Indore की उड़ान ने बनाया नया इतिहास: वित्तीय वर्ष 2025-26 में 44 लाख से अधिक यात्री हुए सफर पर
इंदौर (Indore) के देवी अहिल्याबाई होलकर विमानतल ने एक बार फिर अपनी उड़ानों और यात्री संख्या के नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं। वित्तीय वर्ष 2025-26 में इंदौर एयरपोर्ट से 32,575 उड़ानों का संचालन किया गया, जिनमें कुल 44,57,659 यात्री सफर कर चुके हैं। पिछले वर्ष की तुलना में यह संख्या लगभग चार लाख से अधिक है, जो इंदौर की राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय उड़ान क्षमताओं में लगातार सुधार और विस्तार को दर्शाती है।
इस वित्तीय वर्ष में इंदौर एयरपोर्ट ने कई रिकॉर्ड तोड़े। मार्च 2026 में ही कुल 2,815 उड़ानों के माध्यम से 3,82,343 यात्रियों ने सफर किया, जो फरवरी की तुलना में लगभग 11 हजार अधिक है। वहीं, सर्वाधिक यात्री संख्या नवंबर 2025 में 4,23,010 दर्ज की गई। यह लगातार बढ़ती संख्या एयरपोर्ट के संचालन और यात्रियों की सुविधाओं में किए गए सुधार का परिणाम है।
16 घंटे के संचालन में भी अद्भुत सफलता
इंदौर एयरपोर्ट का यह रिकॉर्ड इसलिए भी विशेष है क्योंकि नवंबर 2024 से रनवे की रीकार्पेटिंग के चलते रात 10:30 बजे से सुबह 6:30 बजे तक एयरपोर्ट बंद रहता था। इसका मतलब यह था कि रोजाना केवल 16 घंटे का समय उड़ानों के संचालन के लिए उपलब्ध था। बावजूद इसके, एयरपोर्ट ने अपने संचालन में उत्कृष्टता दिखाते हुए सबसे अधिक यात्रियों और उड़ानों का रिकॉर्ड बनाया।
अब 24 घंटे खुला एयरपोर्ट, नई उड़ानों की संभावना
1 अप्रैल 2026 से एयरपोर्ट दोबारा 24 घंटे खुला है। इससे रात की नई उड़ानों का संचालन भी शुरू हुआ है। साथ ही, एयरपोर्ट की ओल्ड टर्मिनल बिल्डिंग को टर्मिनल 1 के रूप में तैयार किया गया है। आने वाले महीनों में इससे यात्रियों और उड़ानों की संख्या में और वृद्धि होने की संभावना है। एयरपोर्ट प्रवक्ता रामस्वरूप यादव के अनुसार, यह बदलाव इंदौर को अधिक व्यस्त हवाई मार्गों से जोड़ने में सहायक होगा और यात्री सुविधाओं को भी और बेहतर बनाएगा।
मासिक उड़ान और यात्री आंकड़े
वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्रत्येक महीने इंदौर एयरपोर्ट पर यात्री और उड़ानों का संचालन लगातार बढ़ता रहा। अप्रैल 2025 में 2,763 उड़ानों के माध्यम से 3,63,107 यात्रियों ने सफर किया। मई में 2,890 उड़ानों के जरिए 3,65,768 यात्री, जून में 2,712 उड़ानों से 3,67,664 यात्री, जुलाई में 2,711 उड़ानों से 3,58,809 यात्री, और अगस्त में 2,500 उड़ानों के माध्यम से 3,61,030 यात्रियों ने सफर किया।
सितंबर में उड़ानों की संख्या 2,393 रही और यात्रियों की संख्या 3,35,933 रही। अक्टूबर में 2,645 उड़ानों और 3,63,000 यात्री, नवंबर में 2,973 उड़ानों और 4,23,010 यात्री, दिसंबर में 2,649 उड़ानों और 3,68,460 यात्री, जनवरी 2026 में 2,882 उड़ानों और 3,97,098 यात्री, फरवरी में 2,642 उड़ानों और 3,71,437 यात्री और मार्च में 2,815 उड़ानों और 3,82,343 यात्री सफर कर चुके हैं।
Indore एयरपोर्ट की प्रगति और महत्व
इंदौर एयरपोर्ट का यह प्रदर्शन न केवल वित्तीय वर्ष की रिपोर्ट में दर्ज आंकड़ों से साबित होता है, बल्कि यह शहर और प्रदेश के लिए भी गर्व का विषय है। एयरपोर्ट की यह उपलब्धि मध्यप्रदेश को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय हवाई मार्गों से बेहतर जोड़ने की दिशा में अहम भूमिका निभाती है।
वित्तीय वर्ष 2025-26 में 32,575 उड़ानों का संचालन यह दर्शाता है कि एयरपोर्ट ने यात्री सुरक्षा, समयबद्ध उड़ान संचालन और आधुनिक सुविधाओं के क्षेत्र में उच्च मानक स्थापित किए हैं। इंदौर से नई एयरलाइंस की उड़ानों के शुरू होने और एयरपोर्ट सुविधाओं में सुधार के कारण आने वाले वर्ष में यह संख्या और बढ़ने की संभावना है।
यात्रियों और एयरपोर्ट कर्मचारियों की भूमिका
इस उपलब्धि के पीछे एयरपोर्ट प्रशासन, कर्मचारियों और संबंधित अधिकारियों की मेहनत स्पष्ट रूप से दिखाई देती है। 16 घंटे के सीमित संचालन में भी उच्च संख्या में यात्रियों को सुरक्षित और समय पर सेवाएं प्रदान करना आसान कार्य नहीं था। यह एयरपोर्ट की कार्यक्षमता, प्रबंधन क्षमता और तकनीकी सुधारों की सफलता को दर्शाता है।
आगे का दृष्टिकोण
आने वाले वित्तीय वर्षों में इंदौर एयरपोर्ट 50 लाख यात्रियों के आंकड़े को पार करने की उम्मीद कर रहा है। इसके लिए नई उड़ानों की शुरुआत, टर्मिनल 1 से उड़ानों का संचालन, 24 घंटे खुला एयरपोर्ट और बेहतर यात्री सुविधाएं प्रमुख पहल होंगी। एयरपोर्ट निदेशक सुनील मग्गीरवार के अनुसार, इन कदमों से इंदौर एयरपोर्ट न केवल मध्यप्रदेश बल्कि पूरे भारत में हवाई यातायात में एक महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में उभरेगा।
निष्कर्ष
वित्तीय वर्ष 2025-26 में इंदौर एयरपोर्ट ने अपने संचालन और यात्री संख्या में नया इतिहास रचा है। 44 लाख से अधिक यात्रियों ने सफर किया और 32,575 उड़ानों का संचालन हुआ। सीमित समय में भी यह उपलब्धि एयरपोर्ट की क्षमता और दक्षता का प्रमाण है। अब 24 घंटे खुला एयरपोर्ट, नई एयरलाइंस, और आधुनिक सुविधाएं आने वाले वर्षों में इस आंकड़े को और बढ़ाएंगी। इस प्रकार, इंदौर एयरपोर्ट न केवल मध्यप्रदेश बल्कि पूरे भारत में हवाई यात्रा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में अपनी पहचान मजबूत कर रहा है।
