दिगम्बर जैन सोशल ग्रुप फेडरेशन का 30वाँ राष्ट्रीय अधिवेशन: 12 अप्रैल 2026 को चाँदखेड़ी (राजस्थान) में आयोजित
जबलपुर/भोपाल। दिगम्बर Jain समाज के विभिन्न समूहों और संगठनों के समन्वय और सामूहिक प्रयासों को मजबूत करने के उद्देश्य से दिगम्बर जैन सोशल ग्रुप फेडरेशन अपने 30वें राष्ट्रीय अधिवेशन का आयोजन करने जा रहा है। यह महत्त्वपूर्ण आयोजन दिनांक 12 अप्रैल 2026 (रविवार) को श्री आदिनाथ दिगम्बर जैन अतिशय क्षेत्र, चाँदखेड़ी, राजस्थान में आयोजित किया जाएगा। यह अधिवेशन एक दिवसीय होगा और इसमें जैन समाज के विभिन्न हिस्सों से आए प्रतिनिधियों के बीच विचारों, अनुभवों और सामाजिक कार्यों के आदान-प्रदान का अवसर मिलेगा।
फेडरेशन के राष्ट्रीय महासचिव विनय जैन एवं राष्ट्रीय मीडिया संयोजक नितिन जैन ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि इस अधिवेशन में पूरे भारत के 350 से अधिक जैन सोशल ग्रुपों के अध्यक्ष, सचिव और कोषाध्यक्ष भाग लेंगे। यह आयोजन केवल पदाधिकारियों का मिलन ही नहीं बल्कि उनके बीच सामाजिक एवं धार्मिक समरसता को बढ़ावा देने का अवसर भी है। हर ग्रुप अपने वर्ष 2025 के अनुभव, उपलब्धियां और आगामी योजनाओं के साथ अधिवेशन में हिस्सा लेगा, जिससे समाज के सामूहिक विकास की दिशा में ठोस कदम उठाए जा सकें।
नितिन जैन ने बताया कि इस राष्ट्रीय अधिवेशन में फेडरेशन के सभी राष्ट्रीय पदाधिकारी सपत्नीक चाँदखेड़ी पहुंचेंगे और अधिवेशन को सफल बनाने में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएंगे। यह आयोजन जैन समाज के सभी वर्गों को एक मंच पर लाने का महत्वपूर्ण अवसर होगा, जिसमें युवा, वरिष्ठ सदस्य और विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक गतिविधियों से जुड़े लोग सम्मिलित होंगे। अधिवेशन में जैन समाज के समग्र विकास, सामाजिक न्याय, धर्म प्रचार, सेवा कार्य और संगठनात्मक संरचना को लेकर विभिन्न सत्र आयोजित किए जाएंगे।
राष्ट्रीय महासचिव विनय जैन ने इस अवसर पर कहा कि यह अधिवेशन केवल पारंपरिक समारोह नहीं बल्कि जैन समाज के युवाओं, महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों के लिए भी मार्गदर्शन और प्रेरणा का स्रोत होगा। इस अधिवेशन में आगामी वर्ष की योजनाओं, नए प्रकल्पों और सामाजिक सेवाओं के तहत किए जाने वाले कार्यों पर भी व्यापक चर्चा की जाएगी। यह मंच न केवल अनुभव साझा करने का है बल्कि नई सोच और सामूहिक निर्णय लेने का भी है, जो समाज की समग्र प्रगति में सहायक होगा।
फेडरेशन के पदाधिकारी समाज में एकता, अखंडता और पारस्परिक सहयोग के महत्व पर जोर देंगे। अधिवेशन के दौरान सामाजिक गतिविधियों, धार्मिक शिक्षाओं और जैन सिद्धांतों के प्रचार-प्रसार के लिए मार्गदर्शन सत्र आयोजित किए जाएंगे। विशेष रूप से अहिंसा, सत्य, अपरिग्रह और ब्रह्मचर्य जैसे जैन मूल्यों को जन-जन तक पहुँचाने और युवाओं को उनके प्रति संवेदनशील बनाने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
इस अधिवेशन में जैन समाज की विभिन्न शाखाओं और समूहों के अनुभवों को साझा किया जाएगा। इसमें शामिल प्रतिनिधि अपने क्षेत्रीय कार्यों, सामाजिक योगदान और धार्मिक गतिविधियों की जानकारी प्रस्तुत करेंगे। यह साझा अनुभव भविष्य की योजनाओं को आकार देने में सहायक होंगे। अधिवेशन का उद्देश्य जैन समाज में एकजुटता और सहयोग की भावना को बढ़ावा देना है।
नितिन जैन ने मीडिया को बताया कि अधिवेशन की रूपरेखा और विस्तृत कार्यक्रम शीघ्र ही सार्वजनिक किया जाएगा। कार्यक्रम में विभिन्न सत्र, विचार-विमर्श, प्रेरक भाषण, सम्मान समारोह और सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ शामिल होंगी। इसके अलावा, फेडरेशन के राष्ट्रीय पदाधिकारी अधिवेशन के दौरान समाज के युवाओं, महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों के सवालों और सुझावों का भी स्वागत करेंगे।
अधिवेशन में भाग लेने वाले प्रत्येक समूह और उनके पदाधिकारी अपनी सक्रिय भागीदारी से समाज में सुधार और सेवा कार्यों की दिशा में योगदान देंगे। यह मंच न केवल जैन समाज के लिए बल्कि समग्र सामाजिक और सांस्कृतिक गतिविधियों के लिए भी मार्गदर्शक साबित होगा। इस अवसर पर समुदाय के वरिष्ठ सदस्यों द्वारा अपने अनुभव और सुझाव साझा किए जाएंगे, जो आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत होंगे।
फेडरेशन की यह पहल जैन समाज के अंदर संवाद, सहयोग और नेतृत्व कौशल को विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। राष्ट्रीय अधिवेशन के माध्यम से समाज में नई योजनाओं और परियोजनाओं की शुरुआत होगी, जिनका उद्देश्य शिक्षा, स्वास्थ्य, सामाजिक न्याय और धार्मिक जागरूकता को बढ़ावा देना है।
राष्ट्रीय महासचिव विनय जैन ने सभी जैन समाज के सदस्यों से अपील की है कि वे इस अधिवेशन में बढ़-चढ़कर भाग लें और इसे सफल बनाने में योगदान दें। यह अवसर समाज को एकजुट करने, नई दिशा देने और जैन मूल्यों के प्रचार-प्रसार के लिए अनूठा है। अधिवेशन में शामिल होने वाले प्रतिनिधियों का स्वागत सम्मानपूर्वक किया जाएगा और उन्हें समाज के विकास में अपनी जिम्मेदारियों का एहसास दिलाया जाएगा।
नितिन जैन ने अंत में कहा कि “यह अधिवेशन जैन समाज के युवाओं और वरिष्ठ सदस्यों के लिए सीखने, अनुभव साझा करने और भविष्य के सामाजिक एवं धार्मिक कार्यों की योजना बनाने का आदर्श मंच है। हम सभी उपस्थित सदस्यों से अपेक्षा रखते हैं कि वे एकजुट होकर इस महोत्सव को सफल बनाएँ और जैन धर्म के सिद्धांतों का पालन करते हुए समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का संकल्प लें।”
इस प्रकार, 12 अप्रैल 2026 को चाँदखेड़ी, राजस्थान में होने वाला यह अधिवेशन न केवल जैन समाज के अंदर संगठनात्मक मजबूती और सहयोग की भावना को बढ़ाएगा, बल्कि यह समाज की सांस्कृतिक, धार्मिक और सामाजिक जागरूकता को भी प्रोत्साहित करेगा।
सादर,
नितिन जैन
राष्ट्रीय मीडिया संयोजक
दिगम्बर जैन सोशल ग्रुप फेडरेशन
