इंद्रध्वज महामंडल विधान ग्वालियर का 10 दिवसीय भव्य आयोजन 21 से 30 जुलाई तक होगा। विशाल रथयात्रा, 108 मंगल कलश, इंद्र-इंद्राणी, सांस्कृतिक कार्यक्रम, प्रवचन और वीर शासन जयंती महोत्सव की पूरी जानकारी पढ़ें।
इंद्रध्वज महामंडल विधान ग्वालियर: 10 दिवसीय भव्य धार्मिक महोत्सव का शुभारंभ 21 जुलाई से
ग्वालियर में इंद्रध्वज महामंडल विधान ग्वालियर का ऐतिहासिक एवं भव्य आयोजन पहली बार 21 जुलाई से 30 जुलाई तक आयोजित किया जा रहा है। अष्टानिका महापर्व एवं वीर शासन जयंती महोत्सव के अवसर पर होने वाले इस धार्मिक आयोजन में हजारों श्रद्धालुओं की सहभागिता रहेगी। आयोजन श्री वासुपूज्य जैन मंदिर महिला मंडल, दिगंबर जैन मंदिर कमेटी, श्री समयसार विद्या निकेतन तथा युवा जैन मिलन फोर्ट ग्वालियर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित होगा।
इस दस दिवसीय महोत्सव में धार्मिक विधान, विशाल रथयात्रा, प्रवचन, सांस्कृतिक कार्यक्रम, संगीतमय भक्ति और धर्मसभा का आयोजन किया जाएगा।
पहली बार होगा इतना विशाल आयोजन
ग्वालियर के उपनगर किलागेट, सोड़ा का कुआं स्थित श्री वासुपूज्य जैन मंदिर परिसर में पहली बार इंद्रध्वज महामंडल विधान ग्वालियर का आयोजन किया जा रहा है।
विधान की मंगल प्रेरणा पंडित जतिश शास्त्री सनावद के निर्देशन में तथा पंडित महेशचंद्र जैन (ग्वालियर) एवं पंडित अंकुर शास्त्री (मैनपुरी) के सान्निध्य में संपन्न होगी।
मंदिर समिति द्वारा आयोजन की सभी तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं।
21 जुलाई को निकलेगी विशाल रथयात्रा
21 जुलाई मंगलवार सुबह 7:30 बजे विधान के सौधर्म इंद्र महेशचंद्र जैन के निवास हलवाट खाना रोड से इंद्रध्वज महामंडल विधान ग्वालियर की विशाल रथयात्रा प्रारंभ होगी।
रथयात्रा का मार्ग
- हलवाट खाना रोड
- फोर्ट रोड
- हजीरा चौराहा
- तानसेन नगर
- रमटपुरा
- लोहा मंडी
- समयसार विद्या निकेतन
- सोड़ा का कुआं जैन मंदिर
पूरे मार्ग में श्रद्धालु पुष्पवर्षा, रंगोली और स्वागत द्वारों से यात्रा का स्वागत करेंगे।
रथयात्रा की प्रमुख विशेषताएं
इस भव्य यात्रा में अनेक धार्मिक आकर्षण देखने को मिलेंगे।
- पांच घोड़ों के साथ हाथी पर पंचरंगी जैन ध्वजा
- भगवान जिनेंद्र की रजत पालकी
- इंद्र एवं इंद्राणी विंटेज कार में
- 21 आकर्षक बग्गियां
- इंद्र-इंद्राणी राजसी वेशभूषा
- चार भव्य बैंड
- डीजे एवं ढोल-ताशे
- धार्मिक झांकियां
- जिनवाणी एवं पंचमेरु की प्रस्तुति
108 स्वर्णिम मंगल कलश यात्रा बनेगी आकर्षण का केंद्र
इस आयोजन की सबसे बड़ी विशेषता 108 स्वर्णिम मंगल कलश यात्रा होगी।
केसरिया साड़ियों में सुसज्जित महिलाएं सिर पर मंगल कलश धारण कर धार्मिक वातावरण को और अधिक दिव्य बनाएंगी।
बालिकाएं जिनवाणी, अष्टमंगल द्रव्य, पंचमेरु तथा अष्ट प्रतिहार्य लेकर चलेंगी।
भगवान जिनेंद्र का होगा भव्य अभिषेक
रथयात्रा के समापन पर
- ध्वजारोहण
- मंडप उद्घाटन
- मंच उद्घाटन
- भगवान जिनेंद्र का कलशाभिषेक
- शांतिधारा
- संगीतमय विधान पूजन
का आयोजन होगा।
पत्रिका का हुआ विमोचन
दस दिवसीय इंद्रध्वज महामंडल विधान ग्वालियर की स्मारिका का विमोचन मंदिर समिति द्वारा किया गया।
इस अवसर पर
- अध्यक्ष सतीश जैन
- मंत्री नेमीचंद्र जैन
- कोषाध्यक्ष सुरेशचंद्र जैन
- महेशचंद्र जैन
- राजेंद्र जैन
- नवीन जैन
- विधानाचार्य अंकुर कुमार शास्त्री
उपस्थित रहे।
प्रतिदिन का कार्यक्रम (21 से 30 जुलाई)
| समय | कार्यक्रम |
|---|---|
| 6:00–7:00 | शांति जाप |
| 7:00–7:30 | भगवान जिनेंद्र अभिषेक एवं शांतिधारा |
| 7:30–10:00 | संगीतमय इंद्रध्वज विधान पूजन |
| 10:30 | विद्वानों के प्रवचन |
| 3:00 | धर्मसभा एवं गोष्ठी |
| शाम | संगीतमय जिनेंद्र भक्ति |
| रात्रि | सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं प्रवचन |
देशभर के विद्वान देंगे प्रवचन
पूरे आयोजन में देशभर से आए विद्वान धर्म, संयम, अहिंसा, जैन दर्शन और भगवान महावीर के संदेश पर प्रवचन देंगे।
भक्तों को धार्मिक गोष्ठियों में भाग लेने का अवसर मिलेगा।
जैन समाज के लिए क्यों विशेष है यह आयोजन
इंद्रध्वज महामंडल विधान ग्वालियर केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं बल्कि सामाजिक एवं सांस्कृतिक समरसता का भी प्रतीक है।
इस आयोजन का उद्देश्य
- धर्म प्रचार
- संस्कारों का संरक्षण
- युवा पीढ़ी को जैन संस्कृति से जोड़ना
- समाज में एकता
- आध्यात्मिक वातावरण का निर्माण
है।
श्रद्धालुओं से अपील
मंदिर समिति ने सभी श्रद्धालुओं से समय पर पहुंचकर आयोजन में सहभागिता करने तथा धार्मिक अनुशासन बनाए रखने की अपील की है।
निष्कर्ष
इंद्रध्वज महामंडल विधान ग्वालियर का यह दस दिवसीय आयोजन धार्मिक आस्था, संस्कृति, आध्यात्मिकता और सामाजिक एकता का अद्भुत संगम होगा। विशाल रथयात्रा, 108 मंगल कलश, भगवान जिनेंद्र का अभिषेक, प्रवचन, धर्मसभा और सांस्कृतिक कार्यक्रम श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण रहेंगे। ग्वालियर का यह आयोजन निश्चित रूप से जैन समाज के प्रमुख धार्मिक आयोजनों में अपनी अलग पहचान बनाएगा।

