—Advertisement—

Raksha Bandhan पर बुजुर्गों और दिव्यांगों के बीच पहुंचेगा अपनापन, आस्था वृद्धाश्रम में मनाया जाएगा खास पर्व

Author Picture
Published On: 26 August 2026
Raksha Bandhan,
— रक्षाबंधन पर इंदौर में खास पहल, आस्था वृद्धाश्रम में बुजुर्गों और दिव्यांगजनों के बीच मनाया जाएगा पर्व

—Advertisement—

Raksha Bandhan पर बुजुर्गों और दिव्यांगों के बीच पहुंचेगा अपनापन, आस्था वृद्धाश्रम में मनाया जाएगा खास पर्व

इंदौर। Raksha Bandhan का त्योहार आमतौर पर भाई-बहन के प्रेम, विश्वास और सुरक्षा के रिश्ते को मजबूत करने के लिए मनाया जाता है। लेकिन इस बार इंदौर में इस पर्व को सामाजिक सरोकार से जोड़ते हुए उन बुजुर्गों और दिव्यांगजनों के साथ मनाने की पहल की गई है, जिन्हें परिवार और अपनों के साथ की सबसे ज्यादा जरूरत होती है। इसी उद्देश्य से ‘आओ बनाएं रक्षाबंधन अपनों के संग’ अभियान के तहत बुधवार, 26 अगस्त को परदेशीपुरा स्थित आस्था वृद्ध सेवा आश्रम में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।

इस आयोजन का उद्देश्य केवल रक्षाबंधन का त्योहार मनाना नहीं, बल्कि आश्रम में रहने वाले बुजुर्गों और दिव्यांगजनों को अपनत्व, सम्मान और भावनात्मक जुड़ाव का एहसास कराना है। कार्यक्रम में शहर के जनप्रतिनिधियों के साथ सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोग भी शामिल होंगे और आश्रम के रहवासियों के साथ पर्व की खुशियां साझा करेंगे।

आस्था वृद्धाश्रम में होगा विशेष आयोजन

Raksha Bandhan कार्यक्रम का आयोजन 26 अगस्त को सुबह 10:30 बजे आस्था वृद्धाश्रम, समाज कल्याण परिसर, इलेक्ट्रॉनिक कॉम्प्लेक्स चौराहा, परदेशीपुरा में किया जाएगा। कार्यक्रम को लेकर तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। आयोजन में आश्रम में रहने वाले बुजुर्गों और दिव्यांगजनों को विशेष रूप से शामिल किया जाएगा।

इस दौरान उनके साथ बातचीत करने, रक्षाबंधन की खुशियां साझा करने और उन्हें परिवार जैसा माहौल देने का प्रयास किया जाएगा। आयोजन से जुड़े लोगों का कहना है कि त्योहारों की असली खुशी तभी सार्थक होती है, जब समाज के हर वर्ग तक उसका उत्साह और अपनापन पहुंचे।

मंत्री कैलाश विजयवर्गीय होंगे मुख्य अतिथि

कार्यक्रम में नगरीय विकास एवं आवास विभाग मंत्री कैलाश विजयवर्गीय मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। उनके साथ इंदौर के महापौर पुष्यमित्र भार्गव भी मौजूद रहेंगे। विधायक रमेश मैंदोला और पूर्व विधायक आकाश विजयवर्गीय सहित शहर के अन्य प्रमुख जनप्रतिनिधियों और पार्षदों के भी कार्यक्रम में शामिल होने की संभावना है।

शहर के सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों को भी आयोजन में आमंत्रित किया गया है। जनप्रतिनिधियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में बुजुर्गों और दिव्यांगजनों के साथ रक्षाबंधन मनाया जाएगा। कार्यक्रम के माध्यम से समाज में सेवा और संवेदनशीलता की भावना को मजबूत करने का संदेश देने की कोशिश की जा रही है।

त्योहार से आगे भावनात्मक जुड़ाव का संदेश

एमआईसी मेंबर राजेंद्र राठौर के अनुसार, यह आयोजन केवल एक धार्मिक या पारंपरिक त्योहार तक सीमित नहीं है। इसका मुख्य उद्देश्य बुजुर्गों और दिव्यांगजनों के साथ भावनात्मक जुड़ाव स्थापित करना है। उन्होंने कहा कि समाज में ऐसे कई लोग हैं, जो किसी न किसी कारण से अपने परिवार से दूर रहते हैं। त्योहारों के दौरान उनके मन में अपनों की कमी और अधिक महसूस हो सकती है।

ऐसे में उनके बीच पहुंचकर त्योहार मनाना उन्हें यह भरोसा दिलाता है कि समाज उनके साथ खड़ा है। रक्षाबंधन जैसे पर्व के जरिए प्रेम, सम्मान और रिश्तों की भावना को मजबूत करने की कोशिश की जा रही है।

बुजुर्गों के साथ बांटी जाएंगी खुशियां

कार्यक्रम के दौरान आश्रम में रहने वाले बुजुर्गों और दिव्यांगजनों के साथ रक्षाबंधन मनाया जाएगा। उनके साथ समय बिताने और बातचीत करने के साथ त्योहार की खुशियां साझा की जाएंगी। आयोजन में शामिल होने वाले जनप्रतिनिधि और सामाजिक कार्यकर्ता उनके साथ आत्मीयता से जुड़ने का प्रयास करेंगे।

आयोजकों का मानना है कि बुजुर्ग केवल देखभाल के पात्र नहीं हैं, बल्कि वे समाज के अनुभव और परंपराओं के महत्वपूर्ण वाहक हैं। इसी तरह दिव्यांगजनों को भी समाज की मुख्यधारा में सम्मान और बराबरी का स्थान मिलना चाहिए। ऐसे कार्यक्रम लोगों के बीच संवेदनशीलता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।

‘आओ बनाएं रक्षाबंधन अपनों के संग’ अभियान

‘आओ बनाएं रक्षाबंधन अपनों के संग’ अभियान का मूल संदेश यही है कि त्योहारों की खुशियां समाज के हर व्यक्ति तक पहुंचनी चाहिए। परिवार से दूर रहने वाले बुजुर्गों और जरूरतमंद लोगों के बीच पहुंचकर त्योहार मनाने से उन्हें भावनात्मक सहारा मिलता है।

रक्षाबंधन भाई-बहन के रिश्ते का पर्व है, लेकिन इसका व्यापक संदेश प्रेम, सुरक्षा और जिम्मेदारी से भी जुड़ा है। इसी भावना को आगे बढ़ाते हुए आस्था वृद्ध सेवा आश्रम में यह आयोजन किया जा रहा है।

समाज में संवेदना बढ़ाने की पहल

इंदौर में समय-समय पर सामाजिक संस्थाओं और जनप्रतिनिधियों द्वारा बुजुर्गों, दिव्यांगजनों और जरूरतमंद लोगों के बीच त्योहार मनाने की पहल की जाती रही है। ऐसे आयोजनों से जहां जरूरतमंद लोगों को खुशी मिलती है, वहीं समाज के अन्य लोगों को भी उनके प्रति अपनी जिम्मेदारी समझने का अवसर मिलता है।

आस्था वृद्धाश्रम में होने वाला यह कार्यक्रम भी इसी सामाजिक सोच को आगे बढ़ाने का प्रयास है। आयोजन के जरिए यह संदेश दिया जाएगा कि त्योहार केवल अपने परिवार के साथ खुशियां मनाने का अवसर नहीं हैं, बल्कि उन लोगों तक पहुंचने का भी मौका हैं, जिन्हें प्यार, सम्मान और साथ की जरूरत है।

Raksha Bandhan के मौके पर आयोजित यह कार्यक्रम बुजुर्गों और दिव्यांगजनों के लिए भावनात्मक रूप से खास रहने की उम्मीद है। जनप्रतिनिधियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में उनके साथ समय बिताने और त्योहार मनाने से उन्हें परिवार जैसा अपनापन महसूस कराने का प्रयास किया जाएगा। साथ ही यह आयोजन समाज में संवेदना, सम्मान और सहयोग की भावना को मजबूत करने का संदेश भी देगा।

Related News
Breaking News हमेशा आपके पास

SwarajVani App Install करें

Latest India News & Breaking Updates — सीधे Home Screen पर

Offline पढ़ें Breaking Alerts बिल्कुल Free
SwarajVani को iPhone पर install करें:
📤 Share बटन दबाएं → "Add to Home Screen" select करें
Home
Web Stories
Instagram
WhatsApp