विश्व हिंदू परिषद दुर्गावाहिनी द्वारा भव्य शस्त्र एवं आत्मरक्षा प्रशिक्षण शिविर का आयोजन
जिला नागदा (मालवा प्रांत)
Nagda : भारत की महान सनातन संस्कृति में नारी को शक्ति, साहस, त्याग और संस्कार का स्वरूप माना गया है। हमारी परंपरा में मां दुर्गा, मां भवानी, मां काली और मां चामुंडा जैसी देवियों को केवल पूजनीय ही नहीं बल्कि अन्याय और अधर्म के विरुद्ध संघर्ष करने वाली शक्ति के रूप में भी स्मरण किया जाता है। आज के समय में जब समाज अनेक चुनौतियों का सामना कर रहा है, तब महिलाओं और बालिकाओं का शारीरिक, मानसिक एवं आत्मिक रूप से सशक्त होना अत्यंत आवश्यक हो गया है।
इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए विश्व हिंदू परिषद दुर्गावाहिनी, जिला नागदा (मालवा प्रांत) द्वारा एक विशेष एवं भव्य 10 दिवसीय शस्त्र एवं आत्मरक्षा प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया जा रहा है। यह शिविर विशेष रूप से उन बहनों और युवतियों के लिए आयोजित किया जा रहा है जो स्वयं को आत्मनिर्भर, आत्मविश्वासी एवं सशक्त बनाना चाहती हैं तथा राष्ट्र और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझते हुए एक सकारात्मक भूमिका निभाना चाहती हैं।
दुर्गावाहिनी का यह प्रशिक्षण शिविर केवल शारीरिक प्रशिक्षण तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य प्रतिभागियों के व्यक्तित्व का सर्वांगीण विकास करना भी है। शिविर के दौरान बहनों को अनुशासन, संगठन, नेतृत्व क्षमता, आत्मविश्वास, सामाजिक जागरूकता तथा राष्ट्रभक्ति जैसे महत्वपूर्ण विषयों की भी जानकारी प्रदान की जाएगी।
शिविर की विशेषताएं
10 दिवसीय शस्त्र प्रशिक्षण
इस विशेष प्रशिक्षण में प्रतिभागियों को विभिन्न प्रकार के पारंपरिक एवं प्रशिक्षण हेतु उपयोग किए जाने वाले शस्त्रों की मूलभूत जानकारी प्रदान की जाएगी। प्रशिक्षित मार्गदर्शकों के निर्देशन में बहनों को शस्त्र संचालन की तकनीकों, सावधानियों एवं आत्मरक्षा में उनके उपयोग के बारे में बताया जाएगा। इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य युवतियों में साहस, आत्मविश्वास और संकट की परिस्थितियों का सामना करने की क्षमता विकसित करना है।
आत्मरक्षा प्रशिक्षण
आज के समय में आत्मरक्षा प्रत्येक महिला के लिए अत्यंत आवश्यक कौशल बन चुका है। शिविर में विशेषज्ञ प्रशिक्षकों द्वारा विभिन्न आत्मरक्षा तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसमें अचानक होने वाली परिस्थितियों में स्वयं को सुरक्षित रखने, मानसिक संतुलन बनाए रखने तथा आवश्यक प्रतिक्रिया देने के व्यावहारिक उपाय सिखाए जाएंगे। यह प्रशिक्षण प्रतिभागियों को आत्मविश्वास प्रदान करेगा और उन्हें अपने दैनिक जीवन में अधिक सुरक्षित महसूस करने में सहायता करेगा।
शारीरिक एवं मानसिक सुदृढ़ता
शिविर के दौरान नियमित व्यायाम, योग एवं अन्य गतिविधियों के माध्यम से शारीरिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाने पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। साथ ही मानसिक दृढ़ता, सकारात्मक सोच और आत्मबल के विकास के लिए प्रेरणादायक सत्र भी आयोजित किए जाएंगे।
राष्ट्रभक्ति एवं सांस्कृतिक जागरण
दुर्गावाहिनी का उद्देश्य केवल प्रशिक्षण देना नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, परंपराओं और राष्ट्रभक्ति की भावना को भी मजबूत करना है। शिविर के दौरान विभिन्न प्रेरणादायक प्रसंगों, महापुरुषों के जीवन चरित्र तथा सांस्कृतिक विषयों पर चर्चा की जाएगी जिससे प्रतिभागियों में समाज और राष्ट्र के प्रति उत्तरदायित्व की भावना विकसित हो सके।
नेतृत्व एवं संगठन कौशल
शिविर में भाग लेने वाली बहनों को टीम भावना, नेतृत्व क्षमता, अनुशासन एवं संगठनात्मक कार्यों की भी जानकारी दी जाएगी। इससे वे समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए प्रभावी भूमिका निभा सकेंगी।

कार्यक्रम विवरण
दिनांक: 21 जून 2026 से 30 जून 2026 तक
समय: प्रतिदिन शाम 4:00 बजे से 6:00 बजे तक
स्थान: केशव गार्डन, राजा जन्मेजय हॉस्पिटल के सामने, कोटा फाटक, नागदा
कौन भाग ले सकता है?
यह शिविर विशेष रूप से बहनों एवं युवतियों के लिए आयोजित किया गया है। जो भी बहनें स्वयं को सशक्त बनाना चाहती हैं, आत्मरक्षा के गुर सीखना चाहती हैं तथा अपने व्यक्तित्व का विकास करना चाहती हैं, वे इस प्रशिक्षण शिविर में भाग ले सकती हैं।
चाहे आप छात्रा हों, गृहिणी हों, नौकरीपेशा हों या किसी अन्य क्षेत्र से जुड़ी हों, यह प्रशिक्षण आपके लिए उपयोगी सिद्ध हो सकता है। शिविर में भाग लेकर आप नई ऊर्जा, आत्मविश्वास और जीवन में आगे बढ़ने की प्रेरणा प्राप्त कर सकेंगी।
शिविर का उद्देश्य
- महिलाओं एवं युवतियों को आत्मरक्षा के प्रति जागरूक बनाना।
- आत्मविश्वास और साहस का विकास करना।
- अनुशासन एवं नेतृत्व क्षमता को प्रोत्साहित करना।
- राष्ट्र एवं समाज के प्रति कर्तव्यबोध उत्पन्न करना।
- भारतीय संस्कृति एवं परंपराओं के प्रति गौरव की भावना विकसित करना।
- शारीरिक एवं मानसिक रूप से सशक्त समाज का निर्माण करना।
पंजीकरण हेतु विशेष सूचना
जो भी बहनें इस विशेष प्रशिक्षण शिविर का लाभ उठाना चाहती हैं, उनसे अनुरोध है कि वे शीघ्र अपना पंजीकरण सुनिश्चित करें। सीमित स्थान होने के कारण पहले पंजीकरण कराने वाली बहनों को प्राथमिकता दी जाएगी।
पंजीकरण एवं अधिक जानकारी के लिए निम्न संपर्क सूत्र पर संपर्क करें:
संपर्क सूत्र: 6264767970
सभी बहनों से विशेष आग्रह
आइए, हम सभी मिलकर एक ऐसे समाज के निर्माण का संकल्प लें जहाँ प्रत्येक नारी आत्मविश्वासी, सुरक्षित, सक्षम और सशक्त हो। यह शिविर केवल प्रशिक्षण का अवसर नहीं है, बल्कि स्वयं को पहचानने, अपनी क्षमताओं को विकसित करने और समाज में सकारात्मक योगदान देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
यदि आप अपने भीतर छिपी शक्ति को जागृत करना चाहती हैं, अपने आत्मविश्वास को नई ऊंचाइयों तक ले जाना चाहती हैं और आत्मरक्षा के महत्वपूर्ण कौशल सीखना चाहती हैं, तो इस शिविर में अवश्य सहभागी बनें।
विश्व हिंदू परिषद दुर्गावाहिनी आप सभी बहनों का हार्दिक स्वागत करती है और आशा करती है कि अधिक से अधिक संख्या में बहनें इस प्रशिक्षण शिविर में भाग लेकर इसका लाभ प्राप्त करेंगी।
जय माता दी
जय श्री राम
निवेदक:
विश्व हिंदू परिषद दुर्गावाहिनी, नागदा
रिपोर्ट:
जीवनलाल जैन
📞 9179662633
