नागदा।
गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर Jain सोशल ग्रुप नागदा द्वारा आयोजित विशेष देशभक्ति कार्यक्रम “एक शाम देश के नाम” ने पूरे नगर को राष्ट्रप्रेम और गौरव की भावना से भर दिया। 25 जनवरी की सायंकाल महिदपुर रोड स्थित ज्योति रिसोर्ट में आयोजित इस भव्य कार्यक्रम में देशभक्ति, सामाजिक समर्पण और सांस्कृतिक चेतना का अद्भुत संगम देखने को मिला। कार्यक्रम के दौरान “भारत माता की जय” और “वंदे मातरम्” के गगनभेदी नारों से वातावरण गुंजायमान हो उठा।
इस आयोजन का नेतृत्व Jain सोशल ग्रुप नागदा के अध्यक्ष धर्मेन्द्र बंम एवं सचिव प्रशांत नाहर ने किया। दोनों पदाधिकारियों के कुशल मार्गदर्शन में यह आयोजन न केवल सफल रहा, बल्कि समाज में राष्ट्रप्रेम की भावना को और अधिक सशक्त करने वाला सिद्ध हुआ।
गणतंत्र दिवस की भावना को समर्पित आयोजन
कार्यक्रम के संयोजक चन्द्रप्रकाश कांठेंड, राकेश ओरा (नूतन स्कूल) एवं नीरज जैन ने संयुक्त रूप से जानकारी देते हुए बताया कि “एक शाम देश के नाम” कार्यक्रम का उद्देश्य गणतंत्र दिवस की भावना को जन-जन तक पहुंचाना तथा देश के लिए बलिदान देने वाले वीरों को सम्मानित करना था। उन्होंने बताया कि जैन सोशल ग्रुप नागदा निरंतर सामाजिक, धार्मिक एवं राष्ट्रहित के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाता आ रहा है।
विशिष्ट अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति
इस अवसर पर कार्यक्रम के मुख्य अतिथि ग्रामीण भाजपा जिला अध्यक्ष राजेश धाकड़, वरिष्ठ समाजसेवी रवि कांठेड़ एवं जैन सोशल ग्रुप मध्यप्रदेश रीजन के उपाध्यक्ष शरद Jain उपस्थित रहे। अतिथियों का पारंपरिक तरीके से स्वागत किया गया। मंच से सभी अतिथियों ने अपने उद्बोधन में देशभक्ति, सामाजिक एकता और युवाओं में राष्ट्रप्रेम जागृत करने की आवश्यकता पर बल दिया।
शहीद परिवारों एवं सैनिकों का सम्मान
कार्यक्रम का सबसे भावनात्मक क्षण तब आया जब मंच से शहीद परिवारों एवं सैनिकों का सम्मान किया गया। अतिथियों के करकमलों से सम्मान प्राप्त करते समय उपस्थित जनसमूह ने तालियों के माध्यम से अपने सम्मान और कृतज्ञता का भाव प्रकट किया। इस सम्मान समारोह ने यह संदेश दिया कि समाज अपने वीर सपूतों और उनके परिवारों के त्याग को कभी नहीं भूल सकता।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां
कार्यक्रम के दौरान बच्चों, महिलाओं एवं वरिष्ठ सदस्यों द्वारा प्रस्तुत देशभक्ति गीत, नृत्य और कविताओं ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। मंच से प्रस्तुत प्रत्येक कार्यक्रम में राष्ट्र के प्रति समर्पण, शौर्य और बलिदान की भावना स्पष्ट झलक रही थी। देशभक्ति गीतों पर उपस्थित दर्शक भाव-विभोर हो उठे और कई बार पूरा सभागार तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।
समाज के पदाधिकारियों का विशेष सम्मान
कार्यक्रम के दौरान Jain सोशल ग्रुप नागदा के पूर्व अध्यक्ष श्रेणीक बंम को जैन सोशल ग्रुप मध्यप्रदेश रीजन में संस्कार निर्माण कमेटी के कन्वीनर पद पर मनोनीत होने पर विशेष रूप से सम्मानित किया गया। इसके साथ ही ब्राह्मी बहु मंडल एवं आदर्श श्राविका मंडल के नव-नियुक्त अध्यक्ष एवं सचिव का भी जैन सोशल ग्रुप नागदा की ओर से सम्मान कर उनके उज्ज्वल कार्यकाल की शुभकामनाएं दी गईं।

मनोरंजन गतिविधियों ने बढ़ाया उत्साह
कार्यक्रम से पूर्व हाउजी एवं विभिन्न मनोरंजन खेलों का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में सदस्यों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इन गतिविधियों ने आयोजन को और अधिक रोचक बना दिया तथा सभी आयु वर्ग के लोगों की सहभागिता सुनिश्चित की। पूरे कार्यक्रम का कुशल संचालन श्रेष्ठ मंच संचालक अरविंद नाहर द्वारा किया गया, जिन्होंने अपनी ओजपूर्ण शैली से मंच को जीवंत बनाए रखा।
आभार प्रदर्शन और सफल समापन
कार्यक्रम के अंत में ग्रुप सचिव प्रशांत नाहर ने सभी अतिथियों, कलाकारों, आयोजकों एवं उपस्थित सदस्यों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के आयोजन समाज में राष्ट्रप्रेम और एकता की भावना को मजबूत करते हैं तथा भविष्य में भी जैन सोशल ग्रुप नागदा ऐसे आयोजनों के माध्यम से समाज और देश के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन करता रहेगा।
बड़ी संख्या में समाजजन रहे उपस्थित
इस गरिमामयी आयोजन में राजेन्द्र कांठेड़, एस.एम. सिसौदिया, सुभाष बाफना, कमल जैन, श्रेणीक बंम, निलेश चौधरी, मुकेश धोका, सुरेन्द्र कांकरिया, राजेश सकलेचा, हितेष कांठेड़, अमित बंम, रवि संघवी, राजा कर्नावट, सिद्धार्थ कांठेड़, सुरेश नाहटा, आशीष पोखरना, डॉ. विपिन वागरेचा, ब्रजेश बोहरा, कुशल भंसाली, पंकज पावेचा, साधना जैन, मनीषा गांग, डॉ. नितिशा वागरेचा, शर्मिला बंम, प्रतिभा ओरा, अतिका चपलोत, दीपक गांग, मनोज गांग, सचिन सकलेचा, संदीप चपलोत, अर्पित सिसौदिया सहित अनेक गणमान्य नागरिकों ने अपनी उपस्थिति से कार्यक्रम को गौरवान्वित किया।
कार्यक्रम का समापन राष्ट्रभक्ति के संदेश और देश के प्रति समर्पण की भावना के साथ हुआ। “एक शाम देश के नाम” आयोजन ने यह सिद्ध कर दिया कि सामाजिक संगठन यदि संकल्प लें, तो वे समाज के साथ-साथ राष्ट्र निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
