ-शौकत से निकला ईद मिलादुन्नबी का जुलूस, हजारों अकीदतमंद हुए शामिल
सवांददाता : कौशिक पंडित
Manawar । पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब के यौमे विलादत यानी ईद मिलादुन्नबी के मुबारक मौके पर मनावर में मुस्लिम समाज द्वारा जुलूस-ए-मोहम्मदी का भव्य आयोजन किया गया। शान-ओ-शौकत के साथ निकले इस जुलूस में बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोग, युवा और बच्चे शामिल हुए। जुलूस के दौरान पूरा मनावर धार्मिक नारों और नात-ए-पाक की सदाओं से गूंज उठा।
जामा मस्जिद से हुआ जुलूस का आगाज
ईद मिलादुन्नबी के अवसर पर जुलूस का आगाज जामा मस्जिद के सामने से हुआ। जुलूस में शामिल अकीदतमंदों के लब पर सरकार की आमद मरहबा और आका की आमद मरहबा की सदाएं सुनाई देती रहीं।
हजारों की संख्या में मुस्लिम समाज के लोग जुलूस में शामिल हुए। नौजवानों के साथ नन्हे-मुन्ने बच्चे भी उत्साहपूर्वक जुलूस का हिस्सा बने। कई लोग हरे और सफेद लिबास में नजर आए।

हाथों में नजर आए इस्लामी झंडे और बैनर
जुलूस में अकीदतमंद हाथों में इस्लामी झंडे, ताज वाले बोर्ड और ईद मिलादुन्नबी मुबारक के बैनर लेकर चल रहे थे। जुलूस के दौरान नात-ए-पाक पढ़ी गई और पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब की शान में अकीदत का इजहार किया गया।
जुलूस के रास्ते में लोगों की बड़ी भीड़ नजर आई। धार्मिक उत्साह के बीच समाजजनों ने शांतिपूर्ण तरीके से जुलूस में भाग लिया।
जगह-जगह फूलों की बारिश कर हुआ स्वागत
जुलूस के मार्ग में जगह-जगह स्वागत मंच लगाए गए थे। विभिन्न स्थानों पर जुलूस का फूलों की बारिश कर स्वागत किया गया। इससे माहौल और भी खुशनुमा एवं उत्साहपूर्ण हो गया।
स्थानीय लोगों ने जुलूस में शामिल अकीदतमंदों का स्वागत किया। आयोजन के दौरान सामाजिक सौहार्द और भाईचारे का संदेश भी देखने को मिला।

अमन और भाईचारे का दिया संदेश
जामा मस्जिद के पेश इमाम मोहम्मद कासीमुल कादरी ने कहा कि पैगंबर हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम ने पूरी दुनिया को अमन, मोहब्बत और भाईचारे का पैगाम दिया।
उन्होंने कहा कि ईद मिलादुन्नबी के मौके पर निकाला जाने वाला यह जुलूस उसी अमन, मोहब्बत और भाईचारे के संदेश को आम करने का माध्यम है। उन्होंने मनावर की जनता का भी आभार व्यक्त किया।
सुरक्षा को लेकर प्रशासन रहा मुस्तैद
जुलूस को लेकर प्रशासन और पुलिस द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। मनावर एसडीओपी ब्रजेश कुमार मालवीय और थाना प्रभारी राजेश यादव पुलिस बल के साथ पूरे जुलूस के दौरान मुस्तैद रहे।
प्रशासन की निगरानी में जुलूस शांतिपूर्ण तरीके से आगे बढ़ा। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर मुस्लिम समाज की ओर से पुलिस अधिकारियों का सम्मान भी किया गया।
पुलिस अधिकारियों का फूल-माला से सम्मान
जुलूस शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने और सुरक्षा व्यवस्था में सहयोग के लिए मुस्लिम समाज की ओर से एसडीओपी ब्रजेश कुमार मालवीय एवं थाना प्रभारी राजेश यादव का फूल-माला पहनाकर स्वागत और सम्मान किया गया।
समाजजनों ने प्रशासन और पुलिस के सहयोग के प्रति आभार जताया।

सलातो-सलाम और दुआ के साथ हुआ समापन
जुलूस विभिन्न मार्गों से होता हुआ वापस जामा मस्जिद पहुंचा। यहां सलातो-सलाम पेश किया गया। इसके बाद मुल्क में अमन-चैन, खुशहाली और भाईचारे के लिए दुआ की गई।
शांतिपूर्ण माहौल में धार्मिक आयोजन का समापन हुआ। आयोजन में शामिल लोगों ने एक-दूसरे को ईद मिलादुन्नबी की मुबारकबाद दी।
खत्री पंच कमेटी ने कराया शाकाहारी लंगर
जुलूस के बाद जामा मस्जिद के सामने खत्री पंच कमेटी की ओर से शुद्ध शाकाहारी लंगर का इंतजाम किया गया। इसमें मनावर शहर के मुस्लिम समाज के लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
लंगर की खास बात यह रही कि समाज के अमीर और गरीब सभी लोग एक ही जाजम पर बैठकर भोजन करते नजर आए। शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में सभी ने लंगर ग्रहण किया।

एकता और भाईचारे का संदेश
ईद मिलादुन्नबी के इस आयोजन में धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक एकता और भाईचारे की तस्वीर भी देखने को मिली। जुलूस में शामिल लोगों ने पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब के अमन, मोहब्बत और इंसानियत के संदेश को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।
Manawar में आयोजित यह जुलूस शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था, समाज की सहभागिता और स्थानीय लोगों के सहयोग से आयोजन सफल रहा। जुलूस के दौरान शहर में धार्मिक उत्साह के साथ सामाजिक सौहार्द का माहौल बना रहा।
