Dewas Road Accident: देवास में भीषण हादसा, 2 सहायक सचिवों की मौत, 10 घायल
मध्य प्रदेश के Dewas जिले में हुआ भीषण सड़क हादसा पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख देने वाला है। इस दर्दनाक दुर्घटना में दो सहायक सचिवों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 10 अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी लोग भोपाल में आयोजित ग्राम रोजगार सहायकों के महासम्मेलन में शामिल होने के लिए जा रहे थे, लेकिन यह यात्रा एक भयावह हादसे में बदल गई।
यह घटना मंगलवार देर रात लगभग 2 बजे देवास के पास हुई, जब रतलाम से भोपाल की ओर जा रहे कर्मचारियों के वाहन को पीछे से एक तेज रफ्तार ट्रक ने जोरदार टक्कर मार दी।
महासम्मेलन में शामिल होने जा रहे थे सहायक सचिव
जानकारी के अनुसार, रतलाम जिले के ग्राम रोजगार सहायक और सहायक सचिव भोपाल में आयोजित एक बड़े महासम्मेलन में शामिल होने के लिए रवाना हुए थे। इस कार्यक्रम में प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव के भी शामिल होने की संभावना थी।
कुल 12 लोग एक ही वाहन, तूफान (SUV) में सवार होकर भोपाल के लिए निकले थे। सभी कर्मचारी उत्साह के साथ इस सम्मेलन में भाग लेने जा रहे थे, लेकिन देवास के पास यह उत्साह अचानक मातम में बदल गया।
कैसे हुआ हादसा: तेज रफ्तार ट्रक ने मारी टक्कर
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसा उस समय हुआ जब तूफान वाहन देवास क्षेत्र से गुजर रहा था। उसी दौरान पीछे से आ रहे एक तेज रफ्तार ट्रक ने वाहन को जोरदार टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी भीषण थी कि SUV बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उसमें बैठे लोग बुरी तरह फंस गए। आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत बचाव कार्य शुरू किया और पुलिस को सूचना दी।
हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और स्थिति बेहद भयावह हो गई।
मौके पर दो की मौत, कई घायल
इस दर्दनाक दुर्घटना में दो सहायक सचिवों की मौके पर ही मौत हो गई। मृतकों की पहचान इस प्रकार की गई है:
- लखन, ग्राम करिया, सैलाना जनपद (रतलाम)
- हुर्जी मईड़ा, ग्राम कांगसी
दोनों की मौत से उनके परिवारों में गहरा शोक फैल गया है। सहकर्मियों के बीच भी यह खबर सदमे की तरह पहुंची।
10 लोग घायल, कई की हालत गंभीर
इस हादसे में कुल 10 लोग घायल हुए हैं। सभी घायलों को तुरंत देवास के अमलतास अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है।
डॉक्टरों के अनुसार:
- चौक सिंह डामर और प्यारेलाल खराड़ी की हालत नाजुक बनी हुई है
- कैलाश पारगी का हाथ टूट गया है
- बाकी घायलों की स्थिति फिलहाल खतरे से बाहर है
मेडिकल टीम लगातार घायलों की निगरानी कर रही है और गंभीर मरीजों को विशेष देखरेख में रखा गया है।
अस्पताल में अफरा-तफरी, परिजन पहुंचे
घटना की जानकारी मिलते ही घायलों के परिजन अस्पताल पहुंचने लगे। अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। कई लोग अपने साथियों की हालत जानने के लिए परेशान दिखे।
डॉक्टरों ने परिजनों को आश्वासन दिया है कि सभी घायलों का बेहतर इलाज किया जा रहा है और गंभीर मामलों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
प्रशासन तुरंत सक्रिय, जांच शुरू
हादसे की सूचना मिलते ही देवास पुलिस और जिला प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। दुर्घटना स्थल का निरीक्षण किया गया और प्रारंभिक जांच शुरू कर दी गई।
पुलिस के अनुसार, शुरुआती जांच में तेज रफ्तार और लापरवाही को हादसे का मुख्य कारण माना जा रहा है। हालांकि, पूरे मामले की विस्तृत जांच जारी है।
ट्रक चालक घटना के बाद फरार बताया जा रहा है, जिसकी तलाश की जा रही है।
रतलाम प्रशासन अलर्ट पर
घटना की गंभीरता को देखते हुए रतलाम जिला प्रशासन भी सक्रिय हो गया है। जनपद पंचायत सीईओ को तुरंत देवास भेजा गया है ताकि घायलों की स्थिति और प्रशासनिक सहायता पर नजर रखी जा सके।
प्रशासन लगातार देवास अस्पताल और स्थानीय अधिकारियों से संपर्क में है।
कार्यक्रम की यात्रा बनी दुखद हादसा
सभी कर्मचारी भोपाल में आयोजित महासम्मेलन में शामिल होने के लिए उत्साहित थे। यह कार्यक्रम ग्राम रोजगार सहायकों के लिए एक महत्वपूर्ण आयोजन माना जा रहा था।
लेकिन यह पूरी यात्रा एक दुखद घटना में बदल गई, जिसने न केवल परिवारों को बल्कि पूरे विभाग को झकझोर दिया है।
मृतकों के घरों में मातम, गांव में शोक
जैसे ही मृतकों की पहचान की पुष्टि हुई, उनके गांवों में मातम पसर गया। परिवार के लोग सदमे में हैं और पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है।
लोग इस हादसे को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बता रहे हैं और प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
सड़क सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
इस हादसे ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। तेज रफ्तार वाहन, लापरवाही से ड्राइविंग और हाईवे पर निगरानी की कमी ऐसे हादसों का कारण बनती है।
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि समय पर नियंत्रण और सख्त नियम लागू किए जाएं, तो ऐसे हादसों को काफी हद तक रोका जा सकता है।
निष्कर्ष
देवास का यह भीषण सड़क हादसा सिर्फ एक दुर्घटना नहीं, बल्कि कई परिवारों के लिए गहरा सदमा है। दो लोगों की मौत और 10 लोगों के घायल होने की यह घटना बेहद दर्दनाक है।
प्रशासन जांच में जुटा है और घायलों का इलाज जारी है। उम्मीद की जा रही है कि दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी और भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे।
