श्रमण संस्कृति परमार्थ संस्थान ग्वालियर का 11वां स्थापना दिवस एवं शपथ ग्रहण समारोह संपन्न
वीरेंद्र जैन बने अध्यक्ष, नेमीचन्द्र जैन महामंत्री और नीतू जैन को मिली कोषाध्यक्ष की जिम्मेदारी
Gwalior । श्रमण संस्कृति परमार्थ संस्थान ग्रेटर ग्वालियर का 11वां स्थापना दिवस एवं शपथ ग्रहण समारोह होटल शगुन में गरिमामय वातावरण में आयोजित किया गया। समारोह में संस्था की नई कार्यकारिणी का गठन करते हुए नवीन पदाधिकारियों को संस्था के उद्देश्यों के अनुरूप कार्य करने की शपथ दिलाई गई।
कार्यक्रम में वीरेंद्र जैन को अध्यक्ष, नेमीचन्द्र जैन को महामंत्री तथा श्रीमती नीतू जैन को कोषाध्यक्ष पद की जिम्मेदारी सौंपी गई। नई टीम ने समाजसेवा, धार्मिक गतिविधियों और संस्था के उद्देश्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।
दीप प्रज्ज्वलन से हुआ समारोह का शुभारंभ
समारोह का शुभारंभ मुख्य अतिथियों द्वारा मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि वरिष्ठ पत्रकार नत्थीलाल जैन रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में मनोज जैन रायरू (संयुक्त अध्यक्ष अखिल भारतीय दिगंबर जैन वरैया महासभा), संस्थापक अध्यक्ष पंडित भरत जैन वैरागी एवं शपथ अधिकारी धर्मेंद्र जैन आगरा उपस्थित रहे।
संस्था के संस्थापक अध्यक्ष पंडित भरत जैन वैरागी ने स्थापना दिवस के अवसर पर सभी अतिथियों और सदस्यों का स्वागत करते हुए संस्था की गतिविधियों और उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि संस्था लगातार समाजहित और धार्मिक सेवा के कार्यों को आगे बढ़ा रही है।

नई कार्यकारिणी ने ली संस्था हित में कार्य करने की शपथ
शपथ अधिकारी धर्मेंद्र जैन ने नई कार्यकारिणी को संस्था के नियमों, उद्देश्यों और समाज सेवा के प्रति समर्पित रहने की शपथ दिलाई।
इस दौरान अध्यक्ष वीरेंद्र जैन सर्राफ, महामंत्री नेमीचन्द्र जैन और कोषाध्यक्ष श्रीमती नीतू जैन सहित पूरी टीम ने संस्था के विकास और समाजहित के कार्यों को निरंतर आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।
निवर्तमान अध्यक्ष श्री संतोष जी ने बैच लगाकर नवीन अध्यक्ष वीरेंद्र जैन को अपना उत्तरदायित्व सौंपा। इस अवसर पर नई और पुरानी कार्यकारिणी के सदस्यों ने एक-दूसरे को शुभकामनाएं दीं।

संस्था के कार्यों की दी गई जानकारी
निवर्तमान महामंत्री श्रीमती सुनयना जी ने समारोह के दौरान संस्था द्वारा पिछले वर्ष किए गए विभिन्न सामाजिक, धार्मिक और सेवा कार्यों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि श्रमण संस्कृति परमार्थ संस्थान लगातार समाजहित को ध्यान में रखते हुए धार्मिक आयोजनों, मुनि सेवा, जरूरतमंदों की सहायता, सामाजिक जागरूकता कार्यक्रमों और जनकल्याण से जुड़े कार्यों में सक्रिय भूमिका निभा रहा है। संस्था का उद्देश्य केवल धार्मिक गतिविधियों तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज में संस्कार, सेवा भावना और सहयोग की भावना को मजबूत करना भी है।
उन्होंने कहा कि संस्था के सभी पदाधिकारियों और सदस्यों के सहयोग से वर्षभर विभिन्न कार्यक्रम सफलतापूर्वक आयोजित किए गए। भविष्य में भी संस्था समाज और धर्म के हित में नए कार्यों को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है।
समारोह के मुख्य अतिथि वरिष्ठ पत्रकार नत्थीलाल जैन ने अपने संबोधन में श्रमण संस्कृति परमार्थ संस्थान द्वारा किए जा रहे कार्यों की मुक्त कंठ से सराहना की। उन्होंने कहा कि संस्था धार्मिक और सामाजिक क्षेत्र में सराहनीय योगदान दे रही है। मुनि सेवा, समाज कल्याण और मानव सेवा जैसे कार्य समाज को नई दिशा प्रदान करते हैं।
उन्होंने कहा कि ऐसी संस्थाएं समाज में एकता, संस्कार और सेवा की भावना को मजबूत करती हैं। उन्होंने संस्था के आगामी कार्यों के लिए शुभकामनाएं देते हुए मुनि सेवा एवं समाजहित के कार्यों में निरंतर सहयोग देने का विश्वास व्यक्त किया।

अतिथियों और पदाधिकारियों का किया सम्मान
समारोह में मंचासीन अतिथियों एवं पदाधिकारियों का सम्मान किया गया। सम्मान कार्यक्रम में अशोक जैन, नेमीचंद जैन, गिरीश जैन, जसवंत जैन, नीरज जैन, श्रीमती रेणु जैन, ऋतु जैन, संध्या, अलका, रेखा, नीतू सहित अन्य सदस्यों ने सहभागिता निभाई।
कार्यक्रम का संचालन श्रीमती अनुपमा सुरतन् ने किया। उन्होंने महावीर वंदना प्रस्तुत कर कार्यक्रम को आध्यात्मिक वातावरण प्रदान किया। वहीं पूनम जैसवाल एवं रिंकी जैन ने मंगलाचरण नृत्य की प्रस्तुति दी।

संस्था के उद्देश्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प
समारोह के अंतिम चरण में सभी पदाधिकारियों और सदस्यों ने संस्था के संस्थापक अध्यक्ष पंडित भरत जैन वैरागी को जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं।
नव नियुक्त महामंत्री नेमीचन्द्र जैन ने सभी अतिथियों, सदस्यों और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि नई कार्यकारिणी संस्था की परंपराओं को आगे बढ़ाते हुए समाज सेवा, धार्मिक कार्यों और जनकल्याण के क्षेत्र में सक्रिय रूप से कार्य करेगी।
समारोह का समापन सभी उपस्थित महानुभावों के लिए भोजन प्रसादी के निमंत्रण के साथ हुआ। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जैन समाज के लोग उपस्थित रहे और नई कार्यकारिणी को शुभकामनाएं दीं।

