बेगम बाग में फिर चला UDA का बुलडोजर, सिंहस्थ 2028 से पहले विकास कार्यों को रफ्तार
उज्जैन। सिंहस्थ 2028 की तैयारियों को लेकर उज्जैन में विकास कार्यों की गति लगातार बढ़ रही है। इसी कड़ी में उज्जैन विकास प्राधिकरण (UDA) ने शनिवार को बेगम बाग क्षेत्र में एक बार फिर बड़ी कार्रवाई की। हरि फाटक पुल के चौड़ीकरण और हरि फाटक से महाकाल चौराहे तक प्रस्तावित विकास कार्यों के लिए चिह्नित आधा दर्जन से अधिक मकानों को हटाने की कार्रवाई की गई। कार्रवाई के दौरान प्रशासन और UDA का अमला मौके पर मौजूद रहा।
हरि फाटक से महाकाल मार्ग पर चल रही कार्रवाई के चलते मार्ग की आवाजाही भी बंद रखी गई। विकास एजेंसियों का कहना है कि इस क्षेत्र में प्रस्तावित सड़क चौड़ीकरण, पार्किंग, पाथवे और अन्य सुविधाओं के लिए आवश्यक जमीन उपलब्ध कराना इस कार्रवाई का प्रमुख उद्देश्य है।
1985 में आवासीय उपयोग के लिए दिए गए थे प्लॉट
बेगम बाग कॉलोनी में वर्ष 1985 में 34 प्लॉट 30 वर्ष की लीज पर आवासीय उपयोग के लिए दिए गए थे। लीज की शर्तों के अनुसार इन भूखंडों को बेचने और व्यावसायिक उपयोग करने की अनुमति नहीं थी।
UDA के अनुसार, समय के साथ कई भूखंडों के टुकड़े कर उन्हें बेचने, मकानों में दुकान, होटल और रेस्टोरेंट संचालित करने तथा लीज राशि का भुगतान नहीं करने जैसी अनियमितताएं सामने आईं। इन मामलों को लेकर प्राधिकरण द्वारा सर्वे कराया गया।
वर्ष 2023 में किए गए सर्वे के बाद करीब 45 पट्टे निरस्त किए गए थे। इसके बाद संबंधित निर्माणों को हटाने की प्रक्रिया शुरू हुई।
हाईकोर्ट से स्टे खारिज होने के बाद तेज हुई कार्रवाई
बेगम बाग के निर्माणों को लेकर मामला न्यायालय तक भी पहुंचा था। हाईकोर्ट से स्टे खारिज होने के बाद UDA ने चिह्नित निर्माणों को हटाने की कार्रवाई को आगे बढ़ाया। इसके बाद चरणबद्ध तरीके से क्षेत्र में कार्रवाई की जा रही है।
UDA सीईओ संदीप सोनी के मुताबिक बेगम बाग क्षेत्र में यह पांचवीं-छठी बड़ी कार्रवाई है। अधिकारियों के अनुसार आगे भी चिह्नित निर्माणों के खिलाफ कार्रवाई जारी रह सकती है।
95 में से 64 निर्माण हटाए गए
UDA के मुताबिक बेगम बाग में 45 भूखंडों पर कुल 95 निर्माण चिह्नित किए गए थे। इनमें से अब तक 64 निर्माण हटाए जा चुके हैं। शनिवार को भी टीम ने आधा दर्जन से अधिक मकानों पर कार्रवाई शुरू की।
प्रशासनिक अधिकारियों और UDA की टीम की मौजूदगी में कार्रवाई को अंजाम दिया गया। क्षेत्र में किसी प्रकार की अप्रिय स्थिति न बने, इसके लिए मौके पर आवश्यक प्रशासनिक व्यवस्था भी रखी गई।
24 मीटर चौड़ी होगी सड़क
बेगम बाग में कार्रवाई के पीछे प्रमुख उद्देश्य हरि फाटक से महाकाल चौराहे तक प्रस्तावित सड़क विकास के लिए जमीन उपलब्ध कराना है। योजना के तहत इस मार्ग को करीब 24 मीटर चौड़ा करने का प्रस्ताव है।
इसके साथ ही क्षेत्र में पार्किंग जोन, पाथवे और स्मार्ट लाइटिंग जैसी सुविधाएं विकसित करने की तैयारी है। हरि फाटक पुल के चौड़ीकरण की योजना भी इसी विकास कार्य का हिस्सा है।
श्रद्धालुओं के आवागमन को मिलेगा बेहतर मार्ग
महाकाल मंदिर में दर्शन के लिए प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु उज्जैन पहुंचते हैं। सिंहस्थ 2028 के दौरान श्रद्धालुओं की संख्या और बढ़ने की संभावना को देखते हुए शहर के प्रमुख मार्गों को बेहतर बनाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
हरि फाटक से महाकाल क्षेत्र तक सड़क चौड़ी होने और पुल के विस्तार के बाद यातायात क्षमता बढ़ने की उम्मीद है। साथ ही पैदल श्रद्धालुओं के लिए पाथवे और वाहनों के लिए पार्किंग व्यवस्था विकसित होने से क्षेत्र में यातायात प्रबंधन को बेहतर बनाने में मदद मिल सकती है।
सिंहस्थ 2028 से पहले यातायात व्यवस्था सुधारने की तैयारी
सिंहस्थ 2028 उज्जैन के लिए बड़े धार्मिक आयोजनों में से एक होगा। इस दौरान देश के अलग-अलग हिस्सों से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। इसे देखते हुए प्रशासन शहर के प्रमुख प्रवेश मार्गों, पुलों, सड़कों और महाकाल क्षेत्र की कनेक्टिविटी को मजबूत करने पर काम कर रहा है।
बेगम बाग में चल रही कार्रवाई को भी इसी व्यापक विकास योजना से जोड़कर देखा जा रहा है। सड़क चौड़ीकरण के बाद हरि फाटक से महाकाल क्षेत्र तक यातायात का दबाव कम करने और आवागमन को सुगम बनाने की योजना है।
करीब 371 करोड़ रुपये की परियोजना
हरि फाटक से महाकाल क्षेत्र तक प्रस्तावित विकास कार्यों को करीब 371 करोड़ रुपये की महाकाल पहुंच मार्ग परियोजना से जोड़ा जा रहा है। परियोजना में सड़क चौड़ीकरण, पुल विस्तार, पार्किंग, पाथवे और स्मार्ट लाइटिंग जैसे कार्य शामिल हैं।
इन विकास कार्यों का उद्देश्य सिंहस्थ से पहले महाकाल क्षेत्र की कनेक्टिविटी को बेहतर बनाना और श्रद्धालुओं के लिए सुविधाजनक यातायात व्यवस्था तैयार करना है। बेगम बाग में जारी कार्रवाई के बाद परियोजना के लिए आवश्यक जमीन उपलब्ध कराने की प्रक्रिया आगे बढ़ी है।
आगे भी जारी रह सकती है कार्रवाई
बेगम बाग में चिह्नित निर्माणों को हटाने की प्रक्रिया अभी पूरी नहीं हुई है। UDA के अनुसार 95 चिह्नित निर्माणों में से 64 हटाए जा चुके हैं, जबकि शेष निर्माणों पर नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।
विकास परियोजना के लिए जमीन उपलब्ध कराने के साथ ही प्रशासन के सामने स्थानीय लोगों की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी भी है। आने वाले दिनों में क्षेत्र में कार्रवाई और विकास कार्य दोनों के और तेज होने की संभावना है।
सिंहस्थ 2028 से पहले उज्जैन को बेहतर यातायात और श्रद्धालु सुविधाओं से लैस करने की दिशा में बेगम बाग की कार्रवाई को महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। सड़क चौड़ीकरण, पुल विस्तार, पार्किंग और पाथवे तैयार होने के बाद हरि फाटक से महाकाल क्षेत्र तक आने-जाने वाले लोगों को बेहतर सुविधाएं मिलने की उम्मीद है।
दैनिक स्वराज वाणी | प्रियंका गुजराती
