कालीबावड़ी में बुजुर्ग दंपती से लूट और मारपीट मामले का खुलासा, एक आरोपी गिरफ्तार
रात में घर में घुसकर 85 वर्षीय बुजुर्ग और उनकी पत्नी से मारपीट कर दो सोने के मंगलसूत्र लूटने का मामला; धरमपुरी पुलिस ने एक आरोपी को पकड़ा, अन्य आरोपियों की तलाश जारी
घटना 27 जून 2026 की रात करीब एक बजे की बताई गई है। पुलिस के मुताबिक तीन बदमाश घर में घुसे थे और बुजुर्ग दंपती के साथ लाठी से मारपीट करने के बाद महिला के गले से सोने के दो मंगलसूत्र छीनकर फरार हो गए थे। शिकायत के आधार पर धरमपुरी थाने में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई थी।
रात एक बजे घर में घुसे थे तीन बदमाश
धरमपुरी पुलिस के अनुसार फरियादी नेमीचंद राठौर पिता प्रेमचंद, उम्र 85 वर्ष, निवासी कालीबावड़ी ने 27 जून को थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि घटना के समय वह अपनी पत्नी पार्वती के साथ घर में सो रहे थे।
रात करीब एक बजे तीन बदमाश कथित रूप से उनके घर में घुस आए। आरोप है कि बदमाशों ने नेमीचंद और उनकी पत्नी के साथ लाठी से मारपीट की, जिससे दोनों को चोटें आईं।
इसके बाद बदमाश पार्वती के गले में पहने हुए सोने के दो मंगलसूत्र छीनकर मौके से फरार हो गए। अचानक हुई इस वारदात के बाद मामले की सूचना पुलिस को दी गई।
BNS की धाराओं में दर्ज किया गया था मामला
फरियादी की शिकायत पर धरमपुरी थाना पुलिस ने अपराध क्रमांक 191/2026 दर्ज किया। पुलिस के अनुसार प्रकरण में धारा 309(6) और 331(8) बीएनएस के तहत मामला पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की गई।
बुजुर्ग दंपती के साथ घर में घुसकर हुई लूट और मारपीट की घटना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधिकारियों ने आरोपियों का पता लगाने के लिए विशेष टीम गठित की।
टीम ने घटना से जुड़े तथ्यों और संभावित संदिग्धों के संबंध में जानकारी जुटानी शुरू की। इसी दौरान पुलिस को एक युवक की कथित संलिप्तता के संबंध में सूचना मिली।
एसडीओपी के मार्गदर्शन में बनाई गई विशेष टीम
पुलिस के अनुसार वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में एसडीओपी मनावर ब्रजेश कुमार मालवीय के मार्गदर्शन तथा धरमपुरी थाना प्रभारी निरीक्षक सरदारसिंह सोलंकी के नेतृत्व में विशेष टीम बनाई गई।
टीम ने अलग-अलग स्तर पर जांच करते हुए घटना में शामिल लोगों की पहचान करने का प्रयास किया। विवेचना के दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि कालीबावड़ी निवासी संजय पिता कालु भाभर, उम्र 21 वर्ष की घटना में भूमिका हो सकती है।
सूचना के आधार पर पुलिस ने संजय को पकड़कर पूछताछ की। पुलिस का दावा है कि पूछताछ में वारदात की योजना और अन्य लोगों की कथित भूमिका से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई।
जेल में हुई दोस्ती के बाद बनी कथित योजना
पुलिस द्वारा जारी जानकारी के मुताबिक पूछताछ में आरोपी संजय ने बताया कि उसकी जेल में सुरेश पिता थानसिंह, निवासी गंधवानी से दोस्ती हुई थी।
पुलिस का दावा है कि पूछताछ के दौरान संजय ने बताया कि सुरेश ने उससे ऐसे व्यक्ति के संबंध में जानकारी देने के लिए कहा था, जिसके पास अधिक रकम या कीमती सामान होने की संभावना हो।
आरोपी से हुई पूछताछ के आधार पर पुलिस ने बताया कि संजय ने 25 जून 2026 को सुरेश को फोन कर अपने पड़ोस में रहने वाले नेमीचंद राठौर के घर के संबंध में जानकारी दी थी। पुलिस के अनुसार उसने कथित रूप से बताया था कि नेमीचंद के यहां गिरवी रखा हुआ माल मौजूद है।
इन तथ्यों की पुलिस द्वारा आगे की विवेचना की जा रही है।
सरकारी कुएं के पास मिलने का दावा
पुलिस के अनुसार आरोपी ने पूछताछ में बताया कि 26 जून को सुरेश अपने दो साथियों के साथ मोटरसाइकिल से कालीबावड़ी पहुंचा था। तीनों कथित रूप से गांव के सरकारी कुएं के पास पहुंचे, जहां संजय की उनसे मुलाकात हुई।
इसके बाद 26 और 27 जून की दरमियानी रात बुजुर्ग दंपती के घर लूट और मारपीट की वारदात को अंजाम दिए जाने का आरोप है।
पुलिस अब इस कथित योजना में प्रत्येक व्यक्ति की भूमिका और घटनाक्रम से संबंधित अन्य तथ्यों की जांच कर रही है।
21 वर्षीय आरोपी पुलिस की गिरफ्त में
धरमपुरी पुलिस ने प्रकरण में संजय पिता कालु भाभर, उम्र 21 वर्ष, निवासी कालीबावड़ी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी से पूछताछ और अब तक हुई विवेचना में प्राप्त जानकारी के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि वारदात को अंजाम देने में कौन-कौन शामिल था और लूटे गए सोने के मंगलसूत्र कहां हैं। मामले में अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी और लूटी गई संपत्ति की बरामदगी के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।
अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी पुलिस
धरमपुरी पुलिस का कहना है कि प्रकरण की जांच अभी जारी है। गिरफ्तार आरोपी से प्राप्त जानकारी के आधार पर अन्य संदिग्धों की तलाश की जा रही है। उनकी गिरफ्तारी के बाद घटना से जुड़े अन्य तथ्य सामने आने की संभावना है।
पुलिस अब कथित रूप से वारदात की योजना बनाने, सूचना उपलब्ध कराने और घटना को अंजाम देने वाले लोगों की भूमिका की अलग-अलग जांच कर रही है।
मामले में आगे मिलने वाले साक्ष्यों और विवेचना के आधार पर नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। आरोपों का अंतिम निर्धारण न्यायिक प्रक्रिया के अधीन होगा।
पुलिस टीम की रही महत्वपूर्ण भूमिका
पुलिस विभाग के अनुसार इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक सरदारसिंह सोलंकी, सहायक उपनिरीक्षक दिनेशसिंह सिसोदिया, प्रधान आरक्षक सुनील, प्रधान आरक्षक वेस्ता सोलिया, प्रधान आरक्षक महेश और आरक्षक लक्ष्मण की विशेष भूमिका रही।
धरमपुरी पुलिस अब मामले में फरार बताए जा रहे अन्य आरोपियों की तलाश के साथ लूटे गए सोने के मंगलसूत्र की बरामदगी की दिशा में जांच आगे बढ़ा रही है। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद वारदात की पूरी कड़ी और इसमें शामिल लोगों की भूमिका अधिक स्पष्ट होने की उम्मीद है।
