मिशन नींव से सुदृढ़ होगी बच्चों की नींव: जिला समन्वयक संतोष राजपूत
ग्राम मऊ में प्रशिक्षण संपन्न, जनप्रतिनिधियों ने सराहा आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं का कार्य
मनोज कुमार पुष्पत की रिपोर्ट
Sarangpur ,पडाना – बच्चों के भविष्य को आकार देने की दिशा में सारंगपुर परियोजना ने एक और महत्वपूर्ण कदम बढ़ाया है। सेक्टर पड़ना के ग्राम मऊ में आयोजित “मिशन नींव” प्रशिक्षण में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को आधुनिक शिक्षण तकनीकों का प्रशिक्षण दिया गया।
प्रशिक्षण का नेतृत्व कर रहे जिला समन्वयक संतोष राजपूत ने अपने अनुभव और सरल भाषा में कार्यकर्ताओं को 3 से 6 वर्ष के बच्चों के समग्र विकास का मंत्र दिया। उन्होंने कहा कि खेल-आधारित शिक्षण ही बच्चों की सीखने की जिज्ञासा को बढ़ाता है। TLM और गतिविधि-आधारित शिक्षा से हम आंगनवाड़ी केंद्रों को बच्चों के लिए दूसरी पाठशाला बना सकते हैं। राजपूत ने कार्यकर्ताओं को सुरक्षित, स्वच्छ और प्रेरक शिक्षण वातावरण तैयार करने, TLM के रचनात्मक उपयोग और हर बच्चे पर व्यक्तिगत ध्यान देने के व्यावहारिक टिप्स भी दिए।
उनकी मेहनत और मार्गदर्शन से प्रशिक्षण अत्यंत प्रभावी और रोचक बन गया।कार्यक्रम में ग्राम पंचायत सरपंच रईस मंसूरी विशेष रूप से उपस्थित रहे। जनप्रतिनिधियों ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के समर्पण भाव की मुक्त कंठ से प्रशंसा की और कहा कि गांव के स्तर पर बच्चों की नींव मजबूत करने का काम आंगनवाड़ी कार्यकर्ताएं ही कर रही हैं। सरपंच ने कहा कि सरकार की मंशा और कार्यकर्ताओं की मेहनत से ही मिशन नींव सफल होगा और हमारे गांव का हर बच्चा शिक्षित व संस्कारित बनेगा।
प्रशिक्षण के समापन पर जिले में अनुकरणीय कार्य करने वाली आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित किया गया। सम्मान पाकर कार्यकर्ताओं का उत्साह दोगुना हो गया।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताएं उपस्थित रहीं। सभी ने प्रशिक्षण को अपने कार्य में मील का पत्थर बताया।
यह 3 से 6 वर्ष के बच्चों को खेल, गीत, कहानी और गतिविधियों के माध्यम से स्कूल पूर्व शिक्षा देने का राज्य स्तरीय अभियान है। इसका उद्देश्य आंगनवाड़ी केंद्रों को प्री-स्कूल के रूप में विकसित करना है।
