सारंगपुर में मुनि श्री 108 सुधा सागर जी महाराज का ऐतिहासिक मंगल प्रवेश, श्रद्धालुओं ने भक्ति और श्रद्धा के साथ किया भव्य स्वागत
दिगम्बर जैन समाज के तत्वावधान में निकला विशाल चल समारोह, धर्मसभा में मुनि श्री ने दिया आत्मकल्याण और संस्कारों की रक्षा का संदेश
सारंगपुर, 14 जुलाई।
सकल दिगम्बर जैन समाज सारंगपुर के तत्वावधान में मंगलवार का दिन धार्मिक आस्था, भक्ति और उत्साह का विशेष अवसर बन गया, जब परम पूज्य मुनि श्री 108 सुधा सागर जी महाराज ससंघ का नगर में भव्य एवं ऐतिहासिक मंगल प्रवेश हुआ। मुनि श्री के आगमन को लेकर नगरवासियों एवं जैन समाज के श्रद्धालुओं में कई दिनों से उत्साह का वातावरण बना हुआ था। मंगलवार सुबह से ही नगर के विभिन्न मार्गों पर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने लगी और हर ओर धर्ममय वातावरण दिखाई दिया।
मुनि श्री 108 सुधा सागर जी महाराज के नगर आगमन पर सकल दिगम्बर जैन समाज के पदाधिकारियों, समाजजनों एवं श्रद्धालुओं ने भावना होटल, गणेश विहार क्षेत्र में पहुंचकर गुरुदेव की भव्य अगवानी की। जयकारों, भक्ति गीतों और धार्मिक नारों से पूरा वातावरण गूंज उठा। श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर एवं हाथ जोड़कर मुनि श्री का स्वागत किया। इस दौरान उपस्थित लोगों के चेहरों पर अपार श्रद्धा और भक्ति का भाव स्पष्ट दिखाई दे रहा था।
भावना होटल से प्रारंभ हुआ विशाल चल समारोह, मार्गभर उमड़ा श्रद्धा का सैलाब
मंगल प्रवेश के बाद विशाल चल समारोह का आयोजन किया गया। यह शोभायात्रा भावना होटल, गणेश विहार से प्रारंभ होकर नगर के प्रमुख मार्गों से होती हुई आगे बढ़ी। यात्रा में बड़ी संख्या में समाजजन, महिलाएं, युवा और बच्चे शामिल हुए।
चल समारोह नया बस स्टैंड सहित नगर के विभिन्न मार्गों से होकर गुजरा। पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं ने मुनि श्री के दर्शन कर धर्मलाभ प्राप्त किया। जगह-जगह समाजजनों और नागरिकों द्वारा स्वागत किया गया। कई स्थानों पर श्रद्धालुओं ने पुष्प अर्पित कर एवं जयघोष के साथ मुनि संघ का अभिनंदन किया।
चल समारोह के दौरान अनुशासन और श्रद्धा का विशेष ध्यान रखा गया। महिला मंडल, युवा वर्ग और समाज के विभिन्न संगठनों की सक्रिय भागीदारी ने आयोजन को और अधिक भव्य बना दिया। नगर में ऐसा प्रतीत हो रहा था मानो पूरा सारंगपुर धर्म और भक्ति के रंग में रंग गया हो।
राठी मांगलिक परिसर में आयोजित धर्मसभा में मुनि श्री ने दिया आध्यात्मिक संदेश
विशाल चल समारोह के समापन के बाद राठी मांगलिक परिसर में धर्मसभा का आयोजन किया गया। धर्मसभा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे और उन्होंने मुनि श्री 108 सुधा सागर जी महाराज के मंगल प्रवचन का लाभ प्राप्त किया।
अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में मुनि श्री ने कहा कि मनुष्य जीवन अत्यंत दुर्लभ है और इसका वास्तविक उद्देश्य आत्मा की शुद्धि करते हुए मोक्षमार्ग की ओर बढ़ना है। उन्होंने कहा कि भौतिक सुख-सुविधाएं जीवन को सरल बना सकती हैं, लेकिन आत्मिक शांति और संतोष केवल धर्म, संयम और सदाचार के मार्ग से ही प्राप्त किया जा सकता है।
मुनि श्री ने समाजजनों को धर्म के प्रति आस्था बनाए रखने, अपने संस्कारों की रक्षा करने और सेवा, प्रेम एवं सद्भाव के मार्ग पर चलने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि अच्छे विचार, संयमित जीवन और दूसरों के प्रति करुणा का भाव ही मनुष्य को श्रेष्ठ बनाता है।
उन्होंने युवाओं को विशेष रूप से भारतीय संस्कृति और धार्मिक परंपराओं से जुड़े रहने का संदेश दिया। साथ ही परिवारों में धार्मिक वातावरण बनाए रखने और बच्चों को संस्कारवान बनाने पर भी जोर दिया।
समाज अध्यक्ष मनोज जैन ने किया कार्यक्रम का संचालन और आभार व्यक्त
धर्मसभा एवं संपूर्ण आयोजन का संचालन सकल दिगम्बर जैन समाज सारंगपुर के अध्यक्ष मनोज जैन द्वारा किया गया। उन्होंने मुनि श्री के नगर आगमन को समाज के लिए अत्यंत सौभाग्य और गौरव का अवसर बताया।
मनोज जैन ने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग करने वाले सभी समाजजनों, कार्यकर्ताओं, सेवा समितियों एवं श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि मुनि श्री के आगमन से नगर में धार्मिक ऊर्जा और सकारात्मक वातावरण का संचार हुआ है।
नगर के गणमान्य नागरिकों सहित बड़ी संख्या में समाजजन रहे उपस्थित
मुनि श्री 108 सुधा सागर जी महाराज के मंगल प्रवेश एवं धर्मसभा में नगर के अनेक गणमान्य नागरिकों और समाज पदाधिकारियों ने सहभागिता की।
इस अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष पंकज पालीवाल, ललित पालीवाल, प्रदीप सादानी, श्री महावीर दिगम्बर जैन मंदिर समिति के अध्यक्ष निर्मल जैन, श्री पार्श्वनाथ दिगम्बर जैन मंदिर समिति के अध्यक्ष सुमत जैन, चातुर्मास सेवा समिति के अध्यक्ष अनिल जैन सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
इसके अलावा विजय जैन, दीपक जैन, लतेश सिंघई, विवेक जैन, चंद्रकुमार जैन, सुरेश जैन, संजय डैडी, पंकज जैन, दीपेश जैन, नरेंद्र जैन, श्रीपाल जैन, गुणधर जैन, संजय जैन, सौरभ जैन, अजय जैन, अनमोल जैन, अरुण जैन, जैनपाल जैन, संजय जैन मेडिकल, मुनि सेवा समिति अध्यक्ष पारस जैन सहित अनेक समाजजन कार्यक्रम में शामिल हुए।
मुनि श्री की आहारचर्या का श्रद्धालुओं को मिला सौभाग्य

मुनि श्री 108 सुधा सागर जी महाराज की आहारचर्या भी श्रद्धा और भक्ति के वातावरण में संपन्न हुई। मुनि श्री की आहारचर्या का सौभाग्य विकास जैन (जेलर), निर्मल जैन एवं चंद्रकुमार जैन के निवास पर प्राप्त हुआ।
वहीं मुनि संघ की आहारचर्या का पुण्य लाभ सकल दिगम्बर जैन समाज अध्यक्ष मनोज जैन, अजय जैन (सिद्धार्थ टेंट), वर्धमान सिंघई, सुरेश जैन, निर्मल जैन (मेडिकल), मयंक श्रीमाल सहित अनेक श्रद्धालुओं को प्राप्त हुआ।
आहारचर्या के दौरान श्रद्धालुओं ने पूर्ण श्रद्धा और नियमों का पालन करते हुए धार्मिक भावनाओं के साथ सेवा का अवसर प्राप्त किया।
महिलाओं, युवाओं और बच्चों की रही विशेष भागीदारी
मंगल प्रवेश कार्यक्रम में समाज के सभी वर्गों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। महिलाओं ने धार्मिक उत्साह के साथ कार्यक्रम में हिस्सा लिया, वहीं युवाओं ने व्यवस्थाओं को संभालने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। बच्चों में भी मुनि श्री के दर्शन को लेकर विशेष उत्साह दिखाई दिया।
पूरे आयोजन के दौरान अनुशासन, सेवा भावना और धार्मिक समर्पण का अद्भुत संगम देखने को मिला। श्रद्धालुओं ने मुनि श्री के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया और धर्म मार्ग पर आगे बढ़ने का संकल्प लिया।
श्रद्धा, अनुशासन और भक्ति के वातावरण में संपन्न हुआ आयोजन
सारंगपुर में मुनि श्री 108 सुधा सागर जी महाराज का मंगल प्रवेश धार्मिक दृष्टि से ऐतिहासिक अवसर बन गया। सुबह से लेकर धर्मसभा तक पूरे नगर में उत्साह और भक्ति का माहौल बना रहा।
सकल दिगम्बर जैन समाज के कुशल प्रबंधन और श्रद्धालुओं के सहयोग से पूरा कार्यक्रम शांतिपूर्ण, अनुशासित और सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। मुनि श्री के प्रवचनों ने उपस्थित श्रद्धालुओं को धर्म, संयम और आत्मचिंतन की नई प्रेरणा दी।
मुनि श्री के आगमन से सारंगपुर नगर में आध्यात्मिक वातावरण और अधिक मजबूत हुआ तथा श्रद्धालुओं ने इस अवसर को अपने जीवन का यादगार धार्मिक अनुभव बताया।
