खाचरौद नगर में वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की प्रतिमा स्थापना की मांग तेज, अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा ने सौंपा ज्ञापन
महाराणा प्रताप की प्रतिमा स्थापना को लेकर प्रतिनिधिमंडल ने नगर पालिका अध्यक्ष से की मुलाकात
खाचरौद नगर में वीरता, स्वाभिमान और राष्ट्रभक्ति के प्रतीक वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की प्रतिमा स्थापित किए जाने की मांग को लेकर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के प्रतिनिधिमंडल ने नगर पालिका अध्यक्ष गोविंद जी भरावा से भेंट कर एक ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधिमंडल ने नगर के प्रमुख सार्वजनिक स्थल पर महाराणा प्रताप की भव्य प्रतिमा शीघ्र स्थापित करने की मांग करते हुए कहा कि यह केवल एक प्रतिमा स्थापना का विषय नहीं है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को राष्ट्र गौरव, त्याग और स्वाभिमान की प्रेरणा देने का महत्वपूर्ण प्रयास है।
इस अवसर पर जनपद पंचायत अध्यक्ष पृथ्वीराज सिंह भुवासा भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने भी प्रतिनिधिमंडल की मांग का समर्थन करते हुए कहा कि महाराणा प्रताप का जीवन देशभक्ति, संघर्ष और आत्मसम्मान की सर्वोच्च मिसाल है तथा उनकी प्रतिमा स्थापित होने से क्षेत्र के युवाओं को प्रेरणा मिलेगी।
राष्ट्रीय अध्यक्ष ठाकुर भेरूसिंह चौहान के नेतृत्व में सौंपा गया ज्ञापन
अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ठाकुर भेरूसिंह चौहान के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने नगर पालिका अध्यक्ष को ज्ञापन सौंपते हुए मांग की कि खाचरौद नगर में वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की प्रतिमा अतिशीघ्र स्थापित की जाए। उन्होंने कहा कि महाराणा प्रताप भारतीय इतिहास के ऐसे महानायक हैं जिनके संघर्ष, साहस और राष्ट्रप्रेम को आज भी पूरे देश में श्रद्धा और सम्मान के साथ स्मरण किया जाता है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष ठाकुर भेरूसिंह चौहान ने कहा कि महाराणा प्रताप ने विपरीत परिस्थितियों में भी कभी अपने स्वाभिमान से समझौता नहीं किया। उनका जीवन आज भी युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है। ऐसे महान योद्धा की प्रतिमा नगर में स्थापित होने से समाज में राष्ट्रभक्ति और सांस्कृतिक मूल्यों को बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने कहा कि खाचरौद नगर सहित पूरे क्षेत्र में लंबे समय से महाराणा प्रताप की प्रतिमा स्थापना की मांग उठती रही है। अब समय आ गया है कि इस मांग को मूर्त रूप दिया जाए और नगरवासियों की भावनाओं का सम्मान करते हुए शीघ्र कार्रवाई की जाए।
समाज और युवाओं के लिए प्रेरणा बनेगी प्रतिमा
प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने बताया कि महाराणा प्रताप केवल राजपूत समाज ही नहीं बल्कि सम्पूर्ण राष्ट्र के गौरव हैं। उनका जीवन संघर्ष, त्याग और मातृभूमि के प्रति समर्पण की अद्वितीय मिसाल है। आज के दौर में जब युवा पीढ़ी को सकारात्मक आदर्शों की आवश्यकता है, तब महाराणा प्रताप जैसी महान विभूतियों के जीवन से प्रेरणा लेना अत्यंत आवश्यक हो जाता है।
प्रतिनिधियों ने कहा कि प्रतिमा स्थापना से युवाओं को इतिहास की जानकारी मिलेगी तथा वे राष्ट्रहित और सामाजिक मूल्यों के प्रति अधिक जागरूक होंगे। यह प्रतिमा आने वाली पीढ़ियों को अपने गौरवशाली इतिहास से जोड़ने का कार्य करेगी।
नगर के गौरव और सांस्कृतिक पहचान को मिलेगा नया आयाम
ज्ञापन में उल्लेख किया गया कि खाचरौद नगर ऐतिहासिक और सांस्कृतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण क्षेत्र है। ऐसे में महाराणा प्रताप की प्रतिमा स्थापित होने से नगर की पहचान को नया आयाम मिलेगा। नगर में आने वाले लोगों को भी क्षेत्र की सांस्कृतिक विरासत और ऐतिहासिक महत्व का परिचय प्राप्त होगा।
प्रतिनिधिमंडल ने सुझाव दिया कि प्रतिमा को ऐसे स्थान पर स्थापित किया जाए जहां अधिक से अधिक लोग उसे देख सकें और महाराणा प्रताप के आदर्शों से प्रेरणा प्राप्त कर सकें। साथ ही प्रतिमा स्थल को आकर्षक एवं व्यवस्थित रूप से विकसित करने की भी मांग की गई।
नगर पालिका अध्यक्ष ने सकारात्मक आश्वासन दिया
नगर पालिका अध्यक्ष गोविंद जी भरावा ने प्रतिनिधिमंडल द्वारा प्रस्तुत ज्ञापन को गंभीरता से लेते हुए उनकी मांगों पर सकारात्मक विचार करने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि महाराणा प्रताप देश के महान योद्धा और प्रेरणास्रोत हैं तथा उनकी प्रतिमा स्थापना संबंधी प्रस्ताव पर आवश्यक प्रक्रिया के तहत विचार किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि जनभावनाओं का सम्मान करना नगर पालिका की प्राथमिकता है और इस संबंध में सभी आवश्यक पहलुओं पर चर्चा कर उचित निर्णय लिया जाएगा।
