आचार्य सुन्दर सागर महाराज निवाई चातुर्मास 2026 के तहत 19 जुलाई को 22 पिच्छिकाओं के साथ भव्य मंगल पदार्पण करेंगे। निवाई में चार माह तक धर्म, साधना, पर्युषण एवं दशलक्षण पर्व के धार्मिक आयोजन होंगे।
आचार्य सुन्दर सागर महाराज निवाई चातुर्मास 2026: 19 जुलाई को होगा भव्य मंगल पदार्पण, चार माह तक बहेगी धर्म की गंगा
निवाई (टोंक, राजस्थान)। आचार्य सुन्दर सागर महाराज निवाई चातुर्मास 2026 को लेकर पूरे शहर में अभूतपूर्व उत्साह और धार्मिक वातावरण देखने को मिल रहा है। तपस्वी सम्राट आचार्य सन्मति सागर महाराज के परम शिष्य आचार्य सुन्दर सागर महाराज ससंघ का 19 जुलाई 2026 को 22 पिच्छिकाओं के साथ गाजे-बाजे एवं भव्य शोभायात्रा के माध्यम से निवाई में मंगल पदार्पण होगा। उनके आगमन के साथ ही आगामी चार माह तक धर्म, तप, त्याग, संयम एवं आध्यात्मिक साधना की पावन गंगा प्रवाहित होगी।
आचार्य श्री का भव्य मंगल पदार्पण
सकल दिगम्बर जैन समाज के तत्वावधान में आयोजित इस ऐतिहासिक धार्मिक आयोजन में आचार्य सुन्दर सागर महाराज ससंघ का 19 जुलाई को भव्य स्वागत किया जाएगा। श्रद्धालु पलक-पावड़े बिछाकर अपने आराध्य गुरु का भावभीना अभिनंदन करेंगे।
समाज के प्रवक्ता विमल जौंला एवं सुनील भाणजा ने बताया कि यह चातुर्मास केवल धार्मिक आयोजन नहीं बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए आध्यात्मिक जागरण का महापर्व होगा।
दुल्हन की तरह सजा निवाई नगर
आचार्य श्री के स्वागत के लिए सम्पूर्ण निवाई नगर को आकर्षक सजावट, तोरणद्वार, स्वागत द्वार, धार्मिक ध्वज एवं रंग-बिरंगी विद्युत सज्जा से सुसज्जित किया गया है।नगर के प्रमुख मार्गों पर श्रद्धालु पुष्पवर्षा करेंगे तथा विभिन्न स्थानों पर पाद प्रक्षालन एवं मंगल आरती के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
22 पिच्छिकाओं के साथ होगा मंगल प्रवेश
आचार्य सुन्दर सागर महाराज ससंघ में—
- 9 मुनिराज
- 4 आर्यिका माताजी
- 5 क्षुल्लक जी
- 4 क्षुल्लिका जी
सहित कुल 22 पिच्छिकाएं शामिल हैं।इसके अतिरिक्त 7 ब्रह्मचारी एवं ब्रह्मचारिणियां भी संघ के साथ उपस्थित रहेंगी।
इन मार्गों से होगा विहार
आचार्य श्री का विहार—
- माधोराजपुरा
- सेदरिया
- चतुर्भुजपुरा
- बनस्थली
होते हुए 19 जुलाई को निवाई पहुंचेगा।
चार माह तक चलेगा चातुर्मास
आचार्य सुन्दर सागर महाराज निवाई चातुर्मास 2026 के दौरान प्रतिदिन अनेक धार्मिक कार्यक्रम आयोजित होंगे, जिनमें प्रमुख रूप से—
- धर्म वाचना
- प्रवचन
- जिज्ञासा समाधान
- स्वाध्याय
- ध्यान साधना
- संयम एवं तप की प्रेरणा
- पर्युषण पर्व
- दशलक्षण महापर्व
- अष्टान्हिका पर्व
- विशेष पूजन एवं धार्मिक अनुष्ठान
का लाभ हजारों श्रद्धालुओं को मिलेगा।
समाज में उत्साह का वातावरण
जैन समाज के अध्यक्ष नेमीचंद गंगवाल, मंत्री महावीर प्रसाद पराणा, अग्रवाल मंदिर अध्यक्ष सुशील जैन, अग्रवाल समाज अध्यक्ष विष्णु बोहरा, सरावगी समाज अध्यक्ष शिखरचंद काला, महेन्द्र चंवरिया सहित अनेक सामाजिक संगठनों ने इस आयोजन को ऐतिहासिक बनाने के लिए व्यापक तैयारियां की हैं।महिला मंडल एवं युवा परिषद के सदस्य भी स्वागत, सजावट, भोजन व्यवस्था, आवास एवं धार्मिक कार्यक्रमों की तैयारियों में सक्रिय रूप से जुटे हुए हैं।
धर्म और साधना का बनेगा केंद्र
आचार्य श्री के सान्निध्य में निवाई आगामी चार महीनों तक आध्यात्मिक चेतना का प्रमुख केंद्र रहेगा। श्रद्धालुओं को संयम, तप, त्याग, आत्मशुद्धि एवं धर्ममय जीवन जीने की प्रेरणा प्राप्त होगी।
श्रद्धालुओं की भावनाएं
श्रद्धालुओं के हृदय में वर्षों से निवाई में चातुर्मास आयोजित होने की अभिलाषा थी, जो अब साकार होने जा रही है। नगर में हर वर्ग के लोग आचार्य श्री के स्वागत के लिए उत्साहित दिखाई दे रहे हैं।
भावपूर्ण समर्पण
गुरुवर सुंदर सागर जी नगर पधारे रे…
झूमो भक्ति में, नाचो गाओ रे…
कब से आस लगाए थे,
पलक पावड़े बिछाए थे।
निवाई में वर्षायोग हो,
मन में भाव समाए थे।
“पार्श्वमणि” संग चरण पखारे रे…
गुरुवर सुंदर सागर जी नगर पधारे रे…
निष्कर्ष
आचार्य सुन्दर सागर महाराज निवाई चातुर्मास 2026 केवल जैन समाज का धार्मिक आयोजन नहीं बल्कि संपूर्ण क्षेत्र के लिए आध्यात्मिक जागरण का महापर्व बनने जा रहा है। चार महीनों तक निवाई धर्म, साधना, संयम और संस्कृति का प्रमुख केंद्र रहेगा तथा हजारों श्रद्धालु इस दिव्य अवसर का पुण्य लाभ प्राप्त करेंगे।



