कलेक्टर के निर्देश पर पटेरा में गल्ला व्यापारियों पर कार्रवाई, दो प्रतिष्ठान सील
दमोह/पटेरा। कलेक्टर प्रताप नारायण यादव के निर्देश पर बुधवार को पटेरा नगर में गल्ला व्यापारियों के प्रतिष्ठानों का प्रशासनिक टीम द्वारा सघन निरीक्षण किया गया। इस दौरान नियमों का पालन नहीं करने वाले व्यापारियों के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए दो गल्ला प्रतिष्ठानों को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया गया।
प्रशासनिक अधिकारियों की टीम ने पटेरा नगर स्थित गल्ला व्यापारी दीपक असाटी एवं बंधु उपाध्याय के प्रतिष्ठानों पर पहुंचकर जांच की। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने व्यापारियों से मंडी अनुज्ञा पत्र (लाइसेंस), पंजीयन क्रमांक, मंडी शुल्क जमा करने संबंधी दस्तावेज, क्रय-विक्रय रजिस्टर सहित अन्य आवश्यक अभिलेख प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
जांच के दौरान दोनों प्रतिष्ठानों के संचालक मौके पर आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं करा सके। प्रशासनिक अधिकारियों ने दस्तावेजों की अनुपलब्धता और प्रथम दृष्टया पाई गई अनियमितताओं को गंभीरता से लेते हुए नियमानुसार कार्रवाई की।
दस्तावेज नहीं मिलने पर प्रशासन ने की सीलिंग कार्रवाई
प्रशासन ने नियमों के उल्लंघन के चलते दोनों गल्ला प्रतिष्ठानों को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया। अधिकारियों ने बताया कि मामले की विस्तृत जांच की जा रही है। जांच के आधार पर संबंधित अधिनियम और नियमों के तहत आगे की वैधानिक कार्रवाई भी की जाएगी।
प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि व्यापारिक गतिविधियों में पारदर्शिता बनाए रखने और मंडी नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए समय-समय पर निरीक्षण अभियान चलाए जाते हैं। इसी अभियान के तहत पटेरा में यह कार्रवाई की गई है।
राजस्व अमले की मौजूदगी में हुई कार्रवाई
इस कार्रवाई को एसडीएम राकेश सिंह मरकाम के नेतृत्व में अंजाम दिया गया। निरीक्षण के दौरान कार्यपालिक मजिस्ट्रेट उमेश तिवारी, तहसीलदार मानसी अग्रवाल सहित राजस्व विभाग के अधिकारी और कर्मचारी मौके पर मौजूद रहे। प्रशासनिक टीम ने प्रतिष्ठानों की जांच कर आवश्यक दस्तावेजों की पड़ताल की और नियमों का पालन नहीं होने पर कार्रवाई की।
अधिकारियों ने बताया कि जिले में व्यापारिक प्रतिष्ठानों की जांच प्रक्रिया लगातार जारी रहेगी। प्रशासन का उद्देश्य व्यापारिक गतिविधियों में पारदर्शिता बनाए रखना और शासन द्वारा निर्धारित नियमों का पालन सुनिश्चित करना है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जो भी व्यापारी या संस्थान मंडी नियमों, लाइसेंस व्यवस्था या अन्य आवश्यक प्रावधानों का उल्लंघन करते पाए जाएंगे, उनके विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने सभी व्यापारियों से नियमों का पालन करने और जांच के दौरान आवश्यक सहयोग प्रदान करने की अपील की है।
कलेक्टर के निर्देश पर हुई इस कार्रवाई के बाद व्यापारिक क्षेत्र में हलचल बढ़ गई है। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि मंडी नियमों, लाइसेंस व्यवस्था और जरूरी दस्तावेजों को लेकर किसी भी तरह की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। अधिकारियों ने कहा कि व्यापारियों को शासन द्वारा निर्धारित नियमों का पालन अनिवार्य रूप से करना होगा, ताकि व्यापारिक गतिविधियां पारदर्शी और व्यवस्थित तरीके से संचालित हो सकें।
जिला प्रशासन ने सभी गल्ला व्यापारियों से अपील की है कि वे अपने प्रतिष्ठानों से जुड़े सभी आवश्यक दस्तावेजों को व्यवस्थित रखें। मंडी अनुज्ञा पत्र, पंजीयन, शुल्क भुगतान संबंधी रिकॉर्ड और क्रय-विक्रय से जुड़े दस्तावेज समय पर उपलब्ध रखने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन का कहना है कि जिले में समय-समय पर व्यापारिक प्रतिष्ठानों की जांच जारी रहेगी। निरीक्षण के दौरान यदि किसी प्रतिष्ठान में नियमों का उल्लंघन पाया जाता है या आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं मिलते हैं, तो संबंधित व्यापारियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
अधिकारियों ने व्यापारियों से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि नियमों का पालन करने से व्यापारिक व्यवस्था मजबूत होगी और आम उपभोक्ताओं के हितों की भी सुरक्षा सुनिश्चित होगी। प्रशासन की यह कार्रवाई नियमों के पालन और पारदर्शी व्यापार व्यवस्था बनाए रखने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
रिपोर्टर: सोनू अठया, स्वराज वाणी, दमोह (मध्यप्रदेश)
