CM Mohan Yadav: A+ नोटशीट वाले लंबित तबादला आदेशों पर सख्त रुख, रात 8 बजे तक जारी करने के निर्देश
मध्यप्रदेश में प्रशासनिक कामकाज को गति देने और लंबित फाइलों के त्वरित निपटारे को लेकर CM डॉ. मोहन यादव ने सख्त रुख अपनाया है। शुक्रवार को हुई एक उच्चस्तरीय बैठक में मुख्यमंत्री ने A+ कैटेगरी की नोटशीट से जुड़े लंबित तबादला आदेशों पर नाराजगी जताई और स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी स्वीकृत प्रकरणों में आदेश आज रात 8 बजे तक हर हाल में जारी कर दिए जाएं।
CM ने बैठक के दौरान कहा कि राज्य सरकार की प्राथमिकता स्पष्ट है—जिन मामलों को A+ श्रेणी में मंजूरी मिल चुकी है, उन्हें अनावश्यक रूप से लंबित रखना किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि अब इस तरह की देरी या लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
A+ कैटेगरी के मामलों में तेजी लाने के निर्देश
बैठक में प्रदेश के सभी विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने स्पष्ट किया कि A+ नोटशीट श्रेणी उन मामलों के लिए है जिन्हें सरकार ने अत्यंत महत्वपूर्ण और प्राथमिकता वाले कार्यों के रूप में चिन्हित किया है। ऐसे में इन प्रकरणों का समय पर निपटारा प्रशासनिक दक्षता और सरकार की कार्यशैली की विश्वसनीयता के लिए बेहद जरूरी है।
उन्होंने कहा कि जिन ट्रांसफर आदेशों को मंजूरी मिल चुकी है, उन्हें अनावश्यक कारणों से रोकना उचित नहीं है। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि सभी विभाग अपने स्तर पर लंबित फाइलों की समीक्षा कर तत्काल आदेश जारी करें।
पहले ही तय थी 1 जून की समयसीमा
CM ने बैठक में यह भी याद दिलाया कि राज्य सरकार ने 20 मई को कैबिनेट बैठक में नई तबादला नीति को मंजूरी दी थी। इस नीति के तहत A+ कैटेगरी के सभी लंबित तबादला प्रकरणों का निपटारा 31 मई तक पूरा किया जाना था, ताकि 1 जून से आदेश प्रभावी रूप से जारी किए जा सकें।
हालांकि, समीक्षा के दौरान यह सामने आया कि कई विभागों ने अब तक इन निर्देशों का पूरी तरह पालन नहीं किया है और कई मामले अभी भी लंबित पड़े हैं। इसी पर मुख्यमंत्री ने असंतोष व्यक्त करते हुए तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए।
प्रशासनिक लापरवाही पर सख्त संदेश
CM मोहन यादव ने साफ कहा कि सरकार की मंशा प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सरल, तेज और पारदर्शी बनाने की है। ऐसे में किसी भी स्तर पर देरी या ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि समयबद्ध कामकाज ही सरकार की प्राथमिकता है और इसमें किसी भी तरह की कोताही पर जवाबदेही तय की जाएगी।
उन्होंने कहा कि जनता से जुड़े मामलों और प्रशासनिक निर्णयों में तेजी लाना सरकार की प्रतिबद्धता है और इसके लिए सभी विभागों को सक्रिय भूमिका निभानी होगी।
सभी विभागों को अलर्ट मोड में रहने के निर्देश
CM ने बैठक के अंत में सभी विभागीय प्रमुखों को निर्देशित किया कि वे अपने-अपने स्तर पर लंबित फाइलों की तत्काल समीक्षा करें और सुनिश्चित करें कि सभी A+ श्रेणी के स्वीकृत तबादला आदेश निर्धारित समय सीमा के भीतर जारी हो जाएं।
उन्होंने कहा कि यह केवल एक प्रशासनिक प्रक्रिया नहीं है, बल्कि सरकार की कार्यप्रणाली और जवाबदेही का भी प्रश्न है। इसलिए इसमें किसी भी प्रकार की देरी को गंभीरता से लिया जाएगा।
सरकार की मंशा- तेज और पारदर्शी प्रशासन
राज्य सरकार का उद्देश्य प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाना है। इसी क्रम में CM लगातार विभागों की समीक्षा कर रहे हैं और लंबित मामलों के त्वरित निराकरण पर जोर दे रहे हैं। A+ नोटशीट से जुड़े मामलों को प्राथमिकता देकर सरकार यह संदेश देना चाहती है कि अब निर्णय प्रक्रिया में तेजी और स्पष्टता सर्वोच्च प्राथमिकता है।
CM के इस निर्देश के बाद सभी विभागों में हलचल तेज हो गई है और देर शाम तक ट्रांसफर आदेश जारी होने की संभावना जताई जा रही है।
