नागदा मिर्ची बाजार पानी टंकी ध्वस्तीकरण को लेकर कलेक्टर ने आदेश जारी किए। नपाध्यक्ष संतोष ओपी गेहलोत की निर्णायक पहल से टला बड़ा हादसा, जानिए पूरी रिपोर्ट।
संवाददाता जीवनलाल जैन नागदा की रिपोर्ट
नागदा मिर्ची बाजार पानी टंकी ध्वस्तीकरण: जनसुरक्षा की दिशा में ऐतिहासिक फैसला
नागदा नगर के मिर्ची बाजार (जन्मेजय मार्ग) स्थित वर्षों पुरानी जर्जर पानी की टंकी को लेकर चला आ रहा खतरा अब समाप्ति की ओर है। नागदा मिर्ची बाजार पानी टंकी ध्वस्तीकरण के लिए उज्जैन कलेक्टर द्वारा आदेश जारी होने के बाद नगर में राहत का माहौल है।
नगरपालिका अध्यक्ष श्रीमती संतोष ओ पी गेहलोत की दृढ़ इच्छाशक्ति और निरंतर प्रयासों के परिणामस्वरूप यह निर्णय संभव हो सका, जिसे नगर की सुरक्षा के लिहाज से एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
जर्जर पानी टंकी: हादसे को दे रही थी खुली चुनौती
मिर्ची बाजार की यह पानी टंकी लंबे समय से अत्यंत जर्जर अवस्था में थी।
स्थानीय नागरिकों, व्यापारियों और पास ही स्थित नगरपालिका कार्यालय के कर्मचारियों में हर समय भय बना रहता था कि कहीं कोई बड़ा हादसा न हो जाए।
पूर्व में टंकी के कुछ हिस्से गिर चुके थे, जिससे:
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नगरपालिका वाहन क्षतिग्रस्त हुआ
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आमजन में दहशत फैली
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प्रशासन पर दबाव बढ़ा
PWD की तकनीकी रिपोर्ट ने खोली पोल
लोक निर्माण विभाग (PWD), उज्जैन द्वारा की गई तकनीकी जांच में इस टंकी को:
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अनुपयोगी
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अत्यंत खतरनाक
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तत्काल ध्वस्तीकरण योग्य
घोषित किया गया।
रिपोर्ट में स्पष्ट उल्लेख था कि टंकी का ढांचा किसी भी समय गिर सकता है।
राजनीतिक गतिरोध पर भारी पड़ा जनहित
नगर परिषद की पिछली तीन बैठकों में नपाध्यक्ष द्वारा ध्वस्तीकरण प्रस्ताव रखा गया, लेकिन:
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कुछ पार्षदों की आपत्तियाँ
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राजनीतिक खींचतान
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निर्णय में अनावश्यक देरी
होती रही।
नपाध्यक्ष संतोष ओ पी गेहलोत की निर्णायक पहल
जनसुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए नपाध्यक्ष श्रीमती संतोष ओ पी गेहलोत ने:
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जिला प्रशासन को पत्र लिखे
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विधायक डॉ. तेजबहादुर सिंह चौहान को अवगत कराया
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सांसद माननीय अनिल फिरोजिया के समक्ष मुद्दा रखा
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‘दिशा’ बैठक में कलेक्टर को व्यक्तिगत रूप से स्थिति समझाई
जिसका परिणाम यह रहा कि कलेक्टर कार्यालय से आदेश पत्र क्रमांक 528/सा.-2/2025 जारी हुआ।
कलेक्टर के आदेश के बाद एक्शन मोड में प्रशासन
आदेश मिलते ही:
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ध्वस्तीकरण हेतु विधिवत टेंडर जारी
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टेंडर पोर्टल पर अपलोड
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सुरक्षा शर्तों को अनिवार्य किया गया
घनी आबादी को देखते हुए टेंडर में स्पष्ट निर्देश हैं कि:
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कोई जनहानि न हो
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आसपास की संपत्ति सुरक्षित रहे
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आधुनिक तकनीक का उपयोग किया जाए
ध्वस्तीकरण के दौरान विशेष सुरक्षा इंतज़ाम
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बैरिकेडिंग
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ट्रैफिक डायवर्जन
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आपातकालीन टीम तैनात
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दिन के समय कार्य
यह सभी प्रावधान नगरवासियों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर किए जा रहे हैं।
नागरिकों की प्रतिक्रिया: राहत और संतोष
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि:
“यह टंकी वर्षों से डर का कारण बनी हुई थी। अब जाकर चैन की सांस ली है।”
व्यापारियों और कर्मचारियों ने नपाध्यक्ष के निर्णय को:
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साहसिक
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जनहितकारी
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प्रशंसनीय
बताया।
निष्कर्ष
नागदा मिर्ची बाजार पानी टंकी ध्वस्तीकरण केवल एक प्रशासनिक निर्णय नहीं, बल्कि जनसुरक्षा, जवाबदेही और दृढ़ नेतृत्व का उदाहरण है।
यह साबित करता है कि यदि नीयत साफ हो और उद्देश्य जनहित हो, तो हर बाधा को पार किया जा सकता है।

