Holkar Science College में नशा मुक्ति जागरूकता सेमिनार, 300 से 400 विद्यार्थियों ने लिया भाग
युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से किया जागरूक
इंदौर, 18 अगस्त 2026। जिला प्रशासन एवं आबकारी विभाग, इंदौर द्वारा नशा मुक्ति अभियान के अंतर्गत युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से Holkar Science College में जागरूकता सेमिनार आयोजित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन कॉलेज के यशवंत हॉल में किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने सहभागिता की।
सेमिनार का उद्देश्य युवाओं को नशे से होने वाले व्यक्तिगत, पारिवारिक और सामाजिक नुकसान की जानकारी देना तथा उन्हें स्वस्थ, सुरक्षित और नशामुक्त जीवन के लिए प्रेरित करना रहा।
प्राचार्य डॉ. अनामिका जैन की रही गरिमामयी उपस्थिति
कार्यक्रम में होलकर साइंस कॉलेज की प्राचार्य डॉ. अनामिका जैन की गरिमामयी उपस्थिति रही। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सहायक आयुक्त आबकारी श्री अभिषेक तिवारी रहे।
कार्यक्रम में आबकारी विभाग के अधिकारियों और कॉलेज के विद्यार्थियों ने भाग लिया। अधिकारियों ने युवाओं से नशे से दूर रहने और अपने आसपास के लोगों को भी नशामुक्त जीवन अपनाने के लिए प्रेरित करने का आह्वान किया।
नशे के विभिन्न स्वरूपों और दुष्प्रभावों की दी जानकारी
सहायक आयुक्त आबकारी श्री अभिषेक तिवारी ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए नशे के विभिन्न स्वरूपों और इससे होने वाले नुकसान के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि युवा देश की सबसे महत्वपूर्ण शक्ति हैं और उनका स्वस्थ एवं सकारात्मक रहना देश के भविष्य के लिए आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि नशे की आदत व्यक्ति के स्वास्थ्य और भविष्य को प्रभावित करने के साथ उसके परिवार और पूरे समाज पर भी नकारात्मक असर डाल सकती है। इसलिए युवाओं को नशे की शुरुआत से ही सतर्क रहने की आवश्यकता है।
Peer Pressure और गलत संगति से सावधान रहने की अपील
श्री तिवारी ने विद्यार्थियों को नशे की शुरुआत के पीछे काम करने वाले विभिन्न कारणों के प्रति सचेत किया। उन्होंने विशेष रूप से साथियों के दबाव (Peer Pressure), जिज्ञासा और गलत संगति जैसी परिस्थितियों से सावधान रहने की सलाह दी।
उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि किसी भी प्रकार के नशे को फैशन या मनोरंजन का हिस्सा समझकर स्वीकार नहीं करना चाहिए। शुरुआत में लिया गया छोटा कदम आगे चलकर गंभीर समस्या का रूप ले सकता है।
उन्होंने युवाओं को अपने कैरियर, शिक्षा, खेल और अन्य सकारात्मक गतिविधियों पर ध्यान केंद्रित करने की सलाह दी। साथ ही अपने मित्रों और आसपास के लोगों को भी नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करने का आह्वान किया।

नशामुक्त समाज के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी
सहायक आयुक्त आबकारी ने कहा कि नशामुक्त समाज का निर्माण केवल सरकारी प्रयासों से संभव नहीं है। इसके लिए विद्यार्थियों, परिवारों, शैक्षणिक संस्थानों और समाज की सामूहिक भागीदारी आवश्यक है।
उन्होंने विद्यार्थियों को संदेश दिया कि नशे से दूरी बेहतर भविष्य की ओर पहला कदम है। युवा स्वयं नशे से दूर रहकर अपने साथियों और समाज के लिए सकारात्मक उदाहरण बन सकते हैं।

NSS विद्यार्थियों ने प्रस्तुत किया नुक्कड़ नाटक
सेमिनार के दौरान कॉलेज के NSS विद्यार्थियों द्वारा नशा मुक्ति पर आधारित प्रभावी नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया गया। नाटक के माध्यम से नशे की शुरुआत, उसके बढ़ते दुष्प्रभावों और परिवार एवं समाज पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभावों को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया गया।
विद्यार्थियों की प्रस्तुति को कार्यक्रम में मौजूद छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक देखा और सराहा। नुक्कड़ नाटक के माध्यम से युवाओं को यह संदेश देने का प्रयास किया गया कि नशे की आदत व्यक्ति के साथ-साथ उसके परिवार और सामाजिक जीवन को भी प्रभावित कर सकती है।
300 से 400 विद्यार्थियों ने लिया सहभागिता
जागरूकता सेमिनार में लगभग 300 से 400 विद्यार्थियों ने सहभागिता की। विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने तथा अपने आसपास भी नशामुक्ति का संदेश फैलाने के लिए प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों से सकारात्मक जीवनशैली अपनाने, शिक्षा और कैरियर पर ध्यान देने तथा स्वस्थ गतिविधियों में भाग लेने की अपील की गई।

आबकारी विभाग के अधिकारी रहे मौजूद
कार्यक्रम में आबकारी विभाग की ओर से सहायक जिला आबकारी अधिकारी श्री सी.के. साहू, श्री मनोज अग्रवाल, श्री कमलेश सोलंकी एवं श्री राघवेंद्र कुशवाहा उपस्थित रहे।
इसके अलावा आबकारी उप निरीक्षक श्रीमती त्रियंबिका शर्मा, श्री आशीष जैन एवं श्री सुनील मालवीय ने भी कार्यक्रम में सहभागिता की।
विद्यार्थियों को दिए गए Participation Certificate
कार्यक्रम के समापन पर सहभागिता करने वाले विद्यार्थियों को Participation Certificate प्रदान किए गए। प्रमाण पत्र के माध्यम से विद्यार्थियों की जागरूकता अभियान में भागीदारी को प्रोत्साहित किया गया।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना और उन्हें स्वस्थ, सकारात्मक तथा नशामुक्त जीवन की ओर प्रेरित करना रहा।

युवाओं की भागीदारी से मजबूत होगा नशामुक्ति अभियान
होलकर साइंस कॉलेज में आयोजित यह जागरूकता सेमिनार युवाओं तक नशामुक्ति का संदेश पहुंचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल रहा। अधिकारियों और विद्यार्थियों की सहभागिता ने यह संदेश दिया कि नशे की समस्या से निपटने के लिए जागरूकता और सामूहिक प्रयास जरूरी हैं।
युवाओं को सही दिशा, सकारात्मक गतिविधियों और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति प्रेरित करके नशे से दूर रखने की दिशा में ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है।
