डायल-112 की तत्परता से सड़क दुर्घटना में घायल दो लोगों को मिला जीवनरक्षक उपचार, एफआरवी-15 टीम ने दिखाई संवेदनशीलता
आमखेड़ा के पास दमोह रोड पर हुआ हादसा, सूचना मिलते ही सक्रिय हुई पुलिस टीम
Damoh जिले में आपातकालीन सेवा डायल-112 की त्वरित कार्रवाई एक बार फिर लोगों के लिए मददगार साबित हुई। थाना हिंडोरिया क्षेत्र अंतर्गत ग्राम आमखेड़ा के समीप दमोह रोड पर हुई सड़क दुर्घटना में घायल दो व्यक्तियों को डायल-112 एफआरवी-15 टीम ने समय रहते अस्पताल पहुंचाकर उपचार उपलब्ध कराया।
सड़क दुर्घटनाएं अक्सर अचानक होती हैं और ऐसे समय में घायल व्यक्ति को जल्द से जल्द चिकित्सा सहायता मिलना बेहद जरूरी होता है। इसी जरूरत को ध्यान में रखते हुए डायल-112 सेवा लगातार आपात परिस्थितियों में सक्रिय भूमिका निभा रही है।
पुलिस कंट्रोल रूम से मिली दुर्घटना की सूचना
जानकारी के अनुसार, 15 जुलाई 2026 को शाम लगभग 5:25 बजे राज्य स्तरीय पुलिस कंट्रोल रूम डायल-112 भोपाल में सड़क दुर्घटना की सूचना प्राप्त हुई थी। सूचना में बताया गया कि थाना हिंडोरिया क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम आमखेड़ा के समीप दमोह रोड पर सड़क हादसा हुआ है, जिसमें कुछ लोग घायल हुए हैं।
सूचना प्राप्त होते ही दमोह डायल-112 कंट्रोल रूम ने बिना देरी किए एफआरवी-15 टीम को घटनास्थल पर पहुंचने के निर्देश दिए। पुलिस टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए मौके के लिए रवाना होकर अपनी जिम्मेदारी निभाई।
मौके पर गंभीर हालत में मिले दो घायल
डायल-112 एफआरवी-15 टीम जब घटनास्थल पर पहुंची तो वहां बाइक दुर्घटना में घायल दो व्यक्ति गंभीर अवस्था में मिले। दुर्घटना के कारण दोनों घायलों को चोटें आई थीं और उन्हें तत्काल चिकित्सकीय सहायता की आवश्यकता थी।
मौके की स्थिति को देखते हुए डायल-112 टीम ने समय की गंभीरता को समझा और तत्काल राहत कार्य शुरू किया। पुलिसकर्मियों ने पहले घायलों की स्थिति का जायजा लिया और उन्हें प्राथमिक सहायता उपलब्ध कराई।
आरक्षक और पायलट ने दिखाई तत्परता
डायल-112 एफआरवी-15 में तैनात आरक्षक 432 शिवसदन और पायलट यावर खान ने मानवता और कर्तव्यनिष्ठा का परिचय देते हुए घायलों की मदद की।
दोनों कर्मचारियों ने बिना किसी देरी के घायलों को एफआरवी वाहन में सुरक्षित बैठाया और उन्हें जिला अस्पताल दमोह पहुंचाया। इस दौरान उनका पूरा ध्यान घायलों को सुरक्षित तरीके से अस्पताल तक पहुंचाने पर रहा।
समय पर अस्पताल पहुंचने से शुरू हुआ उपचार
डायल-112 टीम द्वारा समय पर अस्पताल पहुंचाए जाने के बाद दोनों घायलों का जिला अस्पताल दमोह में उपचार शुरू किया गया। सड़क दुर्घटना के मामलों में शुरुआती समय बेहद महत्वपूर्ण होता है, ऐसे में पुलिस टीम की तत्परता से घायलों को समय पर चिकित्सा सुविधा मिल सकी।
स्थानीय लोगों ने भी डायल-112 टीम की इस कार्रवाई की सराहना की और कहा कि आपात परिस्थितियों में पुलिस की ऐसी त्वरित सहायता लोगों के लिए काफी महत्वपूर्ण साबित होती है।
डायल-112 सेवा की भूमिका लगातार महत्वपूर्ण
डायल-112 सेवा प्रदेश में आपातकालीन सहायता के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। दुर्घटना, अपराध, स्वास्थ्य संबंधी आपात स्थिति या अन्य किसी भी संकट के समय नागरिकों को तत्काल सहायता उपलब्ध कराने के उद्देश्य से यह सेवा संचालित की जा रही है।
पुलिस टीमों को सूचना मिलते ही घटनास्थल पर पहुंचकर आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश रहते हैं। दमोह जिले में भी डायल-112 की टीमें लगातार सक्रिय रहकर लोगों की मदद कर रही हैं।
सड़क सुरक्षा को लेकर सतर्क रहने की अपील
पुलिस प्रशासन ने नागरिकों से सड़क पर वाहन चलाते समय सावधानी बरतने की अपील की है। तेज गति, लापरवाही और यातायात नियमों की अनदेखी सड़क दुर्घटनाओं का बड़ा कारण बनती है।
पुलिस ने कहा कि वाहन चलाते समय हेलमेट का उपयोग करें, यातायात नियमों का पालन करें और किसी भी दुर्घटना की स्थिति में तुरंत डायल-112 पर सूचना दें, ताकि समय रहते सहायता पहुंचाई जा सके।
पुलिस टीम की कार्रवाई की हो रही सराहना
डायल-112 एफआरवी-15 टीम द्वारा किए गए इस कार्य से पुलिस की संवेदनशील और जनसेवा वाली छवि सामने आई है। घायल व्यक्तियों को समय पर अस्पताल पहुंचाने में पुलिस टीम की भूमिका महत्वपूर्ण रही।
आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित निर्णय और समय पर कार्रवाई कई बार किसी व्यक्ति के जीवन को बचाने में अहम साबित होती है। डायल-112 टीम ने इसी जिम्मेदारी को निभाते हुए घायल व्यक्तियों को सहायता उपलब्ध कराई।
दमोह पुलिस ने बताया कि आमजन की सुरक्षा और सहायता के लिए पुलिस विभाग लगातार तत्पर है और भविष्य में भी इस तरह की आपात परिस्थितियों में तत्काल सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
संवाददाता — सोनू अठया, दमोह मध्य प्रदेश
