जैन समाज चुनाव 2026 में अध्यक्ष पद हेतु 7 नामांकन दाखिल। सुशील पांड्या समेत प्रमुख उम्मीदवार मैदान में। जानें पूरा चुनाव कार्यक्रम, मतदान तिथि और प्रक्रिया।
राजेश जैन दद्दू
इंदौर
जैन समाज चुनाव 2026: सामाजिक संसद अध्यक्ष पद के लिए सात उम्मीदवार मैदान में
जैन समाज चुनाव 2026 को लेकर समाज में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। दिगंबर जैन समाज सामाजिक संसद के अध्यक्ष पद के लिए 15 मार्च 2026 को होने वाले चुनाव की नामांकन प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। कुल 7 उम्मीदवारों ने अपना नामांकन दाखिल किया है, जिससे मुकाबला रोचक हो गया है।
जैन समाज चुनाव 2026 की पृष्ठभूमि
जैन समाज चुनाव 2026 का उद्देश्य दिगंबर जैन समाज सामाजिक संसद के नए अध्यक्ष का चयन करना है। यह चुनाव समाज के प्रशासनिक, धार्मिक और सामाजिक निर्णयों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है।चुनाव की पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए मुख्य निर्वाचन अधिकारी एवं पूर्व न्यायाधीश नरेंद्र कुमार जैन की देखरेख में पूरी प्रक्रिया संचालित की जा रही है।
जैन समाज चुनाव 2026: सात उम्मीदवारों की सूची
इस बार कुल 7 प्रत्याशियों ने नामांकन दाखिल किया है:
- सुशील पांड्या
- दिलीप पाटनी
- आनंद गोधा
- आशीष जैन
- योगेश जैन
- बाहुबली जैन
- प्रिंसपाल टोंग्या
इन सभी उम्मीदवारों के बीच अध्यक्ष पद को लेकर कड़ा मुकाबला होने की संभावना है।
सुशील पांड्या की दमदार एंट्री
जैन समाज चुनाव 2026 में वरिष्ठ युवा समाजसेवी सुशील पांड्या ने सामाजिक सांसद कीर्ति स्तंभ की ओर से अपना नामांकन प्रस्तुत किया।नामांकन पत्र मुख्य निर्वाचन अधिकारी नरेंद्र कुमार जैन को सौंपा गया।
प्रस्तावक के रूप में:
- डॉ. जैनेंद्र जैन
- भूपेंद्र जैन
समर्थन में उपस्थित रहे:अमित कासलीवाल, एमके जैन, प्रतिपाल टोंगिया, राजेश डी जैन, राकेश विनायक, राजेंद्र सोनी आदि।सुशील पांड्या की सामाजिक सक्रियता और युवा नेतृत्व क्षमता उन्हें मजबूत दावेदार बना रही है।
जैन समाज चुनाव 2026: पूरा निर्वाचन कार्यक्रम
| कार्यक्रम | तिथि |
|---|---|
| अंतिम मतदाता सूची | 28 फरवरी 2026 |
| नामांकन जमा | 1–2 मार्च 2026 |
| नामांकन जांच | 3 मार्च 2026 |
| नाम वापसी | 5 मार्च 2026 |
| मतदान | 15 मार्च 2026 |
| मतगणना | 15 मार्च 2026, शाम 5 बजे |
मतदान स्थल की जानकारी
मतदान स्थल: उदासीन आश्रम
समय: सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक मतगणना उसी दिन शाम 5 बजे की जाएगी।
मतदाता सूची और आपत्तियां
जैन समाज चुनाव 2026 के लिए कुल 756 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे।
इनमें शामिल हैं:
- 132 जैन मंदिर
- विभिन्न जैन सामाजिक संगठन
कुल 30 दावे और आपत्तियां प्राप्त हुई थीं, जिनका निराकरण कर अंतिम सूची प्रकाशित की गई।चुनावी प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और शांतिपूर्ण बनाने पर विशेष ध्यान दिया गया है।
चुनाव क्यों है महत्वपूर्ण?
जैन समाज चुनाव 2026 केवल एक पद का चुनाव नहीं है, बल्कि समाज की दिशा तय करने वाला निर्णय है।
नए अध्यक्ष की भूमिका होगी:
- सामाजिक एकता को मजबूत करना
- धार्मिक गतिविधियों का समन्वय
- युवा नेतृत्व को प्रोत्साहन
- संगठनात्मक पारदर्शिता
समाज में उत्साह
जैन समाज चुनाव 2026 को लेकर समुदाय में सकारात्मक और ऊर्जावान वातावरण है।समाज के वरिष्ठ सदस्य इसे लोकतांत्रिक परंपरा का सशक्त उदाहरण मान रहे हैं। युवा वर्ग विशेष रूप से सक्रिय भूमिका निभा रहा है।
निष्कर्ष
जैन समाज चुनाव 2026 समाज के भविष्य की दिशा तय करेगा। सात नामांकन दाखिल होने से मुकाबला रोमांचक हो गया है।15 मार्च को होने वाले मतदान और शाम 5 बजे आने वाले परिणाम पर पूरे समाज की नजरें टिकी हैं।यह चुनाव पारदर्शिता, संगठनात्मक मजबूती और सामाजिक एकता का प्रतीक बनने जा रहा है।
