मध्य प्रदेश में सरकारी विश्राम गृहों की ऑनलाइन बुकिंग शुरू, 267 भवन आम जनता के लिए खुले
267 PWD विश्राम गृह आम जनता के लिए खुले
मध्य प्रदेश में आम नागरिकों और पर्यटकों के लिए बड़ी सुविधा शुरू की गई है। अब आम लोग भी लोक निर्माण विभाग यानी PWD के विश्राम गृहों में ठहर सकेंगे। विभाग ने प्रदेशभर में स्थित 267 विश्राम भवनों और विश्राम गृहों को आम जनता के लिए खोल दिया है। इन भवनों में उपलब्ध कमरों और हॉल की ऑनलाइन बुकिंग की सुविधा भी शुरू कर दी गई है।
अब तक PWD के इन विश्राम गृहों का उपयोग मुख्य रूप से सरकारी अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और विभागीय जरूरतों के लिए किया जाता था। लेकिन अब उपलब्धता के आधार पर आम नागरिक भी इन सरकारी विश्राम गृहों में कमरा या हॉल बुक कर सकेंगे।
देश के किसी भी हिस्से से कर सकेंगे ऑनलाइन बुकिंग
नई व्यवस्था के तहत नागरिक घर बैठे PWD के आधिकारिक ऑनलाइन सिस्टम के माध्यम से विश्राम गृहों की उपलब्धता देख सकेंगे और बुकिंग कर सकेंगे। इससे मध्य प्रदेश के अलग-अलग शहरों में यात्रा करने वाले पर्यटकों, यात्रियों और आम नागरिकों को ठहरने का एक अतिरिक्त विकल्प मिलेगा।
विशेष रूप से उन लोगों के लिए यह सुविधा उपयोगी हो सकती है, जो भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर, पचमढ़ी, खजुराहो और अन्य पर्यटन स्थलों की यात्रा करते हैं। सरकारी विश्राम गृहों की उपलब्धता के आधार पर लोग अपनी यात्रा की योजना बनाकर पहले से कमरा बुक कर सकेंगे।
2023 में लिया गया था आम लोगों को सुविधा देने का फैसला
PWD ने वर्ष 2023 में अपने विश्राम गृहों को आम जनता के लिए उपलब्ध कराने का फैसला किया था। अब इस फैसले को प्रदेशभर में पूरी तरह लागू कर दिया गया है। इसके साथ ही ऑनलाइन बुकिंग व्यवस्था शुरू होने से इस सुविधा को अधिक पारदर्शी और सुविधाजनक बनाने की कोशिश की गई है।
अब नागरिकों को सरकारी विश्राम गृह में कमरा लेने के लिए केवल अधिकारियों या विभागीय माध्यमों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। कमरे की उपलब्धता होने पर वे निर्धारित प्रक्रिया के तहत स्वयं बुकिंग कर सकेंगे।
12 साल बाद बढ़ाए गए विश्राम गृहों के किराए
आम जनता के लिए बुकिंग शुरू करने के साथ ही PWD ने विश्राम गृहों के किराए में भी बदलाव किया है। विभाग ने करीब 12 साल बाद किराए की दरों में संशोधन किया है। नई दरें 27 जुलाई 2026 से लागू हो चुकी हैं।
किराए में बढ़ोतरी अलग-अलग शहरों और स्थानों के हिसाब से की गई है। प्रमुख शहरों और पर्यटन स्थलों के लिए अलग दर निर्धारित की गई है, जबकि अन्य जिला मुख्यालयों के लिए अलग किराया तय किया गया है।
भोपाल, इंदौर और पर्यटन स्थलों पर कमरे का किराया 1,500 रुपये
भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर, पचमढ़ी और खजुराहो जैसे प्रमुख शहरों एवं पर्यटन स्थलों पर PWD विश्राम गृह में एक कमरे का एक दिन का किराया अब 1,500 रुपये निर्धारित किया गया है।
इससे पहले इन स्थानों पर एक कमरे के लिए 800 रुपये प्रतिदिन चुकाने पड़ते थे। यानी नई व्यवस्था में कमरे का किराया 700 रुपये बढ़ाया गया है।
इसी श्रेणी के स्थानों पर हॉल की बुकिंग के लिए भी नई दर लागू की गई है। पहले हॉल का किराया 1,000 रुपये था, जिसे बढ़ाकर अब 2,000 रुपये कर दिया गया है।
अन्य जिला मुख्यालयों पर भी बदली दरें
प्रदेश के अन्य जिला मुख्यालयों में भी PWD विश्राम गृहों के किराए में संशोधन किया गया है। यहां एक कमरे का किराया 600 रुपये से बढ़ाकर 1,000 रुपये प्रतिदिन कर दिया गया है।
वहीं, हॉल की बुकिंग के लिए अब 800 रुपये के बजाय 1,500 रुपये चुकाने होंगे। इस तरह अन्य जिला मुख्यालयों में भी कमरों और हॉल दोनों की दरों में बढ़ोतरी की गई है।
पर्यटकों को मिलेगा ठहरने का अतिरिक्त विकल्प
मध्य प्रदेश पर्यटन की दृष्टि से देश के प्रमुख राज्यों में शामिल है। यहां पचमढ़ी, खजुराहो समेत कई ऐसे पर्यटन स्थल हैं, जहां सालभर देश-विदेश से पर्यटक पहुंचते हैं। ऐसे में PWD के विश्राम गृहों को आम लोगों के लिए खोलने से यात्रियों को ठहरने का एक और विकल्प उपलब्ध होगा।
सरकारी विश्राम गृहों की ऑनलाइन उपलब्धता और बुकिंग व्यवस्था से पर्यटकों को यात्रा से पहले रहने की योजना बनाने में सुविधा होगी। खासकर उन यात्रियों के लिए यह उपयोगी हो सकता है, जो सरकारी विश्राम गृह वाले शहरों या जिलों की यात्रा कर रहे हैं।
ऑनलाइन व्यवस्था से बुकिंग में आएगी पारदर्शिता
ऑनलाइन बुकिंग शुरू होने से नागरिकों को उपलब्ध कमरों की जानकारी डिजिटल माध्यम से मिल सकेगी। इससे बुकिंग प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है।
अब किसी विश्राम गृह में कमरा उपलब्ध है या नहीं, इसकी जानकारी लेने के लिए संबंधित कार्यालयों के चक्कर लगाने की जरूरत कम होगी। उपलब्धता के अनुसार नागरिक ऑनलाइन बुकिंग कर सकेंगे।
सरकारी सुविधाओं का आम लोगों को मिलेगा लाभ
PWD के 267 विश्राम गृहों को आम जनता के लिए खोलना सरकारी संपत्तियों और सुविधाओं के व्यापक उपयोग की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे सरकारी अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों तक सीमित रहने वाली यह सुविधा अब आम नागरिकों और पर्यटकों को भी मिल सकेगी।
हालांकि, बुकिंग पूरी तरह कमरे या हॉल की उपलब्धता और विभाग द्वारा निर्धारित नियमों के अनुसार होगी। नई किराया दरों के लागू होने के बाद यात्रियों को बुकिंग करते समय संबंधित स्थान की निर्धारित दरों का भुगतान करना होगा।
कुल मिलाकर मध्य प्रदेश में 267 PWD विश्राम गृहों को आम जनता के लिए खोलने और ऑनलाइन बुकिंग शुरू करने से राज्य में यात्रा करने वाले लोगों को ठहरने का एक नया विकल्प मिला है। वहीं, करीब 12 साल बाद किराए में संशोधन के चलते अब इन विश्राम गृहों में ठहरने के लिए पहले की तुलना में अधिक शुल्क देना होगा।
